यूपीसीडा में नई कार्यशैली से निवेशकों को मिलेंगी समयबद्ध सेवाएं: सीईओ डॉ. बलकार सिंह
यूपीसीडा के नवनियुक्त सीईओ डॉ. बलकार सिंह ने पदभार संभालते ही निवेशकों को समयबद्ध और पारदर्शी सेवाएं देने का संकल्प लिया। उन्होंने उत्तर प्रदेश को देश ...और पढ़ें

डा. बलकार सिंह, मुख्य कार्यपालक अधिकारी यूपीसीडा।
HighLights
डॉ. बलकार सिंह ने यूपीसीडा के मुख्य कार्यपालक अधिकारी का पदभार संभाला।
निवेशकों को समयबद्ध, पारदर्शी सेवाएं और मजबूत औद्योगिक ढांचा प्राथमिकता।
उत्तर प्रदेश को सर्वश्रेष्ठ औद्योगिक निवेश गंतव्य बनाने का लक्ष्य।
जागरण संवाददाता, कानपुर। उत्तर प्रदेश राज्य औद्योगिक विकास प्राधिकरण (यूपीसीडा) के नवनियुक्त मुख्य कार्यपालक अधिकारी डॉ. बलकार सिंह ने गुरुवार को मुख्यालय में पदभार ग्रहण करने के बाद वरिष्ठ अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक की।
उन्होंने स्पष्ट किया कि उत्तर प्रदेश को देश का सबसे बेहतर औद्योगिक निवेश गंतव्य बनाने के लिए यूपीसीडा पूरी प्रतिबद्धता के साथ कार्य करेगा। निवेशकों को समयबद्ध और पारदर्शी सेवाएं उपलब्ध कराने के साथ औद्योगिक क्षेत्रों की आधारभूत संरचना को मजबूत करना उनकी सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल रहेगा।
बैठक में डॉ. सिंह ने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश तेजी से देश के प्रमुख निवेश केंद्र के रूप में उभर रहा है। राज्य को एक ट्रिलियन डालर अर्थव्यवस्था बनाने के लक्ष्य में यूपीसीडा की महत्वपूर्ण भूमिका है।
उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि प्रदेश के सभी औद्योगिक क्षेत्रों में सड़क, बिजली, पेयजल, जल निकासी, स्ट्रीट लाइट, स्वच्छता, सुरक्षा और हरित विकास से जुड़ी सुविधाओं का उच्च गुणवत्ता के साथ विकास और नियमित अनुरक्षण सुनिश्चित किया जाए।
उन्होंने निवेशकों को सिंगल विंडो प्रणाली के माध्यम से त्वरित एवं पारदर्शी सेवाएं उपलब्ध कराने, नए औद्योगिक क्षेत्रों और औद्योगिक पार्कों के तेजी से विकास, लंबित निवेश प्रस्तावों के शीघ्र निस्तारण तथा डिजिटल गवर्नेंस को बढ़ावा देने पर विशेष जोर दिया।
साथ ही इलेक्ट्रॉनिक्स, सेमीकंडक्टर, डेटा सेंटर, रक्षा एवं एयरोस्पेस, इलेक्ट्रिक वाहन, बैटरी निर्माण, फार्मास्यूटिकल्स, खाद्य प्रसंस्करण, लाजिस्टिक्स और टेक्सटाइल जैसे संभावनाशील क्षेत्रों में निवेश आकर्षित करने के लिए विशेष प्रयास करने के निर्देश दिए।
मुख्य कार्यपालक अधिकारी ने कहा कि भूमि आवंटन, भवन मानचित्र स्वीकृति, लीज निष्पादन, एनओसी और अन्य ऑनलाइन सेवाओं को और अधिक सरल, पारदर्शी एवं तकनीक आधारित बनाया जाएगा।
निवेशकों की शिकायतों और लंबित मामलों के त्वरित समाधान के लिए प्रभावी मानीटरिंग व्यवस्था विकसित की जाएगी। निवेशक संतुष्टि यूपीसीडा की सर्वोच्च प्राथमिकता होगी।