राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले में नए सिरे से होगी जांच, नई SIT ने वर्चुअल बैठक कर तय किया रोडमैप
सुप्रीम कोर्ट की हरी झंडी के बाद श्रीराम जन्मभूमि मंदिर चढ़ावा चोरी प्रकरण में नई एसआईटी ने वर्चुअल बैठक कर जांच का रोड मैप तय किया। ...और पढ़ें
-1785208928024_v-1785379962660_m.webp)
Ayodhya Ram Mandir | राम मंदिर।

समय कम है?
जानिए मुख्य बातें और खबर का सार एक नजर में
जागरण संवाददाता, अयोध्या। Ram Mandir | सुप्रीम कोर्ट से हरी झंडी मिलने के बाद श्रीराम जन्मभूमि मंदिर चढ़ावा चोरी प्रकरण में नई विशेष जांच टीम (एसआईटी) ने बुधवार को अधिकारियों के साथ वर्चुअल बैठक कर जांच का रोड मैप तय किया।
बताया गया है कि टीम ने अब तक हुई जांच की समीक्षा की और फीड बैक लिया। एसआईटी ने पुलिस जांच से लेकर अब तक हुई कार्रवाई, बैंक कर्मियों की भूमिका और जुटाए गए साक्ष्यों के बारे में भी जानकारी ली।
जेल में बंद आठों आरोपितों के बारे में भी स्थानीय अधिकारियों से पूछा गया। इसके अलावा एसआईटी ने उन लोगों के बारे में भी जानकारी ली जो जांच के बाद रडार पर हैं। सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद गठित की गई नई एसआईटी की अध्यक्षता आइजी लखनऊ रेंज किरण एस कर रहे हैं।
यह भी पढ़ें- राम मंदिर ट्रस्ट ने बैकिंग के लिए तय किए नए साइनिंग अथॉरिटी; कृष्णमोहन और जगदीश आफले को मिली जिम्मेदारी
नए सिरे से जांच करेगी टीम
इसमें अयोध्या रेंज के डीआइजी सोमेन बर्मा व अयोध्या के एसएसपी डॉ. गौरव ग्रोवर शामिल हैं। इससे पहले एसएसपी अयोध्या और डीआइजी पुलिस जांच की निगरानी कर रहे थे, अब उन्हें एसआईटी का हिस्सा बना कर जांच की जाएगी। सूत्रों का कहना है कि टीम नए सिरे से जांच की समीक्षा करेगी।
खबरें और भी

संदिग्धों की संपत्तियों की होगी जांच
आरोपितों से पूछताछ, बरामदगी, दस्तावेजी साक्ष्य, डिजिटल साक्ष्य का परीक्षण कराएगी। संदिग्धों की संपत्तियों और वित्तीय गतिविधियों की भी जांच होने की बात कही जा रही है।
नए सिरे से भी संबंधितों से पूछताछ हो सकती है। तीनों अधिकारियों द्वारा आज के संवाद का यही मकसद थ। कमेटी में एक फॉरेंसिक विशेषज्ञ व चार्टेड अकाउंटेंट शीघ्र जुड़ सकते हैं, हालांकि इनके नाम अभी तय होना शेष हैं।
राम मंदिर ट्रस्ट ने बैकिंग के लिए तय किए नए साइनिंग अथॉरिटी
बता दें कि श्रीरामजन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट ने अंतरिम महासचिव कृष्णमोहन, जगदीश आफले और सीए चंदन राय को बैंक में हस्ताक्षर करने के लिए अधिकृत किया है। तीनों में से दो सदस्यों के हस्ताक्षर से ही बैंकिंग होगी।

ट्रस्ट अपना किसी भी प्रकार का भुगतान करा सकेगा। आफले राम मंदिर निर्माण के शुरुआती दौर से बतौर इंजीनियर ट्रस्ट से जुड़े हैं। वह ट्रस्ट की ओर से निर्माण की देखरेख कर रहे थे। सूत्र बताते हैं कि चंदन राय को सीए होने के कारण इसमें शामिल किया गया।