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स्वाधीनता का अर्थ केवल राजनीतिक स्वतंत्रता नहीं, अराजकता-पिछड़ेपन से मुक्ति भी: योगी आदित्यनाथ

Published: Sat, 15 Aug 2026 12:47 PM (IST)

CM Yogi Adityanath on Independence Day: मुख्यमंत्री ने कहा कि स्वतंत्रता से पहले भी देश में अशिक्षा और अराजकता के ...और पढ़ें

HighLights

  1. स्वतंत्रता दिवस पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अपने सरकारी आवास पर किया ध्वजारोहण

  2. मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने स्वतंत्रता दिवस पर प्रदेश वासियों को दी बधाई

डिजिटल डेस्क, लखनऊ। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शनिवार को देश के 80वें स्वतंत्रता दिवस पर अपने सरकारी आवास पर ध्वजारोहण के बाद तिरंगे को सलामी दी। उन्होंने इस अवसर पर प्रदेश के हर नागरिक को बधाई दी।

सीएम योगी आदित्यनाथ ने 80वें स्वतंत्रता दिवस पर अपने संबोधन में कहा कि स्वाधीनता दिवस के अवसर पर मैं प्रदेश वासियों को बधाई देता हूं। हम सब जानते है आज के ही दिन 1947 में एक लंबे संघर्ष त्याग बलिदान के परिणाम स्वरूप हमारे देश भारत को स्वाधीनता प्राप्त हुई। आज हर भारतवासी स्वाधीनता का अहसास कर रहा है। हमें मिली स्वाधीनता भारत माता के महान सपूतों बलिदानियों के त्याग तपस्या का परिणाम है।

संपूर्ण स्वतंत्रता पर जोर 

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि आजादी का अर्थ केवल विदेशी शासन से मुक्ति नहीं, बल्कि अराजकता, गरीबी, अशिक्षा, पिछड़ेपन और असमानता से भी पूरी तरह मुक्त होना है। स्वतंत्रता के 79 वर्ष पूरे होने के बाद अब 80वें स्वतंत्रता दिवस की ओर बढ़ते हुए हर नागरिक को देश के विकास में अपनी भूमिका तय करनी होगी। मुख्यमंत्री ने संपूर्ण स्वतंत्रता पर जोर देते हुए देश को कमजोर करने वाली ताकतों से सतर्क रहने की अपील और 140 करोड़ भारतीयों के सामूहिक योगदान को रेखांकित किया।

मुख्यमंत्री ने कहा कि आजादी का मतलब अराजकता, पिछड़ेपन, गरीबी, अशिक्षा व असमानता से सर्वथा मुक्ति है। आज हम सब अपनी आजादी के 79 वर्ष पूरे कर चुके हैं और 80वे स्वाधीनता दिवस में जुड़े है। यह दिवस हमें एक समारोह तक सीमित रखने का अवसर नहीं दे रहा है। सम्पूर्ण आजादी के लक्ष्यों को पूरा करने के लिए एक नई प्रेरणा प्रदान कर रही है। हर नागरिक को इसका आह्वान करने के लिए, आजादी को लंबे समय तक बनाए रखना है।

देश षडयंत्र से गुलाम हुआ 

उन्होंने कहा कि हमारा देश षडयंत्र से गुलाम हुआ था, लेकिन देश ने कभी गुलामी को स्वीकार नहीं किया। देश में गुलामी के खिलाफ संघर्ष आंदोलन हुए। 1857 का प्रथम स्वतंत्र संग्राम देश के स्वाधीनता के लिए किए गए प्रयास का महत्वपूर्ण काम था। शहीद मंगल पांडे के नेतृत्व में झांसी ने रानी के नेतृत्व में मेरठ में धन सिंह के नेतृत्व में हर गांव में स्वतंत्रता की लव जलती हुई दिखाई दे रही थी। सबके मन में था किसी भी तरह से देश को गुलामी से मुक्त करना है।

समाहित रूप से अपने अपने क्षेत्रों में योगदान 

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि स्वतंत्रता के लिए किसी व्यक्ति या भी सम्प्रदाय का नहीं भारत 140 करोड़ लोगों को समाहित रूप से अपने अपने क्षेत्रों में योगदान देना हुआ। मुख्यमंत्री ने कहा कि स्वतंत्रता से पहले भी देश में अशिक्षा और अराजकता के साथ पिछड़ापन जैसे बड़े मुद्दे देश के सामने थे। पिछले आठ दशक में उसका समाधान हुआ है। आज देश में 25 करोड़ लोग गरीबी से मुक्त हुए है। शिक्षा का दायरा बढ़ा है और समाज के हर तबके को शिक्षा मिल रही है। जीवन को सहज सरल बनाने का काम किया जा रहा है।

अराजकता और अशिक्षा पर विजय प्राप्त करनी है

मुख्यमंत्री ने कहा कि इन्हीं सब बातों को ध्यान में रखकर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने कहा अराजकता और अशिक्षा पर विजय प्राप्त करनी है। हमें देश को बांटने वाली ताकतों से सतर्क रहना होगा। देश में सिर्फ चार जातियां हैं, उसको फोकस करते हुए काम करेंगे तो परिणाम आएगा। गरीब, युवा, महिला व किसान ये चार जातियां हैं। पिछले चार दशकों में इनके लिए योजना बनी। इसी का परिणाम है 25 करोड़ लोग गरीबी से निकले है। उन्हें शासन की योजना का शत प्रतिशत लाभ मिला है।

युवा के लिए मिशन रोजगार

सीएम योगी आदित्यनाथ ने कहा कि युवा के लिए मिशन रोजगार चलाया जा रहा है। युवाओं का हुनर निखारने के लिए उनको नए-नए प्लेटफार्म उपलब्ध कराए गए है। चिकित्सा के लिए एम्स जैसी संस्था खड़ी हुई हैं। देश में इंफ्रास्ट्रक्चर का बड़ा विकास हुआ है। रैपिड रेल, अमृत भारत और वंदे भारत जैसी ट्रेन से विश्व स्तरीय पब्लिक ट्रांसपोर्ट की सुविधा आम नागरिक को मिली है। भारत हर क्षेत्र में आगे बढ़ा है। देश के पास जब यशस्वी नेतृत्व होता है तब परिणाम सामने आते है।

बंटे थे तो काफी नुकसान हुआ

स्वतंत्रता से पहले जब हम अलग-अलग क्षेत्र में बंटे थे तो काफी नुकसान हुआ। कभी राजस्थान से महाराणा प्रताप ने उस लड़ाई को आगे बढ़ाया तो कभी पंजाब से गुरु गोविद सिंह साहब ने लड़ाई आगे बढ़ाई। कभी महाराष्ट्र से शिवा जी महाराज ने आगे बढ़ाई और 1857 के बाद देश के क्रांति कारियों ने आगे बढ़ाया। गोरखपुर की चौरी चौरा की ऐतिहासिक घटना हुई तो कभी लखनऊ के ट्रेन एक्शन की घटना ने आगे बढ़ाया।

उन्होंने कहा कि आज का दिन भारत के वीर बलिदानियों क्रांतिकारियों को नमन करने का दिन है। मैं राष्ट्रपिता महात्मा गांधी, लौह पुरुष वल्लभ भाई पटेल, बाबा साहब, नेता जी सुभाष चंद्र बोस को नमन करता हूं। उन्होंने कहा कि जिन्होंने देश के लिए हंसते हुए फांसी के फंदे को चूमा था, उन सभी को नमन करते हुए विनम्र श्रद्धांजलि अर्पित करता हूं।

बलिदान हुए सुनील कुमार को नमन 

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि यूपी पुलिस के जांबाज इंस्पेक्टर बलिदानी सुनील कुमार को कीर्ति चक्र प्राप्त हुआ है। कानून का राज स्थापित करने के लिए बलिदान हुए सुनील कुमार को मैं नमन करता हूं। इसके साथ ही यूपी पुलिस को इसके लिए बधाई देता हूं। तमाम कर्मियों को राष्ट्रपति पदक मिले है। हम सब अपने अपने क्षेत्र में देश को आगे बढ़ाने का काम करेंगे। स्वाधीनता दिवस के अवसर पर दिवस की बधाई मंगल मय शुभकानाएं देता हूं।

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