बलिया में आंधी और भारी बारिश से मची अफरा-तफरी, क्रय केंद्रों पर भीगे गेहूं के बोरे
बलिया में बुधवार शाम अचानक मौसम बदलने से तेज आंधी और हल्की बारिश हुई, जिससे जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया। आंधी के कारण बिजली गुल हुई, फसलों को नुकसान पहु ...और पढ़ें

बलिया में आंधी-बारिश से जनजीवन प्रभावित, क्रय केंद्रों पर भीगा गेहूं।
HighLights
बलिया में तेज आंधी और हल्की बारिश से अफरा-तफरी।
बिजली आपूर्ति बाधित, पेड़ों की टहनियां टूटीं, फसलें प्रभावित।
क्रय केंद्रों पर खुले में रखा गेहूं बारिश से भीग गया।
जागरण संवाददाता, बलिया। जनपद में बुधवार की शाम को मौसम ने अचानक करवट बदल लिया। दिनभर तेज धूप और उमस के बाद शाम होते-होते तेज आंधी व हल्की बारिश से अफरा-तफरी मच गई। आंधी के साथ उड़ती धूल और तेज हवाओं से टीन शेड उड़ने लगे। सड़क पर चल रहे राहगीरों को सुरक्षित स्थान तलाशना पड़ा।
कई जगहों पर पेड़ों की टहनियां टूटकर गिर गईं, वहीं दुकानदारों को भी अपना सामान समेटना पड़ा। आंधी के कारण बिजली व्यवस्था भी प्रभावित हुई और कई इलाकों में आपूर्ति बाधित हो गई। खेतों में फसलों को भी नुकसान पहुंचने की आशंका जताई जा रही है। किसान तेज हवाओं को लेकर चिंतित नजर आए। अभी के समय में 57 क्रय केंद्राें पर गेहूं की खरीद हो रही है।
अचानक मौसम बदलने पर सभी केंद्रों पर खुले में रखे गए गेहूं भींग गए। पहले से प्लास्टिक का इंतजाम भी नहीं किया गया था। लगभग एक घंटा तक आंधी और बारिश के बीच विद्युत आपूर्ति पूरे जनपद में बाधित हो गई। जनपद में मौसम का मिजाज पिछले तीन दिनों से बदला हुआ है। दिन में तेज धूप और बढ़ते तापमान के कारण लोगों को गर्मी का एहसास हो रहा है, जबकि रात के समय हल्की ठंडक से कुछ राहत मिल रही है।
अधिकतम तापमान 34 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम 23 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। सुबह के समय मौसम सामान्य रहा, लेकिन जैसे-जैसे दिन चढ़ा, धूप तीखी होती गई। दोपहर में गर्म हवाओं के कारण सड़कों पर आवाजाही कम दिखी। बाजारों में भी दोपहर के समय सन्नाटा पसरा रहा। हालांकि शाम ढ़लते ही तापमान में गिरावट आई और लोगों ने राहत महसूस की। मौसम विज्ञान केंद्र मिड्ढ़ा के प्रभारी सुरेश सिंह ने बताया कि अगले पांच दिन तक अधिकतम तापमान में 34 से 36 डिग्री सेल्सियस रहने की उम्मीद है।