यूपी कांग्रेस चलाएगी ‘चंदा चोरी के खिलाफ चौपाल’ और ‘छात्रों की गूंज’ अभियान, संगठन को मजबूत करने की तैयारी
उत्तर प्रदेश कांग्रेस कमेटी ने पार्टी के जनाधार को मजबूत करने के लिए 'जनसंवाद' कार्यक्रम चलाने का निर्णय लिया है। इसके तहत 'चंदा चोरी के खिलाफ चौपाल' और 'छात्रों की गूंज' अभियान चलाए जाएंगे।

कांग्रेस चलाएगी ‘चंदा चोरी के खिलाफ चौपाल’ और ‘छात्रों की गूंज’ अभियान।
HighLights
कांग्रेस चलाएगी 'चंदा चोरी के खिलाफ चौपाल' अभियान।
राम मंदिर चंदे में कथित गड़बड़ी पर उठाएगी सवाल।
छात्रों और युवाओं के मुद्दों पर 'छात्रों की गूंज' कार्यक्रम।
राज्य ब्यूरो, लखनऊ। कांग्रेस कार्यसमिति में लिए गए निर्णयों के अनुपालन में प्रदेश कांग्रेस कमेटी ने पार्टी के जनाधार को जमीनी स्तर पर मजबूत करने के लिए जनसंवाद कार्यक्रम चलाने का निर्णय लिया है। प्रदेश कांग्रेस मुख्यालय की ओर से जिला व शहर अध्यक्षों, वर्तमान एवं पूर्व सांसद-विधायकों और ब्लॉक स्तर के पदाधिकारियों को बड़े पैमाने पर कार्यक्रम आयोजित करने के निर्देश दिए गए हैं।
कांग्रेस के मीडिया विभाग के अध्यक्ष डॉ. सीपी राय ने बताया कि कांग्रेस कार्यसमिति ने राम मंदिर निर्माण के लिए प्राप्त चंदे और दान में कथित गड़बड़ी व भ्रष्टाचार के आरोपों पर गंभीर चिंता जताई है।
कांग्रेस इस मुद्दे को जनता के बीच ले जाने के लिए ‘चंदा चोरी के खिलाफ चौपाल’ आयोजित करेगी। ये कार्यक्रम जिला और ब्लाक मुख्यालयों के अलावा महत्वपूर्ण कस्बों में होंगे।
कांग्रेस का कहना है कि श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट की घोषणा प्रधानमंत्री ने फरवरी 2020 में की थी। ऐसे में पार्टी प्रधानमंत्री और भाजपा से राम मंदिर के नाम पर एकत्र चंदे से जुड़े सवालों का जवाब मांगने का अभियान चलाएगी।
पार्टी के परिपत्र में सभी जिलों के प्रमुख शहरों, कस्बों और शैक्षणिक केंद्रों, विशेष रूप से विश्वविद्यालयों, महाविद्यालयों, कोचिंग संस्थानों तथा प्रतियोगी परीक्षा केंद्रों के आसपास कार्यक्रम आयोजित करने के निर्देश दिए गए हैं।
कांग्रेस का कहना है कि इन कार्यक्रमों के जरिए युवाओं और छात्रों की शिक्षा, रोजगार तथा प्रतियोगी परीक्षाओं से जुड़ी समस्याओं को उठाया जाएगा।
कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष अजय राय ने जिला और शहर कमेटियों के साथ सभी फ्रंटल संगठनों, विभागों, प्रकोष्ठों तथा वरिष्ठ कांग्रेस नेताओं से अभियान में सक्रिय भागीदारी का आह्वान किया है।
उन्होंने कहा कि कार्यक्रम केवल पार्टी कार्यालयों तक सीमित नहीं रहने चाहिए, बल्कि स्थानीय नागरिकों और विभिन्न समुदायों की भागीदारी के साथ इन्हें वास्तविक जनसंवाद का रूप दिया जाए। कांग्रेस का लक्ष्य इन अभियानों के माध्यम से आगामी चुनावी माहौल से पहले जनता, छात्रों और युवाओं के बीच अपनी सक्रियता बढ़ाना है।
