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    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Mar 27, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    Chaitra Navratri 2025: चैत्र नवरात्र में गृह प्रवेश करने जा रहे हैं, तो यहां जान लें इससे जुड़े नियम!

    Updated: Thu, 27 Mar 2025 03:59 PM (IST)

    चैत्र नवरात्र का व्रत हिंदू धर्म में बहुत ही शुभ माना जाता है। ऐसा माना जाता है कि इस दौरान देवी की पूजा करने से सभी इच्छाओं की पूर्ति होती है। इस साल ...और पढ़ें

    Chaitra Navratri 2025: चैत्र नवरात्र गृह प्रवेश नियम।
    Chaitra Navratri 2025: चैत्र नवरात्र गृह प्रवेश नियम।

    HighLights

    1. चैत्र नवरात्र हिंदुओं का प्रमुख त्योहार है।
    2. चैत्र नवरात्र का व्रत देवी भक्तों के लिए बहुत महत्व रखता है।
    3. चैत्र नवरात्र का पर्व देवी दुर्गा की पूजा के लिए समर्पित है।

    धर्म डेस्क, नई दिल्ली। चैत्र नवरात्र देवी दुर्गा को समर्पित एक नौ दिवसीय पर्व है, जिसका हिंदू धर्म में बड़ा महत्व है। यह समय न केवल देवी की आराधना का होता है, बल्कि इसे किसी भी नए और शुभ काम की शुरुआत के लिए भी अत्यंत उत्तम माना जाता है। ऐसे में अगर आप चैत्र नवरात्र 2025 में अपने नए घर में प्रवेश करने की सोच रहे हैं, तो कुछ महत्वपूर्ण नियमों और बातों का ध्यान जरूर रखें, ताकि आपके नए जीवन की शुरुआत सुख और समृद्धि से भरी हो।

    शास्त्रों के अनुसार, नवरात्र (Chaitra Navratri 2025) का समय बेहद पवित्र और सकारात्मक ऊर्जा से भरपूर होता है। इसलिए इस अवधि में गृह प्रवेश करना अत्यंत शुभ माना जाता है, तो चलिए चैत्र नवरात्र में गृह प्रवेश के नियम क्या है यहां जानते हैं?

    शुभ मुहूर्त - नवरात्र का पूरा समय ही शुभ माना जाता है। ऐसे में आप किसी योग्य पंडित से सलाह लेकर नवरात्र की किसी भी शुभ तिथि और नक्षत्र में गृह प्रवेश (Griha Pravesh Rules) का मुहूर्त निकलवा सकते हैं।

    कलश स्थापना - गृह प्रवेश के दिन सबसे महत्वपूर्ण कार्य कलश स्थापना करना होता है। एक तांबे या मिट्टी के कलश में गंगाजल भरकर, उसमें कुछ सिक्के, अक्षत, सुपारी और आम के पत्ते डालें। कलश के मुख पर नारियल रखें और इसे लाल कपड़े से बांध दें।

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    इस कलश को नए घर के ईशान कोण (उत्तर-पूर्व दिशा) में स्थापित करें। ऐसा करने से घर में सकारात्मक ऊर्जा और समृद्धि का वास होता है।

    गणेश पूजन - गृह प्रवेश से पहले भगवान गणेश की पूजा जरूर करनी चाहिए। ऐसा करने से घर में आने वाली सभी बाधाएं दूर होती हैं और कार्य निर्विघ्न संपन्न होता है।

    वास्तु शांति - गृह प्रवेश से पहले या बाद में वास्तु शांति पूजा करवाना भी बहुत महत्वपूर्ण माना जाता है। इससे घर का वास्तु दोष दूर होता है।

    प्रवेश विधि - गृह प्रवेश के दिन घर के मुख्य द्वार को फूलों और तोरण से सजाना चाहिए। पति-पत्नी को एक साथ शुभ मुहूर्त में दाहिना पैर पहले रखकर नए घर में प्रवेश करना चाहिए।

    साफ-सफाई - गृह प्रवेश से पहले घर को अच्छी तरह से साफ-सफाई करवानी चाहिए। ऐसा करने से घर में माता लक्ष्मी का वास होता है।

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    अस्वीकरण: इस लेख में बताए गए उपाय/लाभ/सलाह और कथन केवल सामान्य सूचना के लिए हैं। दैनिक जागरण तथा जागरण न्यू मीडिया यहां इस लेख फीचर में लिखी गई बातों का समर्थन नहीं करता है। इस लेख में निहित जानकारी विभिन्न माध्यमों/ज्योतिषियों/पंचांग/प्रवचनों/मान्यताओं/धर्मग्रंथों/दंतकथाओं से संग्रहित की गई हैं। पाठकों से अनुरोध है कि लेख को अंतिम सत्य अथवा दावा न मानें एवं अपने विवेक का उपयोग करें। दैनिक जागरण तथा जागरण न्यू मीडिया अंधविश्वास के खिलाफ है।