यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Feb 17, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Mahashivratri 2024: इस महाशिवरात्रि पर बन रहे हैं 4 शुभ योग, जानिए क्यों हैं ये खास?
महाशिवरात्रि (Mahashivratri 2024) का व्रत बेहद फलदायी माना गया है। इस दिन भगवान शिव के साथ मां पार्वती की पूजा होती है जो लोग इस दिन का व्रत रखते हैं ...और पढ़ें

HighLights
- महाशिवरात्रि भगवान शिव के भक्तों के लिए बेहद खास है।
- इस शुभ दिन पर भोलेनाथ की पूजा का विधान है।
- इस साल महाशिवरात्रि 8 मार्च को मनाई जाएगी।
धर्म डेस्क, नई दिल्ली। Mahashivratri 2024: महाशिवरात्रि भगवान शिव के भक्तों के लिए बेहद खास है। इस शुभ दिन पर भोलेनाथ की पूजा का विधान है, जो जातक इस दिन का उपवास रखते हैं और भगवान भोलेनाथ के साथ माता पार्वती की पूजा करते हैं उनका वैवाहिक जीवन सुखी रहता है।
साथ ही घर में धन का अभाव कभी नहीं रहता है। वहीं इस साल महाशिवरात्रि पर एक नहीं 4 शुभ संयोग बनने जा रहे हैं, जिसकी वजह से इसका महत्व और भी बढ़ गया है।
.jpg)
महाशिवरात्रि 2024 मुहूर्त और समय
हिंदू पंचांग के अनुसार, फाल्गुन महीने के कृष्ण पक्ष चतुर्दशी तिथि यानी 8 मार्च, 2024 को रात्रि 09 बजकर 57 से शुरू होगी। साथ ही इस तिथि का समापन अगले दिन 09 मार्च, 2024 को शाम 06 बजकर 17 मिनट पर होगा।
महाशिवरात्रि 4 शुभ योग
- महाशिवरात्रि पूजा मुहूर्त - रात्रि 12:07 बजे से 12:56 बजे तक
- सर्वार्थ सिद्धि योग - सुबह 06:38 से 10:41 तक
- शिव योग - 9 मार्च को सूर्योदय रात्रि 12:46 बजे तक
- सिद्ध योग - 9 मार्च को रात्रि 12:46 बजे से 08:32 बजे तक
- श्रवण नक्षत्र- सुबह 10:41 तक।
सर्वार्थ सिद्धि योग
ऐसी मान्यता है कि सर्वार्थ सिद्धि योग के दौरान किए गए सभी कार्य सफल होते हैं। खासकर, जब महाशिवरात्रि इस शुभ समय के भीतर आती है।
शिव योग
शिव योग में ध्यान करना और मंत्र जाप करना अच्छा माना जाता है। इस शुभ समय भोलेनाथ की पूजा करने से जीवन में सुख-समृद्धि आती है। साथ ही घर में मांगलिक कार्य के योग बनते हैं।
सिद्ध योग
सिद्ध योग विघ्नहर्ता भगवान गणेश से जुड़ा हुआ है। ऐसा माना जाता है कि यह आपके सभी कार्यों में सफलता प्रदान करता है। साथ ही घर में बरकत लाता है।
श्रवण नक्षत्र
श्रवण नक्षत्र के स्वामी शनि देव हैं और यह अपनी शुभता के लिए जाना जाता है। श्रवण नक्षत्र में जो भी कार्य किए जाते हैं उसका फल शुभ ही होता है। इस नक्षत्र में जन्म लेने वाले जातक धनवान, प्रसिद्ध और सुखी होते हैं।
खबरें और भी
यह भी पढ़ें: Jaya Ekadashi 2024: जया एकादशी की पूजा में इन मंत्रों का जरूर करें जाप, मनचाही मनोकामनाएं होंगी पूरी
डिसक्लेमर: 'इस लेख में निहित किसी भी जानकारी/सामग्री/गणना की सटीकता या विश्वसनीयता की गारंटी नहीं है। विभिन्न माध्यमों/ज्योतिषियों/पंचांग/प्रवचनों/मान्यताओं/धर्मग्रंथों से संग्रहित कर ये जानकारियां आप तक पहुंचाई गई हैं। हमारा उद्देश्य महज सूचना पहुंचाना है, इसके उपयोगकर्ता इसे महज सूचना समझकर ही लें। इसके अतिरिक्त, इसके किसी भी उपयोग की जिम्मेदारी स्वयं उपयोगकर्ता की ही रहेगी।'