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    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jul 04, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    Guru Purnima 2024: दशकों बाद गुरु पूर्णिमा पर बन रहे हैं ये अद्भुत संयोग, नोट करें समय

    Updated: Thu, 04 Jul 2024 01:19 PM (IST)

    गुरु पूर्णिमा का दिन परम कल्याणकारी होता है। यह शुभ दिन गुरु की पूजा के लिए उत्तम माना जाता है जो ज्ञान और आत्मज्ञान के मार्ग पर व्यक्तियों का मार्गदर ...और पढ़ें

    Guru Purnima 2024: शुभ संयोग का निर्माण -
    Guru Purnima 2024: शुभ संयोग का निर्माण -

    HighLights

    1. हिंदू धर्म में गुरु पूर्णिमा का पर्व बेहद शुभ माना जाता है।
    2. यह हर साल आषाढ़ माह के शुक्ल पक्ष की पूर्णिमा ति​थि को मनाया जाता है।
    3. इस साल यह पर्व 21 जुलाई को मनाया जाएगा।

    धर्म डेस्क, नई दिल्ली। हिंदू धर्म में गुरु पूर्णिमा का पर्व बेहद शुभ माना जाता है। यह हर साल आषाढ़ माह के शुक्ल पक्ष की पूर्णिमा ति​थि को मनाया जाता है। ऐसा कहा जाता है कि इस तिथि पर महाभारत के रचयिता महान ऋषि वेद व्यास जी का जन्म हुआ था, जिसके चलते इसे व्यास पूर्णिमा के नाम से भी जाना जाता है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, इस शुभ अवसर पर पूजा-पाठ और दान-पुण्य का खास महत्व है।

    वहीं, ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, इस दिन (Guru Purnima 2024) कई शुभ योग का निर्माण हो रहा है, तो चलिए इसके बारे में विस्तार से जानते हैं -

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    कब है गुरु पूर्णिमा 2024?

    हिंदू पंचांग के अनुसार, इस साल आषाढ़ माह के शुक्ल पक्ष की पूर्णिमा तिथि 20 जुलाई दिन शनिवार को शाम 05 बजकर 59 मिनट पर शुरू होगी। वहीं, इस तिथि की समाप्ति अगले दिन 21 जुलाई, 2024 दिन रविवार को दोपहर 03 बजकर 46 मिनट पर होगी। उदयातिथि को देखते हुए गुरु पूर्णिमा का पर्व 21 जुलाई को मनाया जाएगा।

    गुरु पूर्णिमा शुभ योग

    गुरु पूर्णिमा पर कई शुभ योग का महासंयोग बन रहा है। दरअसल, इस तिथि पर सर्वार्थ सिद्धि योग सुबह 05 बजकर 37 मिनट पर शुरू होगा। वहीं, इसका समापन मध्य रात्रि 12 बजकर 14 मिनट पर होगा। इसके साथ ही उत्तराषाढ नक्षत्र भोर से लेकर मध्य रात्रि 12 बजकर 14 मिनट तक रहेगा।

    साथ ही श्रवण नक्षत्र और प्रीति योग का भी निर्माण होगा। इसके अलावा विष्कंभ योग प्रात: से लेकर रात्रि 09 बजकर 11 मिनट तक रहेगा।

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    अस्वीकरण: इस लेख में बताए गए उपाय/लाभ/सलाह और कथन केवल सामान्य सूचना के लिए हैं। दैनिक जागरण तथा जागरण न्यू मीडिया यहां इस लेख फीचर में लिखी गई बातों का समर्थन नहीं करता है। इस लेख में निहित जानकारी विभिन्न माध्यमों/ज्योतिषियों/पंचांग/प्रवचनों/मान्यताओं/धर्मग्रंथों/दंतकथाओं से संग्रहित की गई हैं। पाठकों से अनुरोध है कि लेख को अंतिम सत्य अथवा दावा न मानें एवं अपने विवेक का उपयोग करें। दैनिक जागरण तथा जागरण न्यू मीडिया अंधविश्वास के खिलाफ है।

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