आगरा सूर सरोवर लैंड यूज बदलाव: अधिकारियों पर गिरेगी गाज, एनजीटी ने दिए निर्देश
राष्ट्रीय हरित अधिकरण (एनजीटी) में सूर सरोवर पक्षी विहार के पास लैंड यूज बदलने के मामले में सुनवाई हुई। नियम ...और पढ़ें

सूर सरोवर पक्षी विहार।
HighLights
सूर सरोवर लैंड यूज बदलाव पर एनजीटी में सुनवाई हुई।
नियम विरुद्ध बदलाव करने वाले अधिकारियों पर होगी कार्रवाई।
डीएफओ चांदनी सिंह को कानपुर अटैच किया गया है।
जागरण संवाददाता, आगरा। सूर सरोवर पक्षी विहार के क्षेत्रफल के पुनर्निर्धारण से संबंधित वाद में सोमवार को राष्ट्रीय हरित अधिकरण (एनजीटी) में सुनवाई हुई।
वादी डॉ. शरद गुप्ता ने कहा कि राज्य सरकार सेंट्रल इम्पावर्ड कमेटी के निर्देशों के बाद पक्षी विहार के इको सेंसिटिव जोन को शून्य करने की अधिसूचना वापस लेने जा रही है। उसे इको सेंसिटिव जोन के निर्धारण का अधिकार ही नहीं था।
सूर सरोवर के पास लैंड यूज चेंज करने वाले अधिकारी फंसेंगे
डॉक्टर गुप्ता का कहना है कि इको सेंसिटिव जोन शून्य किए जाने के बाद लैंड यूज में काफी बदलाव कर दिए गए, जो नियम विरुद्ध थे। ऐसे अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए।
अगली सुनवाई 24 सितम्बर को होगी
एनजीटी ने डॉ. शरद गुप्ता को लिखित जवाब दाखिल करने के निर्देश दिए हैं। मामले में अगली सुनवाई 24 सितंबर को होगी।उधर पूरे प्रकरण की गाज डीएफओ वाइल्डलाइफ चांदनी सिंह पर गिरी है। उन्हें वन विभाग कानपुर में अटैच कर दिया गया है। प्रभार प्रभागीय निदेशक सामाजिक वानिकी राजेश कुमार को सौंपा गया है।
