यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Oct 05, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Google search नहीं, DuckDuckGo को मिल रही थी एक खास जिम्मेदारी; Apple अपने यूजर्स के लिए ले रहा था बड़ा फैसला?
एपल आईफोन में सफारी पर प्राइवेट मोड के लिए डिफॉल्ट सर्च इंजन के रूप में गूगल की सुविधा मिलती है। मीडिया रिपोर्ट्स की मानें तो एपल गूगल सर्च को बदलने प ...और पढ़ें

टेक्नोलॉजी डेस्क, नई दिल्ली। एपल आईफोन में सफारी पर प्राइवेट मोड के लिए डिफॉल्ट सर्च इंजन के रूप में गूगल की सुविधा मिलती है। मीडिया रिपोर्ट्स की मानें तो एपल गूगल सर्च को बदलने पर विचार कर रहा था।
इसके लिए गूगल सर्च इंजन (Google)की जगह डकडकगो (DuckDuckGo) को जगह मिलने जा रही थी। कंपनी ने डकडकगो से इस बदलाव को लेकर बातचीत भी की थी। इस मामले की जानकारी Google के खिलाफ अमेरिकी सरकार के अविश्वास मुकदमे के प्रतिलेखों से सामने आई है।
साल 2018-2019 में चल रही थी गूगल को बदलने की बात
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जानकारी के मुताबिक डकडकगो के सीईओ Gabriel Weinberg (DuckDuckGo CEO) ने खुद माना कि एपल के साथ करीब 20 मीटिंग और फोन कॉल्स हुए। साल 2018-2019 में सफारी हेड के साथ भी बातचीत हुई थी।
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एपल ने नहीं स्वीकारी डकडकगो की बात
वहीं दूसरी ओर, एपल की ओर से सर्च हेड John Giannandrea (Apple executive John Giannandrea) ने कहा कि कंपनी गूगल को बदलने के विचार पर कभी काम ही नहीं कर रही थी। उनके मुताबिक सफारी में प्राइवेट ब्राउजिंग के लिए डकडकगो पर स्विच करना एक बुरा विचार था।
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डकडकगो को लेकर कहा गया कि सर्च इंजन सर्च के लिए बिंग पर निर्भर है, ऐसे में माइक्रोसॉफ्ट के कुछ यूजर्स को जानकारी देने का भी अंदेशा है।
प्राइवेट ब्राउजिंग को लेकर सफारी उन वेबसाइट को ट्रैक नहीं करता है, जिनका इस्तेमाल यूजर करता है। न ही ब्राउजिंग हिस्ट्री रखी जाती है। ऐसे में एपल के लिए डकडकगो के विकल्प पर जाना यूजर की प्राइवेसी से जुड़ा मुद्दा था।