कुशाग्र पाठक बने सेना में लेफ्टिनेंट, गांव में बधाई देने वालों की लगी भीड़
गाजीपुर के रूकुंदीपुर गांव निवासी कुशाग्र पाठक भारतीय सेना में लेफ्टिनेंट बने हैं। उनकी इस उपलब्धि से पूरे जिले में खुशी का माहौल है। ...और पढ़ें

कुशाग्र पाठक बने सेना में लेफ्टिनेंट।
HighLights
कुशाग्र पाठक भारतीय सेना में लेफ्टिनेंट पद पर चयनित।
गाजीपुर जिले में खुशी और गर्व का माहौल।
मराठा रेजिमेंट में हुई पहली तैनाती, युवाओं को प्रेरणा।
जागरण संवाददाता, गाजीपुर। नोनहरा थाना क्षेत्र के रूकुंदीपुर गांव निवासी और वर्तमान में तुलसीसागर में रहने वाले अधिवक्ता सदानंद पाठक के पुत्र कुशाग्र पाठक का भारतीय सेना में लेफ्टिनेंट पद पर चयन होने से पूरे जिले में हर्ष का माहौल है।
उनकी इस उपलब्धि से परिवार, रिश्तेदारों और क्षेत्रवासियों में खुशी की लहर दौड़ गई है। गांव में उन्हें बधाई देने वालों का तांता लगा हुआ है। कुशाग्र पाठक बचपन से ही मेधावी और अनुशासित छात्र रहे हैं। उनकी प्रारंभिक शिक्षा नगर के शाहफैज स्कूल से हुई।
आगे की पढ़ाई के दौरान वे प्रयागराज में एनसीसी से जुड़े, जहां उन्होंने कठिन प्रशिक्षण के बीच सेना में अधिकारी बनने का लक्ष्य तय किया और कड़ी मेहनत से उसे हासिल किया।
हाल ही में चेन्नई में आयोजित पासिंग आउट परेड में उन्होंने बतौर लेफ्टिनेंट भारतीय सेना में शामिल होकर अपने परिवार और जनपद का नाम रोशन किया। इस मौके पर उनके माता-पिता ने कंधे पर बैज लगाकर उनका स्वागत किया, जो परिवार के लिए गर्व का क्षण रहा।
कुशाग्र के पिता सदानंद पाठक अधिवक्ता हैं, जबकि उनकी माता कमला पाठक गृहिणी हैं। मराठा रेजिमेंट में लेफ्टिनेंट के रूप में उनकी पहली तैनाती हुई है। उनकी सफलता से क्षेत्र के युवाओं को प्रेरणा मिल रही है।