कानपुर में सफाई व्यवस्था ठप: निजीकरण के विरोध में कर्मचारियों का चक्का जाम, सड़कों पर कूड़े के अंबार से जनता बेहाल
कानपुर में सफाई कर्मचारियों ने निजीकरण के विरोध में हड़ताल कर दी है, जिससे शहर की सफाई व्यवस्था पूरी तरह ठप हो गई है। कूड़ा न उठने से जगह-जगह गंदगी के ...और पढ़ें

विरोध प्रदर्शन करते नगर निगम के सफाई कर्मचारी। वीडियो ग्रैब
HighLights
कर्मचारियों ने जरूरत पड़ने पर मार्ग प्रकाश, सीवर व जलापूर्ति भी ठप करने की दी चेतावनी
कर्मचारी नेता और अफसरों के बीच दो बार हुई वार्ता, पर नहीं निकल सका नतीजा
कर्मचारियों ने गुरुवार को नगर निगम मुख्यालय में नारेबाजी कर बंद कराया था काम
जागरण संवाददाता, कानपुर। सफाई व्यवस्था के निजीकरण के विरोध में कर्मचारियों ने शुक्रवार को सफाई व्यवस्था ठप कर दी। शहर में कहीं भी कूड़ा नहीं उठने दिया। हालत यह है कि जगह-जगह फैली गंदगी मुसीबत बन गई है। कर्मचारी नेता सुबह से ही डंप स्थलों में पहुंच गए और एक भी कूड़ा वाहन नहीं निकलने दिया।
कर्मचारी नेता जयपाल सिंह, हरिओम वाल्मीकि, रमाकांत मिश्र, विनोद रावत, धीरज गुप्ता, कमरुद्दीन, अजीत बाघमार, सुधाकर मिश्र, उस्मान अली शाह, मुन्ना हजारिया, कमरुद्दीन, अखिलेश सिंह, रामगोपाल चौधरी,दीप वाल्मीकि, पिंटू चौधरी, मुकेश वाल्मीकि, राम प्रकाश भारती, मुन्ना हजारिया, दीप वाल्मीकि, युसूफ अली ने कहा कि जब तक फैसला नहीं हो जाता है तब तक आंदोलन जारी रहेगा। न तो झाड़ू लगेगी और नहीं कूड़ा उठाया जाएगा।
नगर निगम में रोज करीब 1350 मीट्रिक टन कूड़ा निकलता है।इसको उठाने के लिए रोज 65 कूड़ा वाहन निकलते है। साढ़े 12 सौ मीट्रिक टन कूड़ा उठ पाता है।करीब अविकसित इलाकों में करीब सौ मीट्रिक टन कूड़ा फैला रहता है।इसको अगले दिन उठाया जाता है।पहले ही शहर में जगह-जगह गंदगी के ढेर लगे है। इसके बाद और स्थिति बदतर हो जाएगी। वहीं घर-घर से कूड़ा उठाने वाले वाहनों को भी रोक दिया है।
17 साल पहले भी निजी हाथों में दी गई थी सफाई व्यवस्था
कर्मचारियों ने कहा कि पहले भी वर्ष 2009 में सफाई व्यवस्था निजी हाथों में दी गई थी। एटूजेड कंपनी को कूड़ा उठाने से लेकर निस्तारण भी करना था लेकिन कंपनी ने वर्ष 2014 में हाथ खड़े कर अनुबंध तोड़ दिया। इसके चलते 15 दिन तक कूड़ा नहीं उठा और लोग बीमार होने लगे थे। कहीं फिर कंपनी भाग गई तो अब और हालत खराब हो जाएंगे। अपर नगर आयुक्त मो. अवेश ने बताया कि कर्मचारियों से लगातार बात की जा रही है। शुक्रवार सुबह तक हल निकाल लिया जाएगा और सफाई शुरू कराई जाएगी।