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    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Sep 24, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    Vamana Dwadashi 2023: वामन द्वादशी पर्व कब? जानिए तिथि शुभ मुहूर्त और महत्व

    By Shantanoo MishraEdited By: Shantanoo Mishra
    Updated: Sun, 24 Sep 2023 04:01 PM (IST)

    Vamana Dwadashi 2023 हिंदू पंचांग के अनुसार भाद्रपद मास के शुक्ल पक्ष की द्वादशी तिथि के दिन वामन जयंती पर मनाया जाता है। इस विशेष दिन पर भगवान विष्णु ...और पढ़ें

    Vamana Dwadashi 2023: इस दिन मनाया जाएगा वामन द्वादशी पर्व।
    Vamana Dwadashi 2023: इस दिन मनाया जाएगा वामन द्वादशी पर्व।

    नई दिल्ली, अध्यात्म डेस्क । Vamana Dwadashi 2023: हिंदू पंचांग के अनुसार, भाद्रपद मास के शुक्ल पक्ष की द्वादशी तिथि के दिन वामन जयंती पर्व मनाया जाता है। इस विशेष दिन पर भगवान विष्णु के वामन स्वरूप की उपासना का विधान है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, इस दिन भगवान विष्णु की आराधना करने से साधक को बल, बुद्धि, विद्या और सुख-समृद्धि का आशीर्वाद प्राप्त होता है। शुक्ल पक्ष की एकादशी तिथि के दिन श्रवण नक्षत्र में अवतरित हुए थे। उनका जन्म माता अदिति और कश्यप ऋषि के पुत्र के रूप में हुआ था। आइए जानते हैं, कब मनाया जाएगा वामन जयंती पर्व और इस पर्व का महत्व।

    वामन जयंती 2023 तिथि

    शास्त्रों में बताया गया है की भाद्रपद मास के शुक्ल पक्ष की द्वादशी तिथि 26 सितंबर सुबह 05 बजकर 01 मिनट से शुरू होगी और 27 सितंबर रात्रि 01 बजकर 45 मिनट पर समाप्त हो जाएगी। ऐसे में वामन जयंती पर्व 26 सितंबर 2023, मंगलवार मनाया जाएगा। इस दिन श्रवण नक्षत्र में वामन देव की उपासना का विधान है। ऐसे में श्रवण नक्षत्र 26 सितंबर सुबह 09 बजकर 42 मिनट तक ही रहेगा।

    वामन जयंती पूजा विधि

    • वामन जयंती के दिन सुबह जल्दी उठकर स्नान-ध्यान करें और उसके बाद एक चौकी पर भगवान वामन देव की मूर्ति स्थापित करें।

    • ऐसा करने के बाद वामन देव की पंचोपचार या षडषोपचार पूजा करें और व्रत का संकल्प करें।

    • इस दिन वामन देव को दही और मिश्री का भोग अवश्य लगाएं। साथ ही दही में थोड़ा केसर जरूर मिला लें।

    • शाम के समय वामन जयंती व्रत कथा का पाठ करें और अंत में वामन देव की आरती के साथ पूजा संपन्न करें। इस विशेष दिन पर दान पुण्य अवश्य करें।

    डिसक्लेमर: इस लेख में निहित किसी भी जानकारी/सामग्री/गणना की सटीकता या विश्वसनीयता की गारंटी नहीं है। विभिन्न माध्यमों/ज्योतिषियों/पंचांग/प्रवचनों/मान्यताओं/धर्मग्रंथों से संग्रहित कर ये जानकारियां आप तक पहुंचाई गई हैं। हमारा उद्देश्य महज सूचना पहुंचाना है, इसके उपयोगकर्ता इसे महज सूचना समझकर ही लें। इसके अतिरिक्त, इसके किसी भी उपयोग की जिम्मेदारी स्वयं उपयोगकर्ता की ही रहे।