एशियन गेम्स में फिर गरजेगा यूपी का नाम! ओलंपिक खेल चुकीं प्रियंका गोस्वामी से देश को स्वर्ण पदक की आस
इज्जतनगर रेल मंडल की खिलाड़ी प्रियंका गोस्वामी एशियाई खेलों में वाक रेस में हिस्सा ले रही हैं, जिनसे देश को ...और पढ़ें

प्रियंका गोस्वामी और गीता शर्मा
HighLights
इज्जतनगर रेल मंडल की खिलाड़ी प्रियंका एशियाई खेलों में वाक रेस में ले रहीं हिस्सा
जागरण संवाददाता, बरेली। 20वें एशियन गेम्स में पूर्वोत्तर रेलवे के इज्जतनगर मंडल की खिलाड़ी प्रियंका गोस्वामी हिस्सा ले रही हैं। प्रियंका से रेलवे के साथ-साथ पूरे देश को पदक की उम्मीद है। प्रियंका इससे पहले राष्ट्रमंडल खेलों में पदक जीत चुकी हैं। इज्जतनगर मंडल की दो अन्य महिला खिलाड़ियों गीता शर्मा और रजनी जोशी ने भी एशियाई खेलों में हिस्सा लेकर रेलवे का मान बढ़ाया है।
ये खिलाड़ी बरेली के खिलाड़ियों के लिए भी एक रोल माडल हैं। इन तीनों ने खेलों में अपने हुनर के दम पर पदक जीतने के बाद ही रेलवे में नौकरी पाई और इस दोहरी जिम्मेदारी को निभा रही हैं। एशियन गेम्स में 27 सितंबर को वाक रेस इवेंट होगा।
अर्जुन पुरस्कार से भी सम्मानित हो चुकी प्रियंका
मेरठ निवासी प्रियंका गाेस्वामी इज्जतनगर मंडल में ओएसडी हैं। उन्हें राष्ट्रीय खेल पुरस्कार-2025 के तहत अर्जुन पुरस्कार से सम्मानित किया गया था। प्रियंका गोस्वामी ने रेस वाकिंग के क्षेत्र में अंतरराष्ट्रीय स्तर पर उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए देश का गौरव बढ़ाया है।
बर्मिंघम राष्ट्रमंडल खेल-2022 में उन्होंने 10,000 मीटर रेस वाक स्पर्धा में रजत पदक जीता था। वर्ष 2023 में बैंकाक में आयोजित एशियाई एथलेटिक्स चैंपियनशिप में उन्होंने 20 किलोमीटर रेस वाक में रजत पदक प्राप्त किया।
इसके अलावा प्रियंका गोस्वामी टोक्यो ओलंपिक-2020 एवं पेरिस ओलंपिक-2024 में भी भारत का प्रतिनिधित्व कर चुकी हैं। यही वजह है कि एशियन गेम्स में भी प्रियंका से पदक की उम्मीद है।
गीता शर्मा ने हाकी में देश-विदेश में बढ़ाया नाम
पूर्वोत्तर रेलवे की महिला हाकी टीम की मैनेजर एवं स्पोर्ट्स सेक्रेटरी की जिम्मेदारी निभा रहीं अंतरराष्ट्रीय हाकी खिलाड़ी गीता शर्मा ने अपनी प्रतिभा का शानदार प्रदर्शन कर पहचान बनाई।
गीता शर्मा ने 1989 में हंगरी और 1990 में जापान में हुई टेस्ट सीरीज में भारतीय टीम का प्रतिनिधित्व किया। वह वर्ष 1991 में जर्मनी में आयोजित फोर्थ नेशन गेम में रजत पदक जीतने वाली भारतीय टीम में भी शामिल रहीं।
इसके बाद उन्होंने 1992 में मलेशिया में आयोजित एशिया कप में भाग लिया। मलेशिया में टीम ने कांस्य पदक जीता था। इसी वर्ष पुणे में आयोजित फेडरेशन कप में भी वह शामिल रहीं।
वर्ष 1993 में उन्होंने ब्रिटेन में टेस्ट सीरीज और दिल्ली में आयोजित फोर्थ नेशन गेम में हिस्सा लिया। फोर्थ नेशन गेम में भारतीय टीम ने कांस्य पदक जीता।
वर्ष 1994 में चंडीगढ़ में आयोजित इंदिरा गोल्ड कप और श्रीलंका में हुई टेस्ट सीरीज उनके अंतरराष्ट्रीय करियर की प्रमुख उपलब्धियों में शामिल हैं। उन्होंने उम्मीद जताई है कि इस बार भी एशियन गेम्स में भारत की झोली में कई पदक आएंगे।
