यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Sep 17, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Punjab: बाढ़ से बर्बाद हुई हजारों एकड़ फसल, अब मुआवजे के नाम पर मिल रहा लॉलीपॉप; किसान नाखुश
बाढ़ नियंत्रण समिति के अध्यक्ष कुलविंदर सिंह ने कहा कि सरकार केवल 6800 रुपये प्रति एकड़ दे रही है जो बहुत कम है। यह मुआवजा केंद्र सरकार की ओर से जारी ...और पढ़ें

HighLights
- लोहिया के 60 गांवों में 19168 एकड़ फसल खराब
- शाहकोट के 55 गांवों में 2697 एकड़ खराब हुई फसल
जागरण संवाददाता, जालंधरः बीते जुलाई में आई बाढ़ के कारण जिले में सतलुज नदी से प्रभावित सैकड़ों गांवों में लोगों के क्षतिग्रस्त घरों और अन्य संरचनाओं का सर्वेक्षण अभी तक पूरा नहीं हो सका है। हालांकि, बाढ़ से बर्बाद हुई फसल का मुआवजा किसानों को मिलना शुरू हो गया है और सरकार प्रभावित किसानों को 6800 रुपये प्रति एकड़ मुआवजा दे रही है, जिससे लोग पूरी तरह संतुष्ट नहीं हैं।
लोगों का कहना है कि बाढ़ के कारण उनकी फसलों को बड़े पैमाने पर नुकसान हुआ है। कई किसानों ने दो बार धान बोया और दोनों बार खराब हो गया। लोगों को गेहूं की अगली फसल बोने की भी चिंता सता रही है क्योंकि मंड क्षेत्र की ज्यादातर जमीन पर अभी भी पानी भरा हुआ है और जहां पानी सूख गया है वहां मिट्टी और रेत की मोटी परत जमी हुई है।

(फाइल फोटोः बढ़ गया था सतलुज का जलस्तर)
जिले में बाढ़ से हुए जान-माल के नुकसान पर जिला प्रशासन की ओर से कराए गए सर्वे के मुताबिक शाहकोट जिले में कुल 21865 एकड़ क्षेत्र में मक्के और चारे आदि की फसल पूरी तरह से नष्ट हो गई है। इसमें लोहिया ब्लाक के 60 गांवों में 19168 एकड़ और शाहकोट ब्लाक के 55 गांवों में 2697 एकड़ फसल खराब हो गई। प्रशासन की सर्वे रिपोर्ट के मुताबिक बाढ़ से सिर्फ एक पशु की मौत हुई है।
बहुत कम मुआवजा...
बाढ़ नियंत्रण समिति के अध्यक्ष कुलविंदर सिंह जम्मू ने कहा कि सरकार केवल 6800 रुपये प्रति एकड़ दे रही है जो बहुत कम मुआवजा है। उन्होंने कहा कि यह मुआवजा केंद्र सरकार की ओर से जारी किया गया था लेकिन पंजाब सरकार की ओर से अभी तक कोई मुआवजा नहीं दिया गया है।
खबरें और भी
मौसम विभाग ने जारी किया येलो अलर्ट, अगले कई दिनों तक बारिश के आसार
इसलिए मुख्यमंत्री भगवंत मान को अपने वादे के मुताबिक जल्द से जल्द बाढ़ प्रभावित लोगों को अपनी सरकार की ओर से मुआवजा जल्द से जल्द दें। बाढ़ के कारण 4 लोगों की हुई मौत जिला प्रशासन द्वारा कराये गये सर्वे की रिपोर्ट के अनुसार लोहिया क्षेत्र में बाढ़ के कारण डूबने से चार लोगों की मौत हो गई थी। सरकार ने मृतकों के परिजनों को 4 लाख रुपये मुआवजा देने का ऐलान किया था।
शाहकोट के एसडीएम ऋषभ बंसल का कहना है कि बाढ़ में मरने वाले एक व्यक्ति के परिवार को 4,00,000 रुपये का मुआवजा दिया गया है। एक मृतक के परिवार ने मुआवजा लेने से इनकार कर दिया, जबकि दूसरे मृतक के वारिसों को मुआवजा देने की प्रक्रिया चल रही है।
6,41,63,778 रुपये का मुआवजा बांटा जा चुका है डिप्टी कमिश्नर विशेष सारंगल का कहना है कि जिले में बाढ़ के कारण हुई फसलों और अन्य जानमाल के नुकसान के लिए सरकार की हिदायतों के मुताबिक मुआवजा बांटा जा रहा है। अब तक बाढ़ प्रभावित लोगों को 6,41,63,778 रुपये की मुआवजा राशि वितरित की जा चुकी है। डीसी ने कहा कि बाढ़ प्रभावित लोगों को मुआवजा बांटने का काम लगातार जारी है और घरों को हुए नुकसान का सर्वे भी जल्द पूरा कर लिया जाएगा।