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    पंजाब में बदलेगा मौसम का मिजाज, धूल भरी आंधी और बारिश का यलो अलर्ट; मुश्किल भरे रहेंगे अगले पांच दिन

    Updated: Thu, 26 Mar 2026 07:00 AM (GMT+05:30)

    पंजाब में गुरुवार से मौसम बदलेगा, जिसमें धूल भरी आंधी और गरज-चमक के साथ बारिश की संभावना है। मौसम विभाग ने 26, 27, 29 और 30 मार्च के लिए येलो अलर्ट जा ...और पढ़ें

    कैप्शन: पंजाब में बदलेगा मौसम का मिजाज (जागरण फाइल)

    कैप्शन: पंजाब में बदलेगा मौसम का मिजाज (जागरण फाइल)

    HighLights

    1. गुरुवार से पंजाब में मौसम बदलेगा, येलो अलर्ट जारी

    2. धूल भरी आंधी और गरज-चमक के साथ बारिश की संभावना

    3. 26, 27, 29 और 30 मार्च को रहेगा येलो अलर्ट

    जागरण संवाददाता, लुधियाना। राज्य भर में वीरवार से मौसम का मिजाज एक बार फिर से बदला देखने को मिलेगा। वीरवार और शुक्रवार मौसम को लेकर यलो अलर्ट जारी किया गया है जिसमें धूल भरी आंधी चलने की संभावना है। इससे पहले बुधवार विभिन्न जिलों में कहीं धूप निकली तो कहीं बादल छाए रहे।इस दिन जिला गुरदासपुर में दिन का तापमान सबसे अधिक 32.5 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया।

    इसके बाद लुधियाना और पटियाला का तापमान क्रमश 32 डिग्री सेल्सियस, फिरोजपुर का तापमान 31.8 डिग्री सेल्सियस, रूपनगर का तापमान 31.3 डिग्री सेल्सियस रहा। चौबीस घंटे में राज्य का औसतन तापमान 1.3 डिग्री सेल्सियस बढ़ा है जोकि सामान्य से 2.4 डिग्री सेल्सियस अधिक रहा है।

    बारिश का यलो अलर्ट जारी

    मौसम केंद्र चंडीगढ़ के पूर्वानुमान अनुसार 26 और 27 मार्च को मौसम का येलो अलर्ट जारी रहेगा। इसमें गरज चमक के साथ छींटे पड़ने की संभावना है। वहीं 30-40 किमी गति के साथ धूल भरी आंधी भी चलेंगी। 28 मार्च को मौसम साफ रहेगा जबकि 29 और 30 मार्च को दोबारा मौसम को लेकर येलो अलर्ट रहेगा जिसमें गरज चमक के साथ छींटे तो पड़ ही सकते हैं, साथ में 50-60 किमी की गति के साथ धूल भरी आंधी चलने की संभावना है।

    ओलावृष्टि भी देखने को मिली

    बीते सप्ताह भी राज्य में बारिश का असर देखने को मिला था। जिसके बाद राज्य के तापमान में भारी गिरावट दर्ज की गई थी। इस दौरान राज्य के कई जिलों में ओलावृष्टि भी देखने को मिली थी। हालांकि इससे फसलों को अधिक नुकसान नहीं हुआ था। कृषि एक्सपर्ट्स का कहना है कि कल से हो रहे परिवर्तन में अगर तेज हवाएं चली तो खड़ी फसल को नुकसान पहुंच सकता है। इसके लिए किसानों को सतर्क रहने की आवश्यकता है।

     



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