Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे पर किसानों का आंदोलन 18वें दिन भी जारी, भोजपुर टोल दो घंटे तक कराया फ्री

    Updated: Thu, 08 Jan 2026 04:43 PM (IST)

    दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेस-वे पर तलहैटा में निर्माणाधीन गोल चक्कर के पास रास्ते की मांग को लेकर भाकियू का आंदोलन 18वें दिन भी जारी रहा। किसानों ने बृहस्पति ...और पढ़ें

    भोजपुर टोल पर बैरियर तोड़ते भाकियू पदाधिकारी। जागरण

    भोजपुर टोल पर बैरियर तोड़ते भाकियू पदाधिकारी। जागरण

    HighLights

    1. भाकियू का 18वें दिन भी तलहैटा में धरना जारी।

    2. किसानों ने भोजपुर टोल दो घंटे तक फ्री कराया।

    3. एनएचएआई से वार्ता के आश्वासन पर धरना स्थगित।

    जागरण संवाददाता, भोजपुर (गाजियाबाद)। दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेस-वे पर तलहैटा में निर्माणाधीन गोल चक्कर के पास उतार चढ़ाव के लिए रास्ता देने समेत अन्य मांगों को लेकर चल रहा भाकियू का आंदोलन 18वें दिन भी जारी रहा।

    बृहस्पतिवार दोपहर को बड़ी संख्या में किसान व भाकियू पदाधिकारी भोजपुर टोल पर पहुंचे और दरी बिछाकर धरने पर बैठ गए। दो घंटे तक टोल फ्री कराया। बैरियर तोड़कर फास्टैग स्कैन कैमरों को पालिथीन से ढ़क दिया। बिना टोल शुल्क दिये वाहनों को यहां से निकाला गया।

    प्रशासनिक अधिकारियों ने जल्द एनएचएआई के पीडी से वार्ता कराने का आश्वासन दिया, जिसपर धरना स्थगित किया गया।

    गोलचक्कर का काम बंद करने को दिया था धरना

    दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेस-वे पर तलहैटा के पास गोल चक्कर बनाया जा रहा है। 17 दिन पहले भारतीय किसान यूनियन के बैनर तले किसानों ने इस कार्य को बंद कराकर माैके पर धरना शुरू कर दिया। धरने में सैदपुर, चुड़ियाला, तलहैटा, मुरादाबाद समेत आसपास के 15 से अधिक गांव से किसान धरने में शामिल हो रहे हैं।

    67672037

    रोजाना धरना चल रहा है। इसी क्रम में बृहस्पतिवार को भोजपुर ब्लाक परिसर में पंचायत हुई। पंचायत के बाद दोपहर करीब पौने दो बजे पदाधिकारी भोजपुर टाेल पर पहुंचे और एक्सप्रेस-वे से नीचे उतरने वाली लेन पर धरना शुरू कर दिया। बिना टोल के वाहनों को एक्सप्रेस-वे से उतारा गया।

    100 से ज्यादा वाहन टोल-फ्री गुजरे

    दो घंटे में 100 से अधिक वाहन बिना टोल के एक्सप्रेस-वे से उतरे। इस दौरान पदाधिकारियों ने कहा कि तलहैटा में 17 दिन से वे भीषण सर्दी में धरने पर बैठे हैं। लेकिन एनएचएआई का एक भी अधिकारी उनकी सुध लेने नहीं पहुंचा है। अधिकारी तानाशाही कर रहे हैं। अधिकारी किसानों की बातों को गंभीरता सें लें।

    खबरें और भी

    किसानों को यहां पर उतार-चढ़ाव के लिए रास्ता दिलाया जाए। एक्सप्रेस-वे की सर्विस रोड के पास ठेकेदार द्वारा किये गए मिट्टी के खनन को तत्काल बंद कराया जाए। पदाधिकारियों का हंगामा बढ़ता देख पुलिस बल मौके पर पहुंचा।

    यह भी पढ़ें- गाजियाबाद के लोगों को जाम से राहत, हरनंदी नदी पर फोर लेन पुल की मांग को मिली हरी झंडी

    तहसीलदार रजत सिंह व नायब तहसीलदार मुकेश शर्मा भी मौके पर पहुंचे। किसी तरह पदाधिकारियों को शांत कर दो घंटे बाद टोल से धरना समाप्त कराया। पदाधिकारियों ने चेतावनी दी जब तक एनएचएआई के पीडी से वार्ता नहीं होगी तब तक निर्माणाधीन गोल चक्कर का कार्य बंद रहेगा। तलहैटा में किसानों का धरना भी जारी रहेगा।

    परतापुर टोल भी फ्री कराने की चेतावनी

    पदाधिकारियों ने आंदोलन में यह पहली पंचायत थी। अभी से अधिकारी घबराने लगे हैं। यदि दूसरी पंचायत से पहले मांग पूरी नहीं हुई तो आंदोलन को तेज कर दिया जाएगा। अगली पंचायत में भोजपुर के साथ मेरठ के परतापुर टोल भी फ्री करा दिया जाएगा। इसकी पूरी जिम्मेदारी एनएचएआई अधिकारियों की हाेगी।