अगले 10 दिन में बदल जाएगी तस्वीर! रिंग रोड सर्वे के लिए इंजीनियरों ने डाला डेरा, यहाँ से गुजरेगा नया हाईवे
बदायूं में रिंग रोड के डीपीआर (विस्तृत परियोजना रिपोर्ट) के लिए फरवरी में सर्वे शुरू होगा। मार्क टेक्नोक्रेट्स लिमिटेड और वायंट्स साल्यूशंस प्राइवेट ल ...और पढ़ें

प्रस्तावित सड़क
HighLights
मार्क टेक्नोक्रेट्स लिमिटेड के साथ वायंट्स साल्यूशंस प्राइवेट लिमिटेड कंपनी करेगी सर्वे
सर्वे के लिए कंपनी ने सेटअप लगाना किया शुरू, करीब 19 किमी का होगा रिंग रोड
जागरण संवाददाता, बदायूं। शहर को जाम से छुटकारा दिलाने के लिए रिंग रोड का प्रस्ताव पास हो चुका है। इसके डीपीआर के लिए 1.6 करोड़ की धनराशि भी स्वीकृत हो चुकी है। रिंग रोड का डीपीआर मार्क टेक्नोक्रेट्स लिमिटेड के साथ वायंट्स साल्यूशंस प्राइवेट लिमिटेड कंपनी तैयार करेगी। कंपनी ने रिंग रोड की डीपीआर तैयार करने को सर्वे करने के लिए सेटअप लगाना शुरू कर दिया है।
फरवरी में सर्वे का काम शुरू हो जाएगा। एनएचएआइ से जुड़े अधिकारियों का दावा है कंपनी के लोग आठ से दस दिन में यहां आ जाएंगे। इसके बाद सर्वे शुरू होगा। बताते हैं कि यह पूरा रिंग रोड करीब 19 किमी का होगा, जो सौ से अधिक गांव से होकर गुजरेगा। शहर में यातायात के दबाव के कारण सालों से जाम की समस्या बनी हुई है।
इस जाम की समस्या से निजात दिलाने के लिए शहर में रिंग रोड बनाने की मांग लंबे समय से चली आ रही थी। लेकिन कई प्रयासों के बाद भी इस पर मुहर नहीं लग सकी थी। हाल ही दीपावली से पहले केंद्रीय मंत्री बीएल वर्मा ने जानकारी दी थी कि रिंग रोड बनाए जाने का प्रस्ताव स्वीकार हो गया है। वहीं पिछले माह दिसंबर में उन्होंने रिंग रोड के डीपीआर के लिए 1.6 करोड़ रुपये स्वीकृत होने की जानकारी भी दी थी।
इसके बाद से ही शहर के लोग रिंग रोड बनने और जाम से छुटकारा मिलने को लेकर काफी आशान्वित नजर आ रहे हैं। रिंग रोड की डीपीआर बनाने के लिए एनएचएआइ की परियोजना कार्यान्वयन इकाई द्वारा 13 जनवरी को पत्र जारी कर 1.6 करोड़ रुपये जारी करने की जानकारी दी गई थी।
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इसमें बताया गया था कि डीपीआर तैयार करने का कार्य मार्क टेक्नोक्रेट्स लिमिटेड के साथ वायंट्स साल्यूशंस प्राइवेट लिमिटेड कंपनी को दिया गया है। यह कार्य इटावा-फर्रुखाबाद-बरेली खंड से संबंधित मौजूदा परामर्श सेवाओं के दायरे में परिवर्तन के अंतर्गत कराया जाएगा। इसके बाद कार्यदायी संस्था धनराशि मिलने का इंतजार कर रही थी।
बताते हैं कि अब धनराशि मिल चुकी है। इसके बाद ही कार्यदायी संस्था ने यहां फुटवर्क शुरू करते हुए अपना सेटअप लगाना शुरू कर दिया है। बताते हैं कि आठ से दस दिन के अंदर कंपनी के इंजीनियर यहां आकर सर्वे का काम शुरू कर देंगे।
इस तरह रिंग रोड निकलने की संभावना
यह रिंग रोड करीब 19 किमी का होगा, जो बरेली रोड से शुरू होकर दातागंज रोड, ककराला और उसावां और शेखूपुर मार्ग से होते हुए मेडिकल कालेज के पास जाकर निकलेगा। इसमें करीब सौ गांव की जमीनों का अधिग्रहण किया जाएगा।
बरेली-मथुरा हाईवे पर चल रहा तेजी से कार्य
इन दिनों एनएचएआइ का पूरा फोकस बरेली मथुरा हाईवे पर है। इस समय बदायूं में तृतीय और चतुर्थ चरण का कार्य चल रहा है। इसमें तृतीय चरण का कार्य कछला से बदायूं मेडिकल कालेज तक और चौथे चरण का कार्य मेडिकल कालेज से बरेली तक कराया जा रहा है।
इसके लिए कुल दस जगह डायवर्जन किया गया है। जिससे यातायात संचालन में परेशानी न आए। शहर के बाइपास पर इन दिनों करीब चार जगह डायवर्जन किया गया है। जिसमें एक साइड का मार्ग अवरुद्ध कर काम किया जा रहा है, वहीं दूसरी साइड पर यातायात संचालन का कार्य चल रहा है।
प्रस्तावित रिंग रोड की डीपीआर का कार्य करने वाली कंपनी आठ से दस दिन में यहां आकर सर्वे का कार्य शुरू कर देंगी। फिलहाल उन्होंने अपना सेटअप लगाना शुरू कर दिया है। इन दिनों बरेली-मथुरा हाईवे पर दोनों हिस्सों में कार्य तेजी से चल रहा है।
- उत्कर्ष शुक्ला, परियोजना निदेशक, एनएचएआई
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