कन्नौज में हाईटेंशन लाइन ने छीनी दो मासूम जिंदगियां, आइसक्रीम फैक्ट्री संचालक के दो किशोर बेटों की दर्दनाक मौत
कन्नौज में आइसक्रीम फैक्ट्री की छत पर काम करते समय हाईटेंशन लाइन की चपेट में आने से दो सगे किशोर भाइयों की दर्दनाक मौत हो गई। इस हादसे से परिवार में म ...और पढ़ें

सुमित व शोभित की फाइल फोटो। स्वजन
HighLights
फैक्ट्री की छत पर लोहे की सरिया लाइन में छूने से हुआ हादसा
किराये पर ली फैक्ट्री में पिता की मदद के साथ पढ़ते थे किशोर
जागरण संवाददाता, कन्नौज। छत के ऊपर से गुजरी हाईटेंशन लाइन में लोहे की सरिया छूने से आइसक्रीम फैक्ट्री संचालक के दो किशोर बेटे करंट की चपेट में आ गए। इससे दोनों किशोर भाइयों की मौके पर मौत हो गई। हादसे की जानकारी मिलते ही स्वजन में चीख-पुकार मच गई। पुलिस ने दोनों किशोर के शवों को कब्जे में लेकर छानबीन शुरू की है।
गुरसहायगंज कोतवाली क्षेत्र मूसर गांव निवासी जितेंद्र कुमार महाराष्ट्र में आइसक्रीम बनाकर बिक्री करते थे। जनवरी में वह गांव लौट आए थे। इसके बाद मार्च माह में उन्होंने सदर कोतवाली के करनपुर चौराहा पर मकरंदनगर निवासी गुड्डन ठाकुर के मकान को किराये पर लेकर उसमें आइसक्रीम फैक्ट्री शुरू की थी।
फैक्ट्री में मदद करने के लिए उनके साथ 16 वर्षीय बेटा सुमित कुमार और 14 वर्षीय शोभित कुमार भी रहता था। मानपुर रोड स्थित एक स्कूल में सुमित हाईस्कूल और शोभित का कक्षा नौ में दाखिला कराया था। फैक्ट्री में रहकर पढ़ाई के साथ-साथ दोनों भाई आइसक्रीम भी बनाते थे।
वर्षा के कारण फैक्ट्री की छत से पानी नीचे आने वाला पाइप जाम हो गया था। इससे मंगलवार दोपहर सुमित और शोभित लोहे की सरिया पाइप में डालकर फंसा कूड़ा हटा रहे थे। इस दौरान छत के ऊपर से गुजरी हाईटेंशन लाइन में सरिया छू गई। इससे करंट की चपेट में सुमित और शोभित की मौत हो गई।
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स्थानीय लोगों के साथ जितेंद्र कुमार दोनों बेटों को लेकर जिला अस्पताल पहुंचे। यहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। हादसे के बाद जितेंद्र कुमार और परिवार के लोग बेसुध हो गए। पैतृक गांव मूसर में स्थित घर में ताला लगाकर जिला अस्पताल पहुंचे।
जितेंद्र कुमार ने बताया कि रोजगार के साथ अच्छी शिक्षा देने के लिए बेटों को फैक्ट्री में अपने साथ रखते थे। घटना से उनका परिवार उजड़ गया। भाइयों की मौत के बाद इकलौती बहन भी बेसुध है। एसपी विनोद कुमार ने बताया कि करंट लगने से दो किशोर भाइयों की मौत हुई है। मामले की जांच कराई जा रही है।
खतरे की जद में हाईटेंशन के नीचे बना लिए आवास
मनचाहे ढंग से लोगों ने करनपुर-सिटी मार्ग पर हाईटेंशन लाइन के नीचे मकान और मार्केट बना लिए हैं। लाइन के नीचे करीब 12 मकान और चार मार्केट हैं। इससे दोबारा भी हादसा हो सकता है। जेई करन सिंह ने बताया कि हाईटेंशन लाइन पहले से है। लोगों ने मनमाने ढंग से नीचे मकान और दुकान बना लिए हैं। सर्वे कर लाइन को मकानों और दुकानों के ऊपर से हटाने का काम जल्द शुरू होगा।