कानपुर में मानसून की रफ्तार, 16 घंटे से रुक-रुककर बारिश, जलभराव से जूझ रहा शहर
कानपुर में सोमवार को मानसून की झमाझम बारिश से शहर तरबतर हो गया, जिससे गर्मी और उमस से राहत मिली लेकिन कई इलाकों में जलभराव और यातायात जाम की समस्या हु ...और पढ़ें

रावतपुर में आरटीओ कार्यालय के पास लगा भीषण जाम। जागरण
HighLights
कानपुर में मानसून की पहली झमाझम बारिश से शहर तरबतर।
कई इलाकों में जलभराव और भीषण यातायात जाम की समस्या।
मौसम विभाग ने 22 जुलाई तक ऑरेंज अलर्ट किया जारी।
जागरण संवाददाता, कानपुर। इस बार मानसून सीजन में पहली बार सोमवार को शहर ने मानसून का असली रूप देखा। सुबह से ही घने बादलों ने आसमान पर डेरा डाल लिया और लगातार हुई झमाझम बारिश ने पूरे शहर को तरबतर कर दिया। कई दिनों से बादलों की आवाजाही और छिटपुट बूंदाबांदी के बाद हुई इस बारिश ने लोगों को गर्मी और उमस से बड़ी राहत दिलाई। सुबह दफ्तर और स्कूल जाने वाले लोगों को बारिश के बीच सफर करना पड़ा। कई स्थानों पर जलभराव से यातायात भी प्रभावित हुआ, लेकिन बारिश के चलते मौसम सुहाना बना रहा।
बारिश का असर शहर के लगभग सभी इलाकों में देखने को मिला। चन्द्रशेखर आजाद कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय (सीएसए) में 32.3 मिमी, कंपनी बाग में 34.1 मिमी, काकादेव में 36.3 मिमी, नौबस्ता में 37.1 मिमी और सिविल लाइंस में 36.8 मिमी वर्षा दर्ज की गई। अधिकांश क्षेत्रों में 30 मिमी से अधिक बारिश होने से सड़कों पर पानी भर गया और निचले इलाकों में जलभराव की स्थिति बन गई।

मौसम विभाग के अनुसार बंगाल की खाड़ी में सक्रिय कम दबाव का क्षेत्र, सामान्य स्थिति में लौटी मानसून ट्रफ और उत्तर-पश्चिम भारत में सक्रिय चक्रवाती परिसंचरण के संयुक्त प्रभाव से उत्तर प्रदेश में वर्षा की गतिविधियां तेज हुई हैं। इसी कारण कानपुर समेत प्रदेश के कई जिलों में मध्यम से भारी बारिश का दौर शुरू हुआ है।
मौसम विशेषज्ञ डा. एसएन सुनील पांडेय का कहना है कि अगले दो से तीन दिनों तक बादल छाए रहने, गरज-चमक के साथ मध्यम से तेज बारिश और तेज हवा चलने की संभावना बनी रहेगी। विभाग ने 22 जुलाई तक आरेंज अलर्ट जारी किया है। लगातार बारिश से अधिकतम तापमान में और गिरावट आने के साथ उमस से राहत मिलेगी, हालांकि निचले इलाकों में जलभराव और यातायात प्रभावित होने की आशंका भी बनी रहेगी। शहरवासियों को अनावश्यक यात्रा से बचने और मौसम विभाग की चेतावनियों का पालन करने की सलाह दी गई है।
खबरें और भी
लंबा जाम, यातायात व्यवस्था धड़ाम
सप्ताह के पहले दिन ही सोमवार को पुलिस की यातायात व्यवस्था पूरे शहर में चरमरा गई। हर तरफ वाहनों का लंबा जाम लगा रहा। इस बीच कोई ट्रैफिक पुलिस कर्मी भी लोगों की मदद करने नहीं आया। राहगीर परेशान रहे। पैदल चलने वाले लोगों को काफी दिक्कत हुई।
यहां लगा भीषण जाम
- झकरकटी से टाटमिल चौराहे तक दोपहर में भीषण जाम रहा। रोडवेज बसों के अनियमित संचालन और रोड पर ही सवारी भरने से जाम और अधिक बढ़ गया।
- ऐसे ही मेडिकल कॉलेज फ्लाईओवर पर भी जाम की स्थिति बनी रही।
- दोपहर 2:30 बजे के दौरान रेव मोती से आरटीओ कार्यालय तक कार, ऑटो, ई रिक्शा का भीषण जाम लग रहा है।
लोगों ने जमकर जिम्मेदारों को कोसा
काकादेव के बबलू अपनी कार से आरटीओ कार्यालय की तरफ जा रहे थे। रीजेंसी अस्पताल के सामने जाम में फंसे बबलू ने कहा कि रेव मोती से रीजेंसी तक आने में ही 20 मिनट खर्च हो गए हैं और अभी भी जाम के बीच में ही फंसे हैं। कल्याणपुर के उस्मान खान अपनी कार पर सवार थे। बताया कि कल्याणपुर से रावतपुर क्रॉसिंग टेकन 14 मिनट में ही आ गए, लेकिन रेल क्रॉसिंग से आरटीओ कार्यालय तक पहुंचने में उन्हें पौन घंटा लग गया है। उन्होंने कहा कि ट्रैफिक पुलिस का कोई भी कांस्टेबल वाहनों का जाम हटवाने के लिए नजर नहीं आ रहा है।