जौनपुर की इमरती और एटम बम मिठाई का देश-दुनिया में बजेगा डंका, ODOP योजना में हुए शामिल
उत्तर प्रदेश सरकार ने 'एक जनपद एक व्यंजन' योजना शुरू की है, जिसके तहत जौनपुर की इमरती, एटमबम मिठाई और मूली को राष्ट्रीय व अंतरराष्ट्रीय पहचान मिलेगी। ...और पढ़ें

बेनीराम की प्रसिद्ध इमरती
HighLights
जौनपुर के इमरती, एटमबम, मूली को मिली योजना में जगह।
स्थानीय व्यंजनों को राष्ट्रीय-अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाना लक्ष्य।
कारीगरों, उद्यमियों को ऋण व अनुदान से मिलेगा व्यवसाय विस्तार।
जागरण संवाददाता, जौनपुर। 'एक जनपद एक उत्पाद' योजना की अपार सफलता के बाद उत्तर प्रदेश सरकार ने अब प्रदेश के विशिष्ट व्यंजनों को राष्ट्रीय व अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाने के लिए 'एक जनपद एक व्यंजन' योजना की शुरुआत की है।
इस योजना के तहत जौनपुर के प्रसिद्ध व्यंजनों इमरती, एटमबम मिठाई और जौनपुर की मशहूर मूली को चुना गया है।
डिप्टी कमिश्नर इंडस्ट्रीज आशुतोष सहाय पाठक ने बताया कि योजना का मुख्य उद्देश्य स्थानीय व्यंजनों की ब्रांडिंग, आधुनिक पैकेजिंग, शेल्फ लाइफ बढ़ाने और विपणन के जरिए स्थानीय कारीगरों व उद्यमियों को आर्थिक रूप से सशक्त बनाना है।
योजना के अंतर्गत चिन्हित व्यंजनों के उत्पादकों, प्रसंस्करणकर्ताओं व नए उद्यमियों को व्यवसाय विस्तार के लिए ऋण व मार्जिन मनी की सुविधा दी जाएगी।
योजना में 25 लाख तक की परियोजना में कुल लागत का 25 प्रतिशत अधिकतम 6.25 लाख रुपये, 25 लाख से 50 लाख तक में 6.25 लाख अथवा कुल लागत का 20 प्रतिशत अनुदान दिया जाएगा। इसी क्रम में 50 लाख से 150 लाख तक लागत में 10 लाख अथवा कुल लागत का 10 प्रतिशत, 150 लाख से अधिक की परियोजना में कुल लागत का 10 प्रतिशत या अधिकतम 50 लाख रुपये अनुदान दिया जाएगा।
स्वयं का अंशदान और पात्रता नियम
सामान्य वर्ग के लाभार्थियों को परियोजना लागत का 10 प्रतिशत तथा विशेष श्रेणी एससी, एसटी, ओबीसी, अल्पसंख्यक, महिला वं दिव्यांगजन के लाभार्थियों को 5 प्रतिशत स्वयं का अंशदान देना होगा।
इसमें कोल्ड स्टोरेज, डीप फ्रीजर, क्लाउड किचन, आधुनिक उपकरण तथा पैकेजिंग जैसी व्यवस्थाएं शामिल हैं। 18 वर्ष से अधिक आयु का कोई भी इच्छुक व्यक्ति योजना का लाभ ले सकता है।
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