Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Dec 04, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    सुखबीर बादल ने भगवंत मान को बताया तानाशाह, राजोआना से मिलने लिखित अनुमति लेकर जेल पहुंचे शिअद प्रतिनिधिमंडल को रोका

    By Jagran NewsEdited By: Nidhi Vinodiya
    Updated: Mon, 04 Dec 2023 04:41 PM (IST)

    सोमवार को शिरोमणि अकाली दल (Shiromani Akali dal) का एक प्रतिनिधिमंडल बलवंत सिंह राजोआना (Balwant Singh Raojana) से मिलने के लिए एडीजीपी (ADGP Jail) से ...और पढ़ें

    सुखबीर बादल ने भगवंत मान को बताया तानाशाह
    सुखबीर बादल ने भगवंत मान को बताया तानाशाह

    HighLights

    1. तानाशाह भगवंत मान का सिख विरोधी चेहरा है- बोले सुखबीर सिंह बादल
    2. भूख हड़ताल पर जाने के फैसले को वापस ले लें बलवंत सिंह राओजाना जी- बादल
    3. बलवंत सिंह राजोआना ने 5 दिसंबर से भूख हड़ताल पर जाने की बात कही थी।

    जागरण डिजिटल डेस्क, चंडीगढ़। सोमवार को शिरोमणि अकाली दल (Shiromani Akali dal) का एक प्रतिनिधिमंडल बलवंत सिंह राजोआना (Balwant Singh Raojana) से मिलने के लिए एडीजीपी (ADGP Jail) से लिखित अनुमति लेकर आज पटियाला जेल पहुंचा, लेकिन उन्हें भगवंत मान के आदेश पर जेल प्रशासन ने रोक दिया, जिनकी शिरोमणि अकाली दल अकाली दल आलोचना करता है। ये जानकारी शिअद प्रमुख सुखबीर सिंह बादल ने एक्स पर साझा की। 

    CM मान को बताया तानाशाह

    उन्होंने एक्स पर आगे लिखा कि यह आज के तानाशाह भगवंत मान के सिख विरोधी चेहरे को भी पूरी तरह से उजागर करता है। शिरोमणि अकाली दल इस तानाशाही सरकार की क्रूर चालों के आगे झुकने वाली नहीं है।

    बादल ने आगे लिखा कि मैं भाई बलवंत सिंह राजोआना जी से भी हाथ जोड़कर अपील करता हूं कि वह भूख हड़ताल पर जाने का अपना फैसला वापस ले लें, क्योंकि उनके फैसले से सिख समुदाय बहुत चिंतित है। मैं उन्हें विश्वास दिलाता हूं कि हम सभी पूरी दृढ़ता से उनके मामले की पैरवी कर रहे हैं, इसलिए उन्हें ऐसा कोई कदम नहीं उठाना चाहिए।

    5 दिसंबर को भूख हड़ताल पर जाने की कही थी बात

    मालूम हो कि बलवंत सिंह राजोआना ने 5 दिसंबर से भूख हड़ताल पर जाने की बात कही थी। इसपर शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी ने पटियाला जेल में नजरबंद राजोआना से 5 दिसंबर से भूख हड़ताल ना शुरू करने की अपील की थी। SGPC प्रधान एडवोकेट हरजिंदर सिंह धामी ने कहा था कि बंदी सिखों की रिहाई के लिए एसजीपीसी संजीदा है। 

    खबरें और भी