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    Chanakya Niti: जिंदगी में स्मार्ट फैसले लेने में मदद करेंगे चाणक्य के ये टिप्स

    Updated: Thu, 25 Dec 2025 01:01 PM (IST)

    चाणक्य नीति के अनुसार, जीवन में सफलता प्राप्त करने के लिए व्यक्ति को कुछ बातों का ध्यान जरूर रखना चाहिए। चाणक्य नीति के कुछ श्लोक आपके लिए सफलता पाने ...और पढ़ें

    Chanakya Niti Tips in hindi (AI Generated Image)

    Chanakya Niti Tips in hindi (AI Generated Image)

    HighLights

    1. सफलता प्राप्ति की राह आसान करती है चाणक्य नीति

    2. सही फैसले लेने के लिए भी बताए हैं कई टिप्स

    3. लक्ष्य के प्रति एकाग्र रहने से मिलती है सफलता

    धर्म डेस्क, नई दिल्ली। अगर आप चाणक्य नीति की कुछ बातों को अपने जीवन में उतारते हैं, तो इससे आपके लिए सफलता प्राप्ति की राह आसान हो सकती है। आज हम आपको चाणक्य नीति (Chanakya Niti tips)  के कुछ ऐसे श्लोक बताने जा रहे हैं, जो आपको जीवन में सफलता प्राप्त करने और सही निर्णय लेने में मदद कर सकते हैं। चलिए जानते हैं इस बारे में।

    फैसला लेते समय ध्यान रखें ये बातें

    1. "न स्नेहात् कृत्वा विघ्नं न द्वेषात् न च लोभतः।
    न मोहत् कार्यमत्यन्तं कार्यं कार्यवदाचरेत्"

    इस श्लोक में आचार्य चाणक्य कहते हैं कि किसी भी कार्य को स्नेह यानी प्रेम, द्वेष यानी नफरत, लोभ यानी लालच) और मोह अर्थात भ्रम में आकर नहीं करना चाहिए, बल्कि उसे केवल कर्तव्य समझकर, निष्पक्ष और विवेकपूर्ण तरीके से ही करना चाहिए। किसी काम या फैसले को ठीक वैसे ही करना चाहिए जैसे वह वास्तव में करने योग्य है, ताकि निर्णय सही और टिकाऊ हो।

    chanakya AI

    (AI Generated Image)

    न करें ये गलती

    2. यो ध्रुवाणि परित्यज्य अध्रुवं परिषेवते ।
    ध्रुवाणि तस्य नश्यन्ति अध्रुवं नष्टमेव हि ।।

    इस श्लोक में आचार्य चाणक्य कहते हैं कि जो व्यक्ति स्थिर को छोड़कर अस्थिर के पीछे भागता है, वह अपने जीवन में स्थित से मिलने वाले लाभ को भी को देता है। अंत में कहीं का नहीं रहता। ऐसे में व्यक्ति को हमेशा इस बात को ध्यान में रखकर ही कोई फैसला करना चाहिए, ताकि वह बुरे परिणामों से बच सके।

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    (Picture Credit: Freepik) (AI Image)

    ऐसे मिलती है सफलता

    3. प्रभूतंकार्यमल्पंवातन्नरः कर्तुमिच्छति।
    सर्वारंभेणतत्कार्यं सिंहादेकंप्रचक्षते॥

    इस श्लोक में आचार्य चाणक्य ने कहा है कि मनुष्य को अपने लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए डटे रहना चाहिए। उन्होंने एक शेर का उदाहरण देते हुए बताया है कि जिस तरह शेर अपने लक्ष्य की ओर आक्रामक रहता है, वैसे व्यक्ति को भी अपने लक्ष्य के प्रति अग्रसर रहना चाहिए। जिस तरह शेर एकाग्रता के साथ शिकार पर नजर बनाए रखता है, ठीक वैसे ही व्यक्ति को अपने लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए हमेशा एकाग्र रहना चाहिए।

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    अस्वीकरण: इस लेख में बताए गए उपाय/लाभ/सलाह और कथन केवल सामान्य सूचना के लिए हैं। दैनिक जागरण तथा जागरण न्यू मीडिया यहां इस लेख फीचर में लिखी गई बातों का समर्थन नहीं करता है। इस लेख में निहित जानकारी विभिन्न माध्यमों/ज्योतिषियों/पंचांग/प्रवचनों/मान्यताओं/धर्मग्रंथों/दंतकथाओं से संग्रहित की गई हैं। पाठकों से अनुरोध है कि लेख को अंतिम सत्य अथवा दावा न मानें एवं अपने विवेक का उपयोग करें। दैनिक जागरण तथा जागरण न्यू मीडिया अंधविश्वास के खिलाफ है।