Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Mar 19, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    Shani Gochar 2025: मीन राशि के जातक रोजाना करें ये आसान उपाय, साढ़ेसाती से मिलेगी राहत

    By Pravin KumarEdited By: Pravin Kumar
    Updated: Wed, 19 Mar 2025 12:35 PM (GMT+05:30)

    ज्योतिषियों की मानें तो शनिदेव (Shani Gochar 2025) के मीन राशि में गोचर करने से कुंभ राशि के जातकों पर साढ़ेसाती का अंतिम चरण शुरू होगा। इस राशि के स्व ...और पढ़ें

    Shani Gochar 2025: शनिदेव को कैसे प्रसन्न करें?
    Shani Gochar 2025: शनिदेव को कैसे प्रसन्न करें?

    HighLights

    1. शनिवार का दिन कर्मफल दाता शनिदेव को समर्पित है।
    2. इस दिन शनिदेव की भक्ति भाव से पूजा की जाती है।
    3. शनिदेव की पूजा करने से हर मनोकामना पूरी होती है।

    धर्म डेस्क, नई दिल्ली। ज्योतिषीय गणना के अनुसार, शनिवार 29 मार्च को न्याय के देवता राशि परिवर्तन (Shani Gochar 2025) करेंगे। इस दिन शनिदेव कुंभ राशि से निकलकर मीन राशि में गोचर करेंगे। शनिदेव के राशि परिवर्तन से मकर राशि के जातकों को साढ़ेसाती से मुक्ति मिल जाएगी। वहीं, मेष राशि के जातकों पर साढ़ेसाती का पहला चरण शुरू होगा। जबकि, मीन राशि के जातकों पर साढ़ेसाती का दूसरा चरण शुरू होगा।

    सुखों के कारक शुक्र देव मीन राशि में उच्च होते हैं। वहीं, मीन राशि के जातक धार्मिक प्रवृत्ति के होते हैं। इसके लिए मीन राशि के जातकों को साढ़ेसाती के दौरान विशेष परेशानी नहीं होती है। भगवान विष्णु की कृपा से सभी प्रकार के दुख एवं संकट दूर हो जाते हैं। हालांकि, शनि की साढ़ेसाती से बचाव के लिए मीन राशि के जातक रोजाना ये उपाय अवश्य करें। इन उपायों को करने से शनिदेव की कृपा साधक पर बरसेगी। उनकी कृपा से जीवन में मंगल ही मंगल होगा।

    यह भी पढ़ें: शनि की चाल बदलने से इन राशियों के शुरू होंगे अच्छे दिन, दूर होगी घर में छाई कंगाली

    साढ़ेसाती के उपाय

    • हनुमान जी की पूजा करने से शनिदेव प्रसन्न होते हैं। अत: मीन राशि के जातक रोजाना सुबह और शाम में पूजा और आरती के समय हनुमान चालीसा का पाठ करें। वहीं, मंगलवार और शनिवार के दिन समय अनुसार 5 या 7 बार हनुमान चालीसा और बजरंग बाण का पाठ करें।
    • मीन राशि के जातक हर शनिवार के दिन पीपल के पेड़ में जल का अर्घ्य दें। इस समय पीपल पेड़ की तीन बार परिक्रमा करें। साथ ही शनि चालीसा का पाठ करें। इस उपाय को करने से साधक पर शनिदेव की कृपा बरसती है।
    • अगर आप शनिदेव को प्रसन्न करना चाहते हैं, तो हर शनिवार के दिन पूजा के बाद काले तिल, नमक, चमड़े के जूते या चप्पल, छाता, कपड़े, अन्न और धन का दान करें।
    • शनि की साढ़ेसाती से मुक्ति पाने के लिए सोमवार और शनिवार के दिन स्नान-ध्यान के बाद गंगाजल में बेलपत्र और काले तिल मिलाकर भगवान शिव का अभिषेक करें। साथ ही महामृत्युंजय मंत्र का जप करें। इस उपाय को करने से न्याय के देवता शनिदेव प्रसन्न होते हैं।
    • हर मंगलवार के दिन पूजा के समय हनुमान जी को एक चुटकी सिंदूर और मोतीचूर के लड्डू अर्पित करें। इस समय सुख और सौभाग्य में वृद्धि की कामना हनुमान जी से करें। इस उपाय को करने से मनचाहा वरदान मिलता है।

    यह भी पढ़ें: चैत्र नवरात्र पर इस समय भूलकर भी न करें कलश स्थापना, वरना शुरू हो जाएंगे बुरे दिन

    अस्वीकरण: इस लेख में बताए गए उपाय/लाभ/सलाह और कथन केवल सामान्य सूचना के लिए हैं। दैनिक जागरण तथा जागरण न्यू मीडिया यहां इस लेख फीचर में लिखी गई बातों का समर्थन नहीं करता है। इस लेख में निहित जानकारी विभिन्न माध्यमों/ज्योतिषियों/पंचांग/प्रवचनों/मान्यताओं/धर्मग्रंथों/दंतकथाओं से संग्रहित की गई हैं। पाठकों से अनुरोध है कि लेख को अंतिम सत्य अथवा दावा न मानें एवं अपने विवेक का उपयोग करें। दैनिक जागरण तथा जागरण न्यू मीडिया अंधविश्वास के खिलाफ है।

    खबरें और भी