मोहाली के नशा मुक्ति केंद्र में हंगामा, 40 मरीजों ने की भागने की कोशिश, स्टाफ ने बताया जान का खतरा, पुलिस सुरक्षा बढ़ाई़
मोहाली के सेक्टर-66 स्थित सरकारी नशा मुक्ति केंद्र में 40 मरीजों ने भागने की कोशिश की, जिससे हंगामा हुआ। वे सफल नहीं हो पाए। स्टाफ की सुरक्षा चिंताओं ...और पढ़ें

सेक्टर-66 में स्थित सरकारी नशा छुड़ाऊ केंद्र से भागने का प्रयास करते मरीज।
HighLights
स्टाफ ने सुरक्षा बढ़ाने की मांग।
अब छह पुलिसकर्मी तैनात होंगे।
तीन सुबह और तीन शाम की शिफ्ट में ड्यूटी देंगे।
जागरण संवाददाता, मोहाली। सेक्टर-66 में स्थित सरकारी नशा मुक्ति केंद्र में करीब 40 मरीजों ने भागने का प्रयास किया। खूब हंगामा हुआ, लेकिन मरीज भागने में कामयाब नहीं हो पाए। वहीं, सुरक्षा के लिहाज से अब केंद्र में छह पुलिस कर्मी तैनात किए जाएंगे।
तीन सुबह और तीन शाम की शिफ्ट में ड्यूटी देंगे। पहले केवल एक-एक मुलाजिम ही सुबह-शाम की शिफ्ट में तैनात था।
सुरक्षा बढ़ाने का यह निर्णय मरीजों के हंगामे के बाद जान का खतरा बताते हुए धरने पर बैठे स्टाफ की मांग पर लिया गया है।
स्टाफ का कहना है कि नशा मुक्ति केंद्र में पहले अपनी इच्छा से नशा छोड़ने के लिए मरीज भर्ती होते थे और उन्हें दवा देकर उनका इलाज किया जाता था। अब मरीजों को पुलिस ने जबरन पकड़ कर यहां पर रखा है।
डीएसपी सिटी-2 हरसिमरन सिंह बल और थाना फेज-11 के एसएचओ अमन बैदवान मौके पर पहुंचे और स्टाफ से बातचीत कर उनकी मांगों को सुना।
डीएसपी बल ने स्टाफ को आश्वासन दिया कि स्टाफ की सुरक्षा पुलिस के पहल के आधार पर है। इसलिए अब से नशा मुक्ति केंद्र में 6 पुलिस कर्मी तैनात किए जाएंगे।
दो बार भाग चुके मरीज, एक बार सिक्योरिटी गार्ड पर जानलेवा हमला
- जून 2025 में एक रात शहर में काफी तेज आंधी तूफान आया था। आधे से ज्यादा शहर में ब्लैक आउट हो गया था। इसका फायदा उठा कर नशा छुड़ाऊ केंद्र के 23 मरीज खिड़की तोड़ कर वहां से फरार हो गए थे।
- दो महीने पहले तीन मरीजों ने वहां से भागने का प्रयास किया था, लेकिन उस समय सिक्योरिटी गार्ड्स द्वारा उन्हें काबू कर लिया गया था।
- सिंतबर 2025 में दो मरीजों ने पहले सिक्योरिटी गार्ड्स को थप्पड़ मारे और उसके बाद उनके बाकी साथियों ने भी मिलकर गार्ड्स पर जानलेवा हमला कर दिया।