बस्ती में सरयू नदी का घटता जलस्तर बढ़ा रहा कटान का खतरा, ग्रामीणों में दहशत
सरयू नदी का जलस्तर घटने से बस्ती के विक्रमजोत क्षेत्र में कटान का खतरा बढ़ गया है, जिससे किनारे बसे गांवों के ग्रामीण भयभीत हैं। प्रशासन पर लापरवाही क ...और पढ़ें

विक्रमजोत क्षेत्र के पकड़ी संग्राम के पास नदी की धारा।- जागरण
HighLights
सरयू नदी का जलस्तर घटने से कटान का खतरा बढ़ा।
विक्रमजोत क्षेत्र के कई गांव कटान की चपेट में।
ग्रामीणों ने प्रशासन से पुख्ता इंतजाम की मांग की।
संवाद सूत्र, विक्रमजोत (बस्ती)। सरयू नदी के किनारे बसे गांवों में रहने वाले ग्रामीणों की जिंदगियां वर्षा के दिनों में नदी के उतार चढ़ाव में सहमी हुई हैं । नदी के जलस्तर बढ़ने पर बाढ़ का डर और घटने पर कटान का खतरा ग्रामीणों के लिए मुसीबत बन चुका है।
बीते दो दिनों से नदी के जलस्तर में हो रही कमी के चलते जहां बाढ़ खंड व प्रशासन राहत महसूस कर रहा है वहीं किनारे बसी आबादी कटान के डर से सहमी हुई है। केंद्रीय जल आयोग अयोध्या से प्राप्त सूचना के आधार पर सरयू नदी का जलस्तर वार्निंग लेबल 91.730 मीटर से 47 सेमी कम होकर 91.26 मीटर पहुंच गया है। नदी के पानी में और कमी होने के संकेत मिल रहे हैं।
जलस्तर के घटते ही विक्रमजोत क्षेत्र के कुछ जगहों पर कटान होने से ग्रामीणों में उहापोह की स्थिति बनी हुई है। क्षेत्र के केशवपुर , भरथापुर, चांदपुर, छतौना मांझा, शम्भूपुर, लकड़ी, पकड़ी संग्राम, अर्जुनपुर सहित गांव नदी के मुहाने पर स्थित हैं।
पकड़ी संग्राम गांव में बीते साल नदी ने तबाही मचाते हुए आधा दर्जन रिहायसी झोपड़ियों, मकानों को निशाना बनाते हुए, खेतों में खड़ी फसलों व पेड़ों को को अपने आगोश में लेकर रेत में बदल दिया। जिसको लेकर ग्रामीणों में डर का माहौल है।
खबरें और भी
यह भी पढ़ें- बस्ती में युवती से सामूहिक दुष्कर्म, अश्लील वीडियो बनाकर ब्लैकमेल करने वाले चार आरोपी नामजद
ग्रामीणों का आरोप है कि प्रशासन की अनदेखी से कहीं उन्हें अपने आशियानों से बेघर न होना पड़ जाये। नदी में हो रही कटान रोकने के लिए गांवों में कोई पुख्ता इंतजाम नहीं कराया गया है।
इस संबंध में बाढ़ खंड के एसडीओ वृजेश सोनी का कहना है कि बाढ़ खण्ड द्वारा गांव की सुरक्षा के लिए परियोजना विभाग को बीते साल भेजी गई थी जो कि स्वीकृत नहीं हो पायी पुन: स्वीकृत के लिए परियोजना बनायी जायेगी।