चंद्रशेखर आजाद ने कांवड़ यात्रा की वन-वे व्यवस्था पर उठाए सवाल, 50 हजार लोगों के प्रभावित होने का दावा
सांसद चंद्रशेखर आजाद ने हापुड़ में कांवड़ यात्रा के दौरान लागू वन-वे यातायात व्यवस्था पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने कहा कि इससे 50 हजार लोग प्रभावित हैं ...और पढ़ें

सांसद चंद्रशेखर आजाद।
जागरण संवाददाता, हापुड़। कांवड़ यात्रा के दौरान लागू की गई वन-वे यातायात व्यवस्था को लेकर सांसद चंद्रशेखर आजाद ने हापुड़ जिला पुलिस-प्रशासन पर सवाल उठाए हैं।
उन्होंने सोशल मीडिया मंच एक्स पर पोस्ट कर कहा कि तहसील चौराहे से चितौली मोड़ तक मार्ग के एक हिस्से को बंद किए जाने से हजारों लोगों का जनजीवन प्रभावित हो रहा है और आम नागरिकों के साथ व्यापारियों को भी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
सांसद ने अपनी पोस्ट में दावा किया कि इस व्यवस्था से करीब 50 हजार की आबादी प्रभावित हुई है। बड़ी संख्या में लोग संकरी गलियों तक सीमित होकर रह गए हैं, जिससे दैनिक आवागमन मुश्किल हो गया है।
तीन किलोमीटर का क्षेत्र प्रभावित
उन्होंने आशंका जताई कि यदि किसी आपातकालीन स्थिति में मरीज, एंबुलेंस या अन्य आवश्यक सेवाओं को गुजरना पड़े तो लोगों को गंभीर कठिनाइयों का सामना करना पड़ सकता है। वन-वे व्यवस्था के कारण लगभग तीन किलोमीटर का क्षेत्र प्रभावित है और पिछले चार दिनों से स्थानीय व्यापारियों का कारोबार बुरी तरह प्रभावित हो रहा है।
उनके अनुसार, लंबे समय तक इस तरह की व्यवस्था बने रहने से आम जनता और दुकानदारों की समस्याएं बढ़ रही हैं। उन्होंने जिला प्रशासन से मांग की कि कांवड़ यात्रा की सुरक्षा व्यवस्था को प्रभावित किए बिना मुख्य मार्गों पर पुलिस निगरानी में नियंत्रित आवागमन की व्यवस्था लागू की जाए, ताकि स्थानीय लोगों को राहत मिल सके और आवश्यक सेवाओं का संचालन सुचारु बना रहे।
पुलिस अधीक्षक कुंवर ज्ञानंजय सिंह ने बताया कि श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए वन-वे किया गया है। किसी भी प्रकार की परेशानी आम लोगों को नहीं होने दी जाएगी।