UPI से जोड़ने का मैसेज नजरअंदाज करना पड़ा महंगा, गाजियाबाद में शाहिद के खाते से उड़े लाखों रुपये
गाजियाबाद में एक व्यक्ति साइबर ठगी का शिकार हो गया, जहां यूपीआई से बैंक खाता जोड़ने के मैसेज को नजरअंदाज ...और पढ़ें
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खाते से लाखों रुपये उड़े। AI जनरेटेड
HighLights
गाजियाबाद में साइबर ठगों ने 7.05 लाख रुपये उड़ाए।
पीड़ित ने यूपीआई लिंक मैसेज को नजरअंदाज किया था।
पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
जागरण संवाददाता, गाजियाबाद। गाजियाबाद में साइबर ठगी का एक नया मामला सामने आया है।मालीवाड़ा निवासी शाहिद आलम के खाते से साइबर ठगों ने 7.05 लाख रुपये निकाल लिए।
पीड़ित के मोबाइल पर पहले बैंक खाते को यूपीआई से जोड़ने और ऑनलाइन ट्रांजेक्शन की सुविधा शुरू करने संबंधी मैसेज आया था। पीड़ित का कहना है कि वह ज्यादा पढ़े-लिखे नहीं हैं, इसलिए उन्होंने मैसेज पर ध्यान नहीं दिया।
इसके बाद ठगों ने 9 जुलाई से 14 जुलाई के बीच उनके खाते से 13 बार में 7.05 लाख रुपये दूसरे खातों में ट्रांसफर कर लिए।
मोबाइल पर आया था मैसेज
शाहिद आलम के मुताबिक, 7 जुलाई को उनके मोबाइल पर मैसेज आया था। इसमें खाते को यूपीआई से कनेक्ट करने और ऑनलाइन ट्रांजेक्शन की सुविधा चालू करने की जानकारी दी गई थी।
खाते से रुपये निकलने पर ठगी का पता चला
उन्होंने इसे सामान्य संदेश समझकर नजरअंदाज कर दिया। इसके 2 दिन बाद खाते से रुपये निकलने शुरू हो गए। 9 जुलाई से 14 जुलाई के बीच अलग-अलग लेनदेन के जरिये रकम दूसरे खातों में भेज दी गई। खाते से लगातार रुपये निकलने की जानकारी मिलने के बाद पीड़ित को ठगी का पता चला।
उन्होंने मामले की शिकायत साइबर क्राइम थाने में की। पुलिस ने शिकायत के आधार पर केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस उन खातों और लेनदेन की जानकारी जुटा रही है, जिनमें ठगी की रकम ट्रांसफर हुई है।
