Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    SIR in UP: छह मार्च को आखिरी वोटर लिस्ट होगी रिलीज, मैपिंग मतदाताओं को मिलेगा एक और मौका

    Updated: Fri, 30 Jan 2026 11:14 AM (IST)

    कानपुर में मतदाता सूची पुनरीक्षण अभियान अंतिम चरण में है। दावे-आपत्तियों की अंतिम तिथि 27 फरवरी तक बढ़ा दी गई है। 'नो-मैपिंग' मतदाताओं को जवाब देने का ...और पढ़ें

    86 प्रवासी भारतीय नागरिकों ने मतदाता बनने के लिए आनलाइन किए आवेदन. Concept Photo

    86 प्रवासी भारतीय नागरिकों ने मतदाता बनने के लिए आनलाइन किए आवेदन. Concept Photo

    HighLights

    1. दावे-आपत्तियों की अंतिम तिथि 27 फरवरी तक बढ़ी

    2. नो-मैपिंग मतदाताओं को जवाब देने का एक और मौका

    3. कानपुर की अंतिम मतदाता सूची 6 मार्च को जारी होगी

    जागरण संवाददाता, कानपुर । निर्वाचन आयोग का विशेष सघन पुनरीक्षण (एसआईआर) अभियान अंतिम चरण में है। इस अभियान के तहत नाम जोड़ने, हटाने और संशोधन से जुड़े दावे-आपत्तियों के निस्तारण की प्रक्रिया जारी है। दावे और आपत्तियां दाखिल करने के लिए छह फरवरी तक समय था, जिसे अब बढ़ाकर 27 फरवरी कर दिया गया है।

    वहीं, नो मैपिंग मतदाताओं को सात दिनों का अतिरिक्त समय दिया गया है, बड़ी संख्या में लोगों ने जवाब भी दाखिल किए हैं। वहीं, अभी तक 86 प्रवासी भारतीय नागरिकों ने मतदाता बनने को आनलाइन आवेदन किया है।

    एसआईआर अभियान की शुरुआत के समय जनपद में कुल 35.38 लाख मतदाता दर्ज थे। इनमें 18.92 लाख पुरुष, 16.46 लाख महिलाएं और 185 अन्य मतदाता शामिल थे। वहीं, सत्यापन अभियान के बाद छह जनवरी,2026 को प्रकाशित मतदाता सूची में मतदाताओं की संख्या घटकर 26.36 लाख रह गई। इसमें 14.32 लाख पुरुष, 12.03 लाख महिलाएं और 111 अन्य मतदाता दर्ज हैं। इस दौरान 2,07,661 मतदाताओं को नो-मैपिंग श्रेणी में चिह्नित किया गया।

    जिलाधिकारी जितेन्द्र प्रताप सिंह ने बताया कि नो-मैपिंग मतदाताओं की सुनवाई पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। अब तक 1,70,325 मतदाताओं को नोटिस जारी किए जा चुके हैं जिसमें लगभग 35 हजार मतदाताओं ने जवाब दाखिल किया है। ऐसे मतदाताओं के लिए फिर से सात दिनों का समय जवाब देने के लिए निर्वाचन आयोग ने बढ़ाया है। नो मैपिंग मतदाताओं के नोटिसों का निस्तारण 175 सहायक निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी और 10 निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी कर रहे हैं।

    जिलाधिकारी ने बताया कि जो मतदाता पहली सुनवाई में उपस्थित नहीं हो पाए हैं, उन्हें एक और मौका दिया जा रहा है। यदि कोई मतदाता स्वयं नहीं आ सकता तो परिवार का कोई सदस्य भी प्रतिनिधि के रूप में उपस्थित हो सकता है। प्रशासन का उद्देश्य है कि कोई भी पात्र मतदाता नामावली से बाहर न रह जाए। उन्होंने बताया कि 27 अक्टूबर 2025 से 28 जनवरी 2026 के बीच कुल 1,78,110 आवेदन मिले हैं।

    खबरें और भी

    इनमें नए नाम जोड़ने के लिए फार्म-6 के 1,31,317, नाम हटाने के लिए फार्म-7 के 2,039, नाम परिवर्तन के लिए फार्म-8 के 44,668 और प्रवासी भारतीय (एनआरआइ) फार्म-6ए के 86 आवेदन शामिल हैं। अब तक 26,36,113 गणना प्रपत्रों का डिजिटलीकरण पूरा कर लिया गया है। मुख्य निर्वाचन अधिकारी के निर्देश पर 31 जनवरी 2026 को जनपद के सभी 3770 बूथों पर विशेष बूथ डे आयोजित किया जाएगा। इस दिन सभी बूथों पर बीएलओ मौजूद रहेंगे।

    यह भी पढ़ें- जमशेदपुर में विज्ञान और संस्कृति का संगम, हजारों छात्रों ने देखी सीएसआईआर-एनएमएल की तकनीक

    यह भी पढ़ें- 'मतदाता सूची में नाम जोड़ना एवं हटाना चुनावी प्रक्रिया का हिस्सा', सुप्रीम कोर्ट ने एसआईआर को लेकर की अहम टिप्पणी