उत्तर प्रदेश में फिल्म Godaan को किया गया टैक्स फ्री, फिल्म गो सरंक्षण पर आधारित
Film Godaan: गोहत्या पर सीएम योगी आदित्यनाथ ने सख्त कानून लागू किया था और उनकी सरकार में ही गोहत्या पर एनएसए लगाने का प्रविधान भी हुआ था। ...और पढ़ें

फिल्म गोदान की यूनिट के साथ मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ
HighLights
गौ सेवा को संकल्पित मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का फैसला
उत्तर प्रदेश में गोहत्या पर एनएसए लगाने का प्रविधान
मुख्यमंत्री योगी ने गोसेवा-गोरक्षा की नीति को बताया सरकार की प्राथमिकता
राज्य ब्यूरो, जागरण, लखनऊ : गायों की रक्षा पर बनी फिल्म 'गोदान' शुक्रवार को सिनेमाघरों में रिलीज हुई है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने फिल्म को उत्तर प्रदेश में टैक्स फ्री करने का फैसला किया।
गो संरक्षण पर आधारित फिल्म गोदान के रिलीज के दिन भले ही कई मौलाना ने फिल्म का विरोध किया है और सेंसर बोर्ड से इस पर बैन लगाने की मांग की है, लेकिन मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने फिल्म को उत्तर प्रदेश में टैक्स फ्री कर दिया है। गो सेवा व गोरक्षा के लिए संकल्पित मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने ही प्रदेश में गोवध निवारण (संशोधन) कानून को पारित कराया था। गोहत्या पर सीएम योगी आदित्यनाथ ने सख्त कानून लागू किया था और उनकी सरकार में ही गोहत्या पर एनएसए लगाने का प्रविधान भी हुआ था।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गो संरक्षण पर आधारित फिल्म ‘गोदान’ को प्रदेश में टैक्स फ्री कर दिया है। यह फिल्म भारतीय संस्कृति में गाय, पंचगव्य के महत्व को लेकर बनी है। शुक्रवार को ही यह फिल्म रिलीज भी हो गई। मुख्यमंत्री ने कहा कि यह फिल्म समाज में गोवंश संरक्षण के प्रति जागरूकता बढ़ाने का कार्य करेगी।
मुख्यमंत्री लंबे समय से गो सेवा और गोरक्षा को सरकार की प्राथमिकता बताते हुए इसके लिए संकल्पित रहे हैं। उनके नेतृत्व में उत्तर प्रदेश में गोवध निवारण (संशोधन) कानून को और अधिक सख्त बनाया गया, ताकि गोहत्या पर प्रभावी रोक लगाई जा सके। गोहत्या जैसे संगीन अपराधों पर राष्ट्रीय सुरक्षा कानून (एनएसए) लगाने का भी प्रविधान किया गया है। गो संरक्षण केवल आस्था का विषय नहीं, बल्कि सामाजिक और आर्थिक व्यवस्था से भी जुड़ा है। टैक्स फ्री किए जाने से ‘गोदान’ फिल्म अधिक से अधिक दर्शकों तक पहुंचेगी और गोवंश के संरक्षण को लेकर सकारात्मक संदेश देगी। सरकार का मानना है कि इस तरह की फिल्में समाज में संवेदनशील विषयों पर जनजागरूकता बढ़ाने में अहम भूमिका निभाती हैं और जनसामान्य को सरकारी प्रयासों से जोड़ने का माध्यम बनती हैं।
फिल्म के निर्माता विनोद चौधरी ने 31 जनवरी को मुख्यमंत्री से भेंट कर फिल्म की विषयवस्तु, उद्देश्य और सामाजिक संदेश के संबंध में जानकारी दी थी। मुख्यमंत्री की उपस्थिति में फिल्म का ट्रेलर लांच किया गया था। उन्होंने मुख्यमंत्री से इस फिल्म को टैक्स फ्री करने का अनुरोध भी किया था।
गौमाता पर आधारित पहली फिल्म ‘गोदान’ शुक्रवार को सिनेमाघरों में रिलीज हो गई। गौमाता को समर्पित और भारतीय संस्कृति व सनातन धर्म के मूल्यों को वैज्ञानिक दृष्टिकोण के साथ प्रस्तुत करती फिल्म अब उत्तर प्रदेश के सिनेमाघरों में टैक्स फ्री की गई है। इस फिल्म में यह दिखाया गया है कि किस प्रकार वैज्ञानिक तरीकों से गौमाता मानव जीवन के लिए उपयोगी और आवश्यक है।
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यह फिल्म देश के युवाओं को गौमाता की उपयोगिता और महत्व को समझाने की दिशा में एक सराहनीय पहल है। फिल्म यह संदेश देती है कि अपनी जड़ों से जुड़कर व्यक्ति को आत्मिक संतुष्टि प्राप्त होती है। कहानी को और अधिक प्रभावशाली बनाने के लिए इसमें कई सच्ची घटनाओं को भी शामिल किया गया है। ‘गोदान’ मनोरंजन प्रदान करने के साथ ही गंभीर सामाजिक और आध्यात्मिक संदेश भी देती है।
गायों की रक्षा पर बनी फिल्म 'गोदान' छह फरवरी को सिनेमाघरों में रिलीज हुई है और फिल्म को विरोध का सामना करना पड़ रहा है। 'गोदान' फिल्म में गायों की रक्षा और गायों के महत्व को दिखाया गया है। इसके साथ ही गायों की तस्करी को मार्मिक तरीके से दिखाने पर फिल्म के कुछ दृश्यों का विरोध किया जा रहा है। आरोप लगाया गया है कि कुछ दृश्य खास समुदाय को निशाना बनाते हैं। मौलाना चौधरी इब्राहिम हुसैन के साथ मौलाना इशाक साहब ने फिल्म का विरोध किया है।