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    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Aug 31, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    Somvati Amavasya 2024: सोमवती अमावस्या पर करें यह सरल उपाय, अखंड सौभाग्य की होगी प्राप्ति

    Updated: Sat, 31 Aug 2024 03:38 PM (GMT+05:30)

    अमावस्या तिथि हर महीने आती है। यह तिथि भगवान शिव को प्रसन्न करने के लिए बहुत ही विशेष मानी जाती है। हिंदू पंचांग के अनुसार इस साल भाद्रपद अमावस्या 2 स ...और पढ़ें

    Somvati Amavasya 2024:सोमवती अमावस्या पर करें यह एक उपाय।
    Somvati Amavasya 2024:सोमवती अमावस्या पर करें यह एक उपाय।

    HighLights

    1. अमावस्या तिथि हर महीने आती है।
    2. यह तिथि भगवान शिव को प्रसन्न करने के लिए बहुत ही विशेष मानी जाती है।
    3. इस साल भाद्रपद अमावस्या 2 सितंबर, 2024 को मनाई जाएगी।

    धर्म डेस्क, नई दिल्ली। सोमवती अमावस्या का हिंदुओं में बहुत धार्मिक और आध्यात्मिक महत्व है। इस दिन लोग विभिन्न प्रकार की धार्मिक और आध्यात्मिक गतिविधियों करते हैं। सोमवार को पड़ने की वजह से इसे सोमवती अमावस्या के नाम से जाना जाता है। इस दिन भगवान शिव की पूजा का विधान है। इस बार सोमवती अमावस्या 2 सितंबर, 2024 को मनाई जाएगी।

    ऐसी मान्यता है कि इस दिन (Somvati Amavasya 2024) देवों के देव महादेव की खास पूजा करने से सुख और शांति की प्राप्ति होती है। इसके साथ ही सभी मनोकामनाओं की पूर्ति होती है, तो चलिए इस दिन बनने वाले शुभ योग और उपाय को जानते हैं।

    सोमवती अमावस्या 2024 शुभ योग

    ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, सोमवती अमावस्या शिव योग भोर से लेकर शाम 06 बजकर 20 मिनट तक रहेगा। वहीं, सिद्ध योग शाम 06 बजकर 20 मिनट से लेकर पूर्ण रात्रि तक रहेगा। ये दोनों ही योग बेहद शुभ माने जा रहे हैं। ऐसा कहा जा रहा है कि इस दौरान मांगलिक कार्य करने से उनमें सफलता प्राप्त होगी। साथ ही परिवार में खुशहाली आएगी।

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    सोमवती अमावस्या पर करें यह एक उपाय

    सोमवती अमावस्या के दिन भगवान शंकर और माता पार्वती की पूजा करने का विधान है। ऐसा कहा जाता है कि इस तिथि पर पीपल के पेड़ की 108 बार परिक्रमा करनी चाहिए। परिक्रमा के दौरान रक्षासूत्र भी पीपल पर बांधा जा सकता है। ऐसी मान्यता है कि इससे अखंड सौभाग्य की प्राप्ति होती है। साथ ही वैवाहिक जीवन सुखी रहता है।

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    अस्वीकरण: इस लेख में बताए गए उपाय/लाभ/सलाह और कथन केवल सामान्य सूचना के लिए हैं। दैनिक जागरण तथा जागरण न्यू मीडिया यहां इस लेख फीचर में लिखी गई बातों का समर्थन नहीं करता है। इस लेख में निहित जानकारी विभिन्न माध्यमों/ज्योतिषियों/पंचांग/प्रवचनों/मान्यताओं/धर्मग्रंथों/दंतकथाओं से संग्रहित की गई हैं। पाठकों से अनुरोध है कि लेख को अंतिम सत्य अथवा दावा न मानें एवं अपने विवेक का उपयोग करें। दैनिक जागरण तथा जागरण न्यू मीडिया अंधविश्वास के खिलाफ है।