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    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Feb 25, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    Farmers Protest: चौथे दिन भी शुभकरण का नहीं हो पाया अंतिम संस्‍कार, अपनी शर्त पर अड़े किसान; अस्‍पताल के बाहर लगाया धरना

    Updated: Sun, 25 Feb 2024 07:57 PM (IST)

    Kisan Andolan 2024 चौथे दिन भी शुभकरण का अंतिम संस्‍कार नहीं हो पाया। किसानों ने पंजाब सरकार के सामने डिमांड रख दी है। उन्‍होंने कहा कि जब तक मान सरका ...और पढ़ें

    चौथे दिन भी शुभकरण का नहीं हो पाया अंतिम संस्‍कार (फाइल फोटो)
    चौथे दिन भी शुभकरण का नहीं हो पाया अंतिम संस्‍कार (फाइल फोटो)

    जागरण संवाददाता, पटियाला। किसान द्वारा अपनी मांगों को लेकर दिल्ली कूच करने के लिए आंदोलन शुरू किया। इसमें किसान आंदोलन के दौरान खनौरी बॉर्डर पर किसान नौजवान शुभकरण सिंह की गोली लग गई थी। इसको बाद उसे पटियाला के सरकारी राजिंदरा अस्पताल में लेकर पहुंचे, जहां पर डाक्टरों ने उसको मृत घोषित कर दिया।

    इसके बाद उसके शव का पोस्टमार्टम करने के लिए अस्पताल मोर्चरी में रखा गया। जहां पर किसानों ने कहा की जब तक पंजाब सरकार दोषियों के खिलाफ मामला दर्ज नहीं करती उस समय तक शुभकरण के शव का किसी को भी पोस्टमार्टम नहीं करने दिया जाएगा। आज चार दिन बीत जाने के बाद भी मृतक शुभकरण का पोस्टमार्टम नहीं किया गया है।

    मोर्चरी के बाहर लगाया पक्‍का मोर्चा

    वहीं किसान यूनियन के द्वारा पंजाब सरकार की पॉलिसी को समझते हुए की कहीं सरकारी शुभकरण सिंह का पोस्टमार्टम जबरदस्ती ना कर सकें इसलिए किसान यूनियन के द्वारा सरकारी राजिंदरा अस्पताल मोर्चरी के बाहर पक्का मोर्चा लगा दिया है।

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    दैनिक जागरण से बात करते हुए किसान नेता जसपाल सिंह ने बताया की यह पक्का मोर्चा सिदूपुर यूनियन के प्रधान के आदेशों पर लगाया गया है। उनको डर है कि मृतक शुभकरण सिंह का पुलिस सरकार के साथ मिलकर उसके शव को इधर-उधर ना कर दें इसलिए यहां पर किसानों ने मोर्चा लगाया है।

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    सरकार को दी चेतावनी

    किसान नेता का कहना है कि जब तक उसके कातिलों के खिलाफ पंजाब सरकार के द्वारा कोई कारवाई नहीं होती तब तक यहां पर किसानों का मोर्चा जारी रहेगा। उन्होंने कहा की परिवार को जब तक इंसाफ नहीं मिल जाता सारी किसान यूनियन शुभकरण के परिवार के साथ है। वहीं मोर्चरी के बाहर पुलिस का पेहरा भी रविवार को कम ही दिखाई दिया बैरिकेडिंग जरूर की हुई है, मगर पुलिस के जवान कम ही दिखाई दिए।

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