राह-वीर योजना की बढ़ी राशि, सड़क हादसों में मदद करने वालों को मिलेंगे 25 हजार
उत्तर प्रदेश सरकार ने सड़क दुर्घटना पीड़ितों की मदद करने वालों के लिए राह-वीर योजना शुरू की है। इस योजना के तहत घायलों को अस्पताल पहुंचाने वाले मददगार ...और पढ़ें

HighLights
- राह-वीर योजना सड़क दुर्घटना पीड़ितों के मददगारों को सम्मान |
- पुरस्कार राशि बढ़कर हुई 25,000 रुपये प्रति केस |
- गोल्डन आवर दुर्घटना के बाद का पहला घंटा महत्वपूर्ण |
जागरण संवाददाता, गाजीपुर। शासन ने सड़क हादसों में घायलों को तुरंत मदद पहुंचाने वालों के लिए ‘राह-वीर योजना’ लागू करने का फैसला किया है। इस योजना का उद्देश्य है कि दुर्घटना स्थल पर मौजूद लोग घायल को बिना देर किए अस्पताल पहुंचाने के लिए आगे आएं। गोल्डन आवर यानी हादसे के बाद का पहला एक घंटा जीवन बचाने में सबसे अहम माना जाता है।
शासन द्वारा जारी आदेश के अनुसार, ‘गुड सेमैरिटन’ यानी मददगार राहगीरों को पुरस्कृत किया जाएगा। पहले इस योजना में इनाम की राशि 5,000 रुपये थी, जिसे बढ़ाकर अब 25,000 रुपये प्रति केस कर दिया गया है। पुलिस अधीक्षक, मुख्य चिकित्सा अधिकारी और परिवहन विभाग के अधिकारी मिलकर जिला स्तरीय कमेटी का गठन करेंगे।
‘राह-वीर योजना’ के तहत इनाम पाने के लिए यह जरूरी होगा कि दुर्घटना में घायल व्यक्ति को गंभीर चोट पहुंची हो, जैसे बड़ी शल्य क्रिया की आवश्यकता, कम से कम तीन दिन का अस्पताल में भर्ती होना, सिर या रीढ़ की चोट, या फिर मृत्यु। अस्पताल को यह प्रमाण पत्र देना होगा कि घायल को समय पर मदद पहुंचाई गई।
सरकार ने निर्देश दिए हैं कि इस योजना के बारे में व्यापक प्रचार-प्रसार इंटरनेट मीडिया और अन्य माध्यमों से किया जाए ताकि लोग आगे आकर सड़क हादसों में मदद करने के लिए प्रेरित हों।
शासन ने राह वीर योजना लागू करने का फैसला किया है। इससे लोगों में जागरूकता बढ़ेगी और अनगिनत जिंदगियां बचाई जा सकेंगी। -धनवीर यादव, एआरटीओ।