यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jul 03, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
NEET Paper Leak Case: पेपर लीक मामले के दो सरगना गिरफ्ताार, कांग्रेस के नेताओं से था दोनों का संपर्क
NEET Paper Leak Case पेपर लीक मामले के सरगना ओमप्रकाश ढाका और सुनील को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। पेपर लीक और विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं में मूल अभ्य ...और पढ़ें

HighLights
- दोनों ने तीन से 15 लाख रूपए लेकर पेपर बेचे थे।
- दो महीने से हैदराबाद में किराए का कमरा लेकर रह रहे थे आरोपी।
जागरण संवाददाता,जयपुर। NEET Paper Leak Case। राजस्थान में विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं के पेपर लीक मामले के सरगना ओमप्रकाश ढाका और सुनील को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। ओमप्रकाश पर एसओजी (स्पेशल आपरेशन ग्रुप ) ने 75 हजार और सुनील पर 50 हजार रूपए का इनाम घोषित किया था।
ओमप्रकाश कांग्रेस के कई नेताओं के निकट माना जाता है। पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत व कांग्रेस के विधायक रतन देवासी के साथ ओमप्रकाश कई कार्यक्रमों में शामिल हो चुका हैं। सुनील के भी कांग्रेस के नेताओं का संपर्क था। एसओजी ने हैदराबाद पुलिस के सहयोग से ओमप्रकाश और सुनील को हैदराबाद से मंगलवार देर शाम को गिरफ्तार किया है।
पेपर लीक मामले में अब तक नौ से अधिक लोग गिरफ्तार
जयपुर लाकर बुधवाार को दिनभर ओमप्रकाश व सुनील से एसओजी के अधिकारी पूछताछ करते रहे। दोनों करीब पांच महीने से फरार थे और हैदराबाद में कमरा किराए पर लेकर रह रहे थे। प्रदेश में भाजपा की सरकार बनने के बाद पेपर लीक माफियाओं के खिलाफ चलाए गए अभियान में एक सौ से अधिक लोग गिरफ्तार हुए हैं।
वहीं ओमप्रकाश व सुनील फरार हो गए थे। दोनों का नाम कांग्रेस सरकार के दौरान हुई जांच में सामने आया था । राजस्थान भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो ने उनके खिलाफ मामला दर्ज किया था। ब्यूरो उन्हे तलाश कर रहा था। हालांकि वह उस दौरान कई सार्वजनिक कार्यक्रमों में नजर आए थे। देवासी के साथ ओमप्रकाश के वीडियो इंटरनेट मीडिया पर वायरल हुए थे। लेकिन दोनों ब्यूरो की पकड़ से बाहर रहे।
खबरें और भी
दो महीने से हैदराबाद में रह रहे थे आरोपी
भाजपा की सरकार बनने के बाद पेपर लीक माफियाओं के खिलाफ सख्ती हुई तो दोनों फरार हो गए। दोनों ने अलग-अलग राज्यों में फरारी काटी और दो महीने से हैदराबाद में किराए का कमरा लेकर रह रहे थे। ओमप्रकाश की पंचायत समिति की प्रधान हैं। इस बीच जोधपुर पुलिस ने एक महिला शिक्षकशम्मी को भी इस मामले में गिरफ्तार किया है। शम्मी बरसाना में फरारी काट रही थी।
तीन से 15 लाख रूपए तक में बेचे थे पेपर
पेपर लीक और विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं में मूल अभ्यर्थियों के स्थान पर डमी कैंडिडेट बिठाने के मामले में अब तक गिरफ्तार हुए एक सौ से अधिक लोग से अब तक हुई पूछताछ में ओमप्रकाश व सुनील को इस मामले में सरगना माना गया था।
दोनों ने तीन से 15 लाख रूपए लेकर पेपर बेचे थे। एसओजी की अब तक की जांच में सामने आया कि दोनों के राजस्थान लोक सेवा आयोग सहित परीक्षा आयोजित करनवाने वाली विभिन्न एजेंसियों के अधिकारियों व परीक्षा केंद्रों के संचालकों से संबंध थे।