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    नोएडा एयरपोर्ट बना विकल्प, हिंडन में इंतजार; लखनऊ-प्रयागराज के लिए फ्लाइट क्यों अटकी?

    Updated: Wed, 01 Jul 2026 08:27 AM (IST)

    हिंडन एयरपोर्ट से लखनऊ और प्रयागराज के लिए उड़ानें शुरू करने की मांग तेज हो गई है, सांसद अतुल गर्ग ने मंत्रालय को पत्र लिखा है। ...और पढ़ें

    Hindon Airport से 7 साल में भी लखनऊ, प्रयागराज की उड़ान शुरू नहीं हो सकी।

    Hindon Airport से 7 साल में भी लखनऊ, प्रयागराज की उड़ान शुरू नहीं हो सकी।

    HighLights

    1. सांसद अतुल गर्ग ने मंत्रालय को लिखा पत्र।

    2. लखनऊ-प्रयागराज उड़ानें शुरू करने की मांग।

    3. यात्रियों को दिल्ली/नोएडा एयरपोर्ट जाना पड़ता है।

    जितेंद्र सिंह, साहिबाबाद। हिंडन एयरपोर्ट (Hindon Airport) संचालन के सात साल पूरे होने के बाद भी लखनऊ और प्रयागराज के लिए यहां से उड़ान शुरू नहीं हो सकी है। दोनों शहरों के लिए लोगों की जरूरत को देखते हुए लंबे समय से जनप्रतिनिधि प्रयास कर रहे हैं।

    कई बार पत्राचार और बैठकों के बाद भी इन शहरों के लिए लोगों को अभी दिल्ली की दौड़ लगानी पड़ रही है जबकि अब लखनऊ के लिए नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट भी विकल्प के रूप में सामने है। हालांकि हिंडन से यह सुविधा शुरू होने से लोगों की भागदौड़ कम होगी और उनका एयरपोर्ट पहुंचने में समय भी बचेगा।

    कब हुआ था हिंडन एयरपोर्ट का उद्घाटन?

    प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने आठ मार्च 2019 को हिंडन एयरपोर्ट का उद्घाटन किया था। एयरपोर्ट से 11 अप्रैल 2019 को पिथौरागढ़ के लिए नौ सीटर फ्लाइट ने उड़ान भरी थी। इसके बाद से हिंडन एयरपोर्ट से लखनऊ और प्रयागराज के लिए उड़ान शुरू करने के दावे किए गए थे लेकिन ऐसा हो न सका।

    Hindon

    मजबूरी में गाजियाबाद में साहिबाबाद, मोदीनगर, मुरादनगर, मेरठ के लोगों को इन शहरों की उड़ान के लिए या तो दिल्ली जाना पड़ता है या तो नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट जाना पड़ता है। मंगलवार को सांसद और हिंडन एयरपोर्ट सलाहकार समिति के अध्यक्ष अतुल गर्ग ने लखनऊ और प्रयागराज के लिए उड़ान शुरू करने के लिए मंत्रालय को पत्र लिखा है।

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    नोएडा इंटरनेशनल और दिल्ली एयरपोर्ट हैं दूर

    गाजियाबाद और मेरठ से नोएडा और दिल्ली एयरपोर्ट की दूरी ज्यादा है। गाजियाबाद से दिल्ली एयरपोर्ट करीब 43 किलोमीटर है। यहां पहुंचने में करीब डेढ़ घंटा लग जाता है। साथ ही इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर चेक इन करने में भी समय लगता है। किसी को फ्लाइट पकड़नी है तो करीब तीन घंटे पहले घर से चलना पड़ता है। गाजियाबाद से नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट की दूरी करीब 68 किलोमीटर है। यहां पहुंचने में करीब डेढ़ घंटे लगता है। यहां भी फ्लाइट पकड़ने के लिए करीब तीन घंटे पहले निकलना होता है।

    मेरठ से दिल्ली एयरपोर्ट की दूरी करीब 89 किलोमीटर है। एयरपोर्ट पहुंचने में करीब ढाई घंटे लग जाते हैं। यहां फ्लाइट पकड़ने के लिए यात्री को करीब चार घंटे पहले निकलना होगा। मेरठ से नाेएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट की दूरी 121 किलोमीटर है। यहां पहुंचने में करीब तीन घंटे लग जाते हैं। फ्लाइट पकड़ने के लिए करीब चार घंटे पहले निकलना होगा। साथ ही ज्यादा किराया भी देना होगा।

    हिंडन एयरपोर्ट से आठ शहरों की उड़ानें

    हिंडन एयरपोर्ट से अभी इंडिगो और स्टार एयर की ओर से बेंगलुरु, चेन्नई, कोलकाता, वाराणसी, नवी मुंबई, नांदेड़, आदमपुर और मुंद्रा की उड़ाने हैं। जबकि यहां से पिथौरागढ़, हुबली, कलबुर्गी, गोवा, कोलकाता, जम्मू, भुवनेश्वर, लुधियाना, किशनगढ़, देहरादून और जयपुर आदि स्थानों के लिए उड़ान बंद की जा चुकी है।

    रात में भी खुलेगा हिंडन एयरपोर्ट

    हिंडन एयरपोर्ट हिंडन एयरफोर्स के एयर ट्रैफिक कंट्रोल (एटीसी) का अभी इस्तेमाल करता है। वहीं से उड़ानों का संचालन सूर्योदय से सूर्यास्त तक होता है। सूरज ढलने के बाद भी उड़ान सेवा चालू करने की तैयारी है। एयरपोर्ट प्राधिकरण द्वारा एटीसी पर अपने कर्मचारी रखने की योजना है।

    अपने कर्मचारी रखने के बाद रात में भी उड़ानों का संचालन कर सकेंगे। हिंडन एयरपोर्ट फ्लाइट आपरेशन बढ़ाने और यात्रियों की सुविधाएं बेहतर करने के लिए इंफ्रास्ट्रक्चर अपग्रेड कर रहा है। अधिकारी रात में भी आपरेशन शुरू करने और एयरक्राफ्ट पार्किंग की क्षमता बढ़ाने के प्रस्तावों पर काम कर रहे हैं।

    हिंडन एयरपोर्ट से लखनऊ और प्रयागराज की उड़ान शुरू करने के लिए मंत्रालय को पत्र लिखा है। बातचीत कर उड़ान जल्द शुरू कराई जाएगी। एयरपोर्ट का विस्तार कार्य तेजी से चल रहा है। सुविधाएं बढ़ाई जा रही हैं। विमानों की पार्किंग भी बढ़ाई जा रही है। यह सब सुविधाएं विकसित होने के बाद उड़ान शुरू कराई जाएगी।

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    - अतुल गर्ग, सांसद और हिंडन एयरपोर्ट सलाहकार समिति के अध्यक्ष