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    अलीगंज अग्निकांड: अवैध निर्माण पर गरज रहा LDA का बुलडोजर, 30 दिन की मोहलत मांगने के बीच कार्रवाई जारी

    Updated: Sat, 25 Jul 2026 10:31 AM (IST)

    अलीगंज अग्निकांड से जुड़े अवैध भवन का केवल 25% हिस्सा ही तोड़ा जा सका है। भवन स्वामी के भाई ने एलडीए से इसे पूरी तरह गिराने के लिए 30 दिन का अतिरिक्त ...और पढ़ें

    HighLights

    1. अवैध भवन का केवल 25% हिस्सा ही तोड़ा गया।

    2. एलडीए से 30 दिन का अतिरिक्त समय मांगा गया।

    3. अलीगंज अग्निकांड में 15 लोगों की मौत हुई थी।

    जागरण संवाददाता, लखनऊ। अलीगंज अग्निकांड के अवैध भवन का अभी 25 प्रतिशत हिस्सा ही तोड़ा जा सका है। भवन स्वामी के भाई अधिवक्ता राजेंद्र शुक्ल ने एलडीए उपाध्यक्ष को पत्र भेजकर 30 दिन का और समय मांगा है, ताकि अवैध भवन को ढहाया जा सके। एलडीए की ओर से जारी नोटिस की अवधि शनिवार को पूरी हो रही है, इसके बाद प्रवर्तन टीम मौके का निरीक्षण करके अगला निर्णय लेगी। यह भी संभव है कि एलडीए ही शेष भवन को ढहाए।

    अलीगंज के सेक्टर डी में भवन संख्या एमएस-102 में 22 जून को भीषण अग्निकांड हुआ था, 15 लोगों की मौत और नौ लोग घायल हो गए थे। आवास के नक्शे पर बने अवैध व्यावसायिक भवन स्वामी वीरेंद्र शुक्ल को जेल में ही नोटिस तामील कराई गई थी।

    सात जुलाई से एलडीए के विहित न्यायालय में प्रकरण की सुनवाई शुरू हुई। भवन स्वामी ने जवाब देने के लिए दो बार समय मांगा था तब एक-एक दिन का समय दिया गया था। 10 जुलाई को एलडीए के विहित न्यायालय ने आदेश दिया था कि भवन स्वामी 15 दिन में अवैध भवन को ढहा दे अन्यथा एलडीए इसे ध्वस्त करेगा और इस कार्य में होने वाला खर्च भी भवन स्वामी से वसूला जाएगा।

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    अधिवक्ता राजेंद्र शुक्ल ने बताया, 20 जुलाई से भवन तोड़ने की प्रक्रिया शुरू किया था, लेकिन अलीगंज पुलिस ने रोक दिया था, 21 जुलाई से परिसर का अवैध हिस्सा तोड़ा जा रहा है। चार दिन में केवल 25 प्रतिशत हिस्सा की तोड़ा जा सका है।

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    ऐसे में एलडीए उपाध्यक्ष को पत्र भेजकर अनुरोध किया है कि पूरा परिसर गिराने के लिए 30 दिन का और समय दिया जाए। राजेंद्र ने बताया, भवन का बेसमेंट बंद कर दिया है और तीसरी मंजिल को तोड़ा जा चुका है।