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    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Oct 09, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    PMFME Scheme: लोन के लिए कौन है पात्र और कैसे करें आवेदन? आपके हर सवाल का जवाब मिलेगा यहां

    Updated: Wed, 09 Oct 2024 06:10 PM (GMT+05:30)

    PMFME Scheme प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य उद्योग योजना (पीएमएफएमई) स्वरोजगार को बढ़ावा देने के लिए एक सरकारी पहल है। इस योजना के तहत उद्योग स्थापित करने ...और पढ़ें

    PMFME Scheme: योजना के आवेदनकर्ता किसान व युवाओं के पास भारत की स्थाई नागरिकता होनी चाहिए।
    PMFME Scheme: योजना के आवेदनकर्ता किसान व युवाओं के पास भारत की स्थाई नागरिकता होनी चाहिए।

    HighLights

    1. इस वर्ष जिले को मिला 340 उद्यम लगाने का लक्ष्य
    2. समूहों के प्रत्येक सदस्य को कार्यशील पूंजी के रूप में दिया जाएगा 40 हजार रुपये

    जागरण संवाददाता, जौनपुर। PMFME Scheme: स्वरोजगार से लोगों को आत्मनिर्भर बनाने को लेकर सरकार गंभीर है। आत्मनिर्भर भारत अभियान के तहत प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य उद्योग योजना (पीएमएफएमई) में उद्योग स्थापित करने के लिए 35 प्रतिशत अधिकतम दस लाख रुपये तक अनुदान की व्यवस्था है। 

    आंकड़ों पर गौर करें तो इस वर्ष 340 उद्यम लगाने का लक्ष्य है। इसके सापेक्ष महज 130 लोगों ने ही आवेदन किया है।  योजना के तहत एफपीओ, स्वयं सहायता समूहों, सहकारिता, विपणन व ब्रांडिंग के लिए आवेदन डीपीआर समेत राज्य नोडल एजेंसी को भेजना है। राज्य नोडल एजेंसी अनुदान के लिए परियोजना को अवगत कराने के साथ ही बैंक ऋण के लिए सिफारिश करेगी।

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    उद्योग स्थापना के लिए यह है सुविधा

    • निजी उद्यमियों को अपने उद्यम के उन्नयन के लिए लागत का 35 प्रतिशत (अधिकतम दस लाख) क्रेडिट लिंक कैपिटल सब्सिडी दी जाएगी।
    • स्वयं सहायता समूहों के प्रत्येक सदस्य को कार्यशील पूंजी के रूप में चालीस हजार की दर से प्रारंभिक पूंजी प्रदान की जाएगी।
    • एफपीओ, एसएचसी, सहकारिता, राज्य के स्वामित्व वाली एजेंसी और निजी उद्यमियों को सामान्य प्रसंस्करण के लिए सामान्य अवसंरचना के विकास के लिए 35 प्रतिशत की दर से क्रेडिट लिंक अनुदान।
    • सामान्य पैकेजिंग और ब्राडिंग विकसित करने के लिए डीपीआर के आधार पर कुल व्यय का पचास प्रतिशत सहायता।

    योजना की पात्रता

    • योजना के आवेदनकर्ता किसान व युवाओं के पास भारत की स्थाई नागरिकता होनी चाहिए।
    • योजना का लाभ लेने के लिए आवेदनकर्ता की उम्र कम से कम 18 वर्ष होनी चाहिए।
    • फूड प्रोसेसिंग यूनिट लगाने के लिए परिवार के एक ही सदस्य को आर्थिक सहायता मिलेगी।

    ऐसे करें आवेदन

    प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य उद्योग उन्नयन योजना से आर्थिक लाभ लेने के लिए योजना की आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर आवेदन कर सकते हैं।   इसके लिए कुछ जरूरी दस्तावेजों की भी जरूरत होती है।

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    आवेदन के लिए यह दस्तावेज जरूरी

    आवेदनकर्ता का आधार कार्ड, स्थायी प्रमाण पत्र, आय प्रमाण पत्र, बैंक खाता, पासपोर्ट साइज फोटो, मोबाइल नंबर।

    प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य उद्योग उन्नयन योजना में खाद्य प्रसंस्करण से संबंधित 20 प्रकार के उद्योगों को लगाने के लिए अनुदान की व्यवस्था है, लेकिन दुग्ध बेस्ड प्रोडक्ट का उद्यम के लिए आवेदक को प्राथमिकता दी जाएगी। इस साल 340 नए उद्यम लगाने का लक्ष्य था। इसके सापेक्ष सिर्फ 29 लोगों को लाभ मिला। जिले के 57 लोगों का आवेदन बैंकों के स्तर पर लंबित है। इस वित्तीय वर्ष में लक्ष्य के सापेक्ष पूर्ति के लिए विभाग प्रयास कर रहा है।  -सीमा सिंह राना जिला उद्यान अधिकारी।

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