शनि साढ़ेसाती सभी के लिए नहीं होती है अशुभ, ये लोग हासिल करते हैं ऊंचा मुकाम
शनि की साढ़ेसाती हर किसी के लिए अशुभ नहीं होती, बल्कि कुछ लोगों के लिए यह सफलता के द्वार खोलती है। यह अवधि अनुशासित जीवन और सही समय के उपयोग करने वालो ...और पढ़ें

शनि साढ़ेसाती: जानें किन लोगों के लिए यह समय लाता है अपार सफलता (Picture Credit: AI Generated)

समय कम है?
जानिए मुख्य बातें और खबर का सार एक नजर में
धर्म डेस्क, नई दिल्ली। शनि की साढ़ेसाती वह समय होता है जब शनिदेव किसी भी राशि में साढ़े सात साल के लिए विराजमान होते हैं। इसके प्रभाव से व्यक्ति के जीवन में उतार-चढ़ाव आने लगते हैं और जीवन में कई समस्याएं भी आ सकती हैं।
शनिदेव को कर्मों का फल देने वाले देवता की तरह पूजा जाता है और साढ़ेसाती का समय जीवन में इसलिए आता है क्योंकि इस दौरान आपके शुभ-अशुभ कर्मों का फल अलग-अलग रूपों में मिलता है। आमतौर पर लोग यही मानते हैं कि साढ़े सात साल का यह समय कष्टकारी होता है और इसमें हमेशा समस्याएं ही आती हैं।
यही नहीं ऐसा भी माना जाता है कि इस दौरान व्यक्ति को किसी भी कार्य में जल्दी सफलता नहीं मिलती है और उसे नौकरी से लेकर रिश्तों में भी कई तरह की परेशानियां आ सकती हैं।
ऐसा जरूरी नहीं है कि साढ़ेसाती हमेशा आपके जीवन में नकारात्मक फल ही दे। आइए आपको बताते हैं ऐसे कौन से लोग हैं जिनके लिए यह समय बहुत उत्तम होता है और इसके प्रभाव से वो सफलता की ऊंचाइयों तक पहुंचते हैं।
शनि की राशियों के लिए शुभ हो सकती है साढ़ेसाती
राशिचक्र की बारह राशियों में से शनि की साढ़ेसाती उनके लिए शुभ हो सकती है जो शनि से संचालित होती हैं। ये राशियां मकर और कुंभ है और इनके स्वामी शनिदेव हैं।
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अगर इन दोनों राशियों में साढ़ेसाती लगती भी है तो ज्यादा नुकसान नहीं होता है, बल्कि इन्हें कार्यों में सफलता मिलती है। इन दोनों राशि के लोगों को भी इस बात का ध्यान रखने की जरूरत है कि वो कोई ऐसा काम न करें जो शनिदेव को नाराज कर दे। इन लोगों को कभी भी छल-कपट नहीं करना चाहिए और गरीब की नहीं सताना चाहिए।
शनिदेव की पूजा करने वालों के लिए
जो लोग साढ़ेसाती के समय में श्रद्धा भाव से शनिदेव की पूजा करते हैं उनके लिए साढ़ेसाती का समय हमेशा शुभ रहता है। अगर आप प्रत्येक शनिवार के दिन शनि मंदिर में सरसों के तेल का दीपक जलाएं और शनिदेव को तेल अर्पित करें तो इस अवधि के नकारात्मक प्रभाव कम हो सकते हैं। यही नहीं इस दौरान इन लोगों के लिए सफलता के योग भी बनते हैं।
अनुशासन के साथ रहने वालों के लिए
जो लोग साढ़ेसाती के कठिन समय में भी ईश्वर भक्ति से पीछे नहीं हटते हैं और अपना जीवन अनुशासन के साथ जीते हैं उनके लिए साढ़ेसाती शुभ हो सकती है।
यही नहीं जो लोग इस दौरान मांस-मदिरा का सेवन नहीं करते हैं और किसी भी बुरी आदत में नहीं पड़ते हैं उनके लिए यह समय हमेशा शुभ होता है। इस दौरान जरूरतमंदों की मदद करने वालों और दान-पुण्य करने वालों को सकारात्मक परिणाम मिलते हैं।
समय का सही उपयोग करने वालों को
शनि की साढ़ेसाती उन लोगों के लिए शुभ होती है जो हमेशा समय का सही उपयोग करते हैं। अगर आप समय का सही तरीके से उपयोग करके अपने हर काम को करीने से करते हैं तो साढ़ेसाती का समय आपके लिए शुभ हो सकता है। यही नहीं इस दौरान जो अपने साथ दूसरों के समय की भी इज्जत करते हैं उनके ऊपर कभी भी साढ़ेसाती के बुरे प्रभाव नहीं होते हैं।
अगर आप भी इनमें से हैं तो शनि की साढ़ेसाती आपके लिए शुभ फल लेकर आ सकती है। ऐसे में आपके ऊपर शनिदेव मेहरबान होते हैं और जीवन में उन्नति के द्वार खोलते हैं।
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