भदोही में स्पाइस जेट कंपनी के एमडी को उचित सेवाएं न देने पर जारी किया गया नोटिस, जानें पूरा प्रकरण
भदोही उपभोक्ता आयोग ने स्पाइसजेट के प्रबंध निदेशक को नोटिस जारी किया है। यह नोटिस गलत बोर्डिंग पास, उड़ान रद्द होने और पैसे वापस न करने के मामले में द ...और पढ़ें

भदोही में स्पाइसजेट को उपभोक्ता आयोग का नोटिस, एमडी को जवाब देने का आदेश।
HighLights
स्पाइसजेट एमडी को भदोही उपभोक्ता आयोग का नोटिस जारी।
गलत बोर्डिंग पास, उड़ान रद्द होने पर नहीं मिला रिफंड।
यात्री संदीप पांडेय ने दायर किया था वाद, मांगा मुआवजा।
जागरण संवाददाता, भदोही। जिला उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग अध्यक्ष संजय कुमार डे ने मंगलवार को सिंहपुर निवासी संदीप पांडेय को विधि विरुद्ध व्यावसायिक प्रक्रिया प्रयाेग करने, उचित सेवाएं न देने पर स्पाइस जेट लिमिटेड उद्योग विहार फेज-5 गुरुग्राम के प्रबंधक निदेशक को नोटिस जारी किया है।
आयोग ने एमडी को सात सितंबर 26 तक अपना पक्ष रखने को कहा है। कंपनी पर आरोप है कि कंपनी ने गलत बोर्डिंग पास दिया जिससे फ्लाइट कैसिंल हो गई। उसके बाद अब तक कंपनी ने रुपया भी वापस नहीं किया।
संदीप पांडेय ने आयोग में वाद दायर कर कहा कि वह परिवार के साथ मुंबई रहते हैं। उनके पारिवारिक में पांच मई 26 को शादी थी। शादी समारोह में शामिल होने के लिए तीन मई की यात्रा के लिए उन्होंने बनारस के लिए 22 अप्रैल को ही स्पाइस जेट की फ्लाइट बुक की। उसका पीएनआर ईबीएलटी9एम, एसजी था।
फ्लाइट संख्या 5जी-505 बीओएम-वीएनएस था। इस पर फ्लाइट कैसिंल होने की दशा में फुल रिफंड भी लिखा हुआ था। तय कार्यक्रम के तहत वह सुबह पांच बजे ही मुंबई टर्मिनल एयरपोर्ट पहुंच गए। एयरपोर्ट पर उन्हें जो बोर्डिंग पास दिया गया उसमें फ्लाइट के डिपार्चर का समय 2.40 पीएम दिया था, जबकि फ्लाइट के डिपार्चर की टाइमिंग सुबह 8.05 बजे था।
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इससे उन्हें परेशानी हुई और वे 2.40 तक फ्लाइट का इंतजार करते रहे। आखिरी समय में उन्हें फ्लाइट कैसिंल होने की जानकारी मिली। हड़बड़ी में टैक्सी लेकर घर आए और ट्रेन का तत्काल टिकट लेकर रवाना हुए लेकिन समय से नहीं पहुंच गए। कहा कंपनी का उनके मोबाइल पर मैसेज आया था, लेकिन आज तक उनका पैसा नहीं लौटाया गया।
उन्होंने फ्लाइट टिकट का आठ हजार, ट्रेन टिकट का 10 हजार और मानसिक क्षति के लिए पांच लाख रुपये मांगे। आयोग ने याचिका स्वीकार की। इस मामले में आयोग ने निर्देश जारी कर पक्ष रखने की बात कही है। मामले में स्पष्ट जानकारी नहीं मिलने पर बताया गया कि कार्रवाई की जाएगी।