पूर्वांचल विश्वविद्यालय में 'नशा मुक्त युवा-विकसित भारत' अभियान का आगाज, कुलपति ने युवाओं को दिलाई शपथ
वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्वविद्यालय में 'नशा मुक्त युवा–विकसित भारत संकल्प अभियान' का 100 सप्ताह का राष्ट्रव्यापी शुभारंभ हुआ। कुलपति प्रो. वंदना ...और पढ़ें

पूविवि की कुलपति प्रो. वंदना सिंह ने कहा - युवा संकल्प लें तो नशे पर लग सकती है लगाम।
HighLights
पूर्वांचल विश्वविद्यालय में 'नशा मुक्त युवा-विकसित भारत' अभियान का शुभारंभ।
कुलपति प्रो. वंदना सिंह ने युवाओं को नशा मुक्त रहने की शपथ दिलाई।
100 सप्ताह तक चलेगा यह राष्ट्रव्यापी जागरूकता और जनभागीदारी अभियान।
जागरण संवाददाता, मल्हनी (जौनपुर)। युवाओं को नशे की गिरफ्त से बाहर निकालकर विकसित भारत के निर्माण में सहभागी बनाने के उद्देश्य से वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्वविद्यालय में रविवार को 'नशा मुक्त युवा–विकसित भारत संकल्प अभियान' का शुभारंभ किया गया।
भारत सरकार के युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्रालय तथा उत्तर प्रदेश शासन के उच्च शिक्षा विभाग के निर्देश पर शुरू हुए इस 100 सप्ताह के राष्ट्रव्यापी अभियान के तहत विश्वविद्यालय परिसर में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कुलपति प्रो. वंदना सिंह ने कहा कि यदि देश का युवा दृढ़ संकल्प कर ले तो समाज से नशे की बुराई को समाप्त करना असंभव नहीं है।
महंत अवैद्यनाथ संगोष्ठी भवन में आयोजित कार्यक्रम की शुरुआत प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के राष्ट्र के नाम संदेश के लाइव प्रसारण से हुई। इसके बाद नेशनल स्कूल ऑफ ड्रामा (एनएसडी), नई दिल्ली के कलाकारों ने प्रभावशाली लघु नाटक के माध्यम से नशे की लत के दुष्परिणामों को जीवंत ढंग से प्रस्तुत किया।
नाटक में बताया गया कि नशा किस प्रकार व्यक्ति, परिवार और समाज को प्रभावित करता है तथा जागरूकता, आत्मसंयम और सामूहिक प्रयास से इससे मुक्ति पाई जा सकती है।कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए कुलपति प्रो. वंदना सिंह ने कहा कि नशा मुक्त भारत का लक्ष्य केवल सरकारी अभियान नहीं, बल्कि जनभागीदारी से सफल होने वाला सामाजिक आंदोलन है।
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उन्होंने कहा कि विकसित भारत-2047 का सपना तभी साकार होगा, जब देश का युवा स्वस्थ, जागरूक और नशामुक्त होगा। उन्होंने उपस्थित छात्र-छात्राओं, शिक्षकों एवं कर्मचारियों को नशा न करने और दूसरों को भी इसके प्रति जागरूक करने की शपथ दिलाई।कुलसचिव डॉ. विनोद कुमार सिंह ने प्रधानमंत्री के संदेश को जीवन में उतारने का आह्वान करते हुए युवाओं से नशामुक्त जीवनशैली अपनाने की अपील की।
वित्तीय अध्ययन विभाग के शोधार्थी उद्देश्य सिंह ने विकसित भारत-2047 के लक्ष्य में युवाओं की भूमिका पर विचार रखते हुए कहा कि नशे से मुक्त समाज ही मजबूत राष्ट्र की नींव बन सकता है। वहीं एनसीसी कैडेट अदिति मिश्रा ने "नशा मुक्त युवा और विकसित भारत" विषय पर प्रेरक वक्तव्य प्रस्तुत किया। कार्यक्रम से पहले छात्र-छात्राओं ने विकसित भारत-2047 एवं नशा मुक्त युवा अभियान के लिए बनाए गए विशेष सेल्फी स्टैंड पर प्रधानमंत्री के चित्र के साथ सेल्फी लेकर अभियान के प्रति अपना समर्थन दर्ज कराया।
अभियान के संयोजक एवं नशा मुक्त परिसर एवं समाज अभियान के समन्वयक डॉ. मनोज कुमार पाण्डेय ने बताया कि विश्वविद्यालय वर्ष 2023 से नशा मुक्त परिसर अभियान संचालित कर रहा है। अब इस राष्ट्रव्यापी अभियान के अंतर्गत आगामी 100 सप्ताह तक जागरूकता रैली, कार्यशाला, संवाद, सांस्कृतिक कार्यक्रम और जनसंपर्क गतिविधियों का आयोजन किया जाएगा।
राष्ट्रीय सेवा योजना के समन्वयक डॉ. शशिकांत यादव ने छात्र-छात्राओं से स्वयं तथा अपने परिवार के सदस्यों का 'माई भारत' पोर्टल पर ई-प्लेज और प्रमाणपत्र के लिए पंजीकरण कराने का आह्वान किया। कार्यक्रम का संचालन शोधार्थी रक्षित प्रताप सिंह ने किया। इस अवसर पर विश्वविद्यालय के अधिकारी, प्राध्यापक, कर्मचारी, एनसीसी कैडेट, एनएसएस स्वयंसेवक तथा बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।