पाकिस्तान की शय पर हुआ अमृतसर थाने पर ग्रेनेड हमला, बम फेंकने वाले तीन आरोपित गिरफ्तार, दो फरीदकोट से पकड़े
अमृतसर के भिंडी सैदा थाने पर ग्रेनेड हमले में छह आरोपी गिरफ्तार हुए हैं। फरीदकोट से दो पकड़े गए। जांच में पाकिस्तान समर्थित नेटवर्क और विदेश बैठे संचा ...और पढ़ें

पुलिस की तरफ से जब्त किए गए हथियार।
HighLights
अमृतसर थाने पर ग्रेनेड हमले का खुलासा।
छह आरोपित गिरफ्तार, पाकिस्तान ISI से जुड़ाव।
आर्थिक लाभ के लालच में कट्टरपंथी बने।
देवानंद शर्मा, फरीदकोट। फरीदकोट और अमृतसर ग्रामीण पुलिस ने संयुक्त अभियान चलाकर भिंडी सैदा थाने में हुए ग्रेनेड हमले के मामले को सुलझाने में बड़ी सफलता हासिल की है। इस कार्रवाई के दौरान तीन और आरोपियों को पकड़ा गया है। इस मामले में अब कुल छह आरोपितों को गिरफ्तार किया गया है, जबकि उनके पास से दो पिस्तौलें भी बरामद की गई हैं।
पुलिस सूत्रों के अनुसार, फरीदकोट से बलजीत सिंह और प्रभ सिंह को गिरफ्तार किया गया है, जो इस साजिश में अहम भूमिका निभा रहे थे। जबकि एक अन्य भी अमृतसर पुलिस के हाथ लगा है। इस पूरे मामले को लेकर पंजाब पुलिस के उच्च अधिकारियों ने भी जानकारी साझा की है।
प्रारंभिक जांच में यह स्पष्ट हुआ है कि यह पूरा मॉड्यूल पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी आईएसआई के समर्थन से संचालित हो रहा था। आरोपी विदेश में बैठे एक पाकिस्तानी संचालक के संपर्क में थे, जो पंजाब में आतंकवादी गतिविधियों को दिशा दे रहा था।
यह भी पढ़ें- Live: कुछ देर में पंजाब विधानसभा में पेश होगा बेअदबी पर देश का सबसे सख्त कानून, उम्रकैद की सजा तक का है प्रावधान
रेकी के बाद थाने को बनाया निशाना
जांच के दौरान सामने आया है कि 29 और 30 मार्च 2026 की दरमियानी रात को आरोपितों ने पहले हथगोले हासिल किए, उसके बाद इलाके की रेकी की और फिर थाने को निशाना बनाकर हमला किया। पुलिस के अनुसार, इस मॉड्यूल के सदस्य धीरे-धीरे कट्टरपंथ की ओर बढ़ गए थे और उन्हें पुलिस थानों पर हमले के लिए उकसाया गया था। इसके बदले उन्हें भारी आर्थिक लाभ का लालच भी दिया गया था।
खबरें और भी
पुलिस ने बताया कि इस मामले में विस्फोटक पदार्थ अधिनियम, गैरकानूनी गतिविधियां निवारण कानून, भारतीय न्याय संहिता और शस्त्र अधिनियम की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है। जांच एजेंसियां अब इस नेटवर्क के अन्य सदस्यों और इसके पूरे तंत्र को उजागर करने में जुटी हैं।
यह भी पढ़ें- चंडीगढ़ वाले पंजाबी और हरियाणवियों से धनवान, हर व्यक्ति की जेब में 4.50 लाख से अधिक
आरोपित के खिलाफ पहले भी मामले दर्ज
सूत्रों के अनुसार, गिरफ्तार आरोपितों में शामिल बलजीत सिंह के खिलाफ पहले से दो मामले दर्ज हैं, जिससे उसके आपराधिक पृष्ठभूमि का भी पता चलता है। पुलिस का कहना है कि आगे की जांच में और भी खुलासे होने की संभावना है और पूरे नेटवर्क को ध्वस्त करने के लिए लगातार कार्रवाई जारी रहेगी।
इस कार्रवाई को पंजाब में कानून व्यवस्था बनाए रखने और आतंकवादी गतिविधियों पर रोक लगाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
यह भी पढ़ें- मलोट अनाज मंडी पहुंची केंद्रीय टीम, बारिश और ओलावृष्टि से प्रभावित गेहूं के लिए नमूने; रिपोर्ट पर टिकी सबकी नजर