हड्डियों तक फैल चुका था प्रोस्टेट कैंसर, BRD गोरखपुर में सर्जरी से खुला पेशाब का रास्ता
महराजगंज के 70 वर्षीय बुजुर्ग के प्रोस्टेट कैंसर हड्डियों तक फैल गया था और पेशाब रुक गया था। बीआरडी मेडिकल कॉलेज, गोरखपुर में चुनौतीपूर्ण सर्जरी कर पे ...और पढ़ें

बीआरडी मेडिकल कॉलेज। जागरण
HighLights
महराजगंज के बुजुर्ग का प्रोस्टेट कैंसर हड्डियों तक फैला था।
बीआरडी गोरखपुर में पेशाब रुकने पर हुई सफल सर्जरी।
मरीज को राहत मिली, हार्मोन और कीमोथेरेपी जारी है।
जागरण संवाददाता, गोरखपुर। महराजगंज के 70 वर्षीय एक बुजुर्ग में प्रोस्टेट कैंसर का गंभीर मामला सामने आया है। बीमारी इतनी बढ़ चुकी थी कि कैंसर हड्डियों तक फैल गया था और मरीज को पेशाब होने में भी समस्या हो रही थी। आपरेशन की स्थिति नहीं थी लेकिन पेशाब रुक गया था, इसलिए चिकित्सकों ने चुनौतीपूर्ण स्थिति में आपरेशन कर पेशाब का रास्ता बनाया। उनकी हार्मोन थेरेपी और कीमोथेरेपी चल रही है।
बुजुर्ग लंबे समय से पेशाब न होने और अत्यधिक दर्द की समस्या से परेशान थे। शुरुआत में सामान्य बीमारी समझकर उपचार कराया गया। जब समस्या लगातार बढ़ती गई तो स्वजन उन्हें बीआरडी मेडिकल कालेज के सुपर स्पेशियलिटी ब्लाक के यूरोलाजी विभाग में ले गए।
जांच के बाद पता चला कि उनका प्रोस्टेट सामान्य से काफी अधिक बढ़ चुका है, जिससे मूत्रमार्ग अवरुद्ध हो गया है। इसके बाद विस्तृत जांच कराई गई, जिसमें प्रोस्टेट कैंसर की पुष्टि हुई। जांच रिपोर्ट में यह भी सामने आया कि कैंसर हड्डियों तक फैल चुका है। इस स्थिति को चिकित्सा विज्ञान में एडवांस स्टेज प्रोस्टेट कैंसर माना जाता है।
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आमतौर पर ऐसे मामलों में सर्जरी की संभावना कम रहती है और रोगी को हार्मोन थेरेपी तथा कीमोथेरेपी के माध्यम से ही उपचार दिया जाता है। लेकिन इस मरीज के मामले में सबसे बड़ी चुनौती पेशाब रुकने की समस्या थी, जिससे उनकी स्थिति लगातार गंभीर होती जा रही थी। इसलिए डाक्टरों को चैनल बनाकर आपरेशन करना पड़ा। इसके बाद उन्हें राहत मिल गई है। अब उनकी हार्मोन थेरेपी और कीमोथेरेपी चल रही है।
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कैंसर हड्डियों तक फैल जाने के बाद सामान्य परिस्थितियों में हार्मोन थेरेपी और कीमोथेरेपी ही मुख्य उपचार होते हैं, लेकिन मरीज की स्थिति को देखते हुए पहले पेशाब की समस्या दूर करना जरूरी था। इसी को ध्यान में रखते हुए आपरेशन से पेशाब का रास्ता बनाया गया। ऐसे मामलों में समय पर जांच और उपचार बेहद जरूरी होता है। यदि शुरुआती लक्षणों को नजरअंदाज किया जाए तो कैंसर तेजी से शरीर के अन्य अंगों तक फैल सकता है।
-डा. रवि प्रकाश मिश्रा, एसोसिएट प्रोफेसर यूरोलाजी विभाग, बीआरडी मेडिकल कालेज