Awas Vikas Parishad: उत्तर प्रदेश आवास एवं विकास परिषद की मेगा ई-नीलामी ने विजयदशमी पर रचा इतिहास
Uttar Pradesh Awas Evm Vikas Parishad सरकार के प्रभावी प्रचार-प्रसार व तकनीकी पारदर्शिता के कारण निवेशकों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और प्रतिस्पर्धात्म ...और पढ़ें

HighLights
- रियल एस्टेट क्षेत्र में योगी आदित्यनाथ सरकार का नया कीर्तिमान
- मेगा ई-नीलामी में 992 संपत्तियों की बिक्री से 1168.43 करोड़ रुपये की आय संभावित
- ई-नीलामी में लखनऊ, कानपुर, आगरा समेत सात जिलों की संपत्तियां शामिल
- प्रक्रिया ऑनलाइन व पारदर्शी होने से बढ़ा निवेशकों का भरोसा, ई-नीलामी में जमकर लिया हिस्सा
- विकास कार्यों और जनता के लिए किफायती आवास उपलब्ध कराने में किया जाएगा धन का उपयोग
राज्य ब्यूरो, जागरण, लखनऊ: उत्तर प्रदेश आवास एवं विकास परिषद ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कुशल नेतृत्व में विजयदशमी पर ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल की है। परिषद ने 30 सितंबर को आयोजित मेगा ई-नीलामी ने रियल एस्टेट क्षेत्र में नया कीर्तिमान स्थापित किया है। नीलामी के माध्यम से परिषद को लगभग 1168.43 करोड़ रुपये की आय प्राप्त होने की संभावना है, जो अब तक की सबसे बड़ी उपलब्धियों में से एक है।
मेगा ई-नीलामी में लखनऊ, कानपुर, आगरा, अलीगढ़, मुरादाबाद, गाजियाबाद और कासगंज आदि जिलों में कुल 992 संपत्तियों (391 आवासीय और 601 अनावासीय) को प्रस्तावित किया गया था। इनमें व्यावसायिक भूखंड, ग्रुप हाउसिंग प्लॉट्स, संस्थागत भूखंड, और आईटी सिटी प्लॉट्स के साथ-साथ आवासीय संपत्तियां शामिल थीं। नीलामी की पूरी प्रक्रिया को ऑनलाइन और पारदर्शी तरीके से संपन्न किया गया। पंजीकरण प्रक्रिया 18 सितंबर 2025 से शुरू होकर डिजिटल ऑक्शन पोर्टल के माध्यम से सुगम बनाई गई थी।
सरकार के प्रभावी प्रचार-प्रसार व तकनीकी पारदर्शिता के कारण निवेशकों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और प्रतिस्पर्धात्मक बोलियां लगाईं। इस नीलामी में निवेशकों का भारी उत्साह न केवल परिषद की विश्वसनीयता को मजबूत किया है, बल्कि प्रदेश में निवेश के अनुकूल माहौल को भी दर्शाता है। मेगा ई-नीलामी से प्राप्त होने वाली 1168.43 करोड़ रुपये की संभावित आय का उपयोग परिषद नई आवासीय योजनाओं, आधारभूत संरचना विकास और जनता को किफायती आवास उपलब्ध कराने में करेगा।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश ने पारदर्शी प्रशासन और निवेश-अनुकूल नीतियों का असर साफ दिख रहा है। यह वजह है कि योगी सरकार ने रियल एस्टेट क्षेत्र में नए आयाम स्थापित किए हैं। यह मेगा ई-नीलामी न केवल परिषद की लोकप्रियता का प्रतीक है, बल्कि प्रदेश में आर्थिक समृद्धि और विकास के नए द्वार खोलने वाली है। विजयदशमी के अवसर पर प्राप्त यह उपलब्धि योगी सरकार की प्रतिबद्धता और जनकल्याणकारी योजनाओं की सफलता का एक और उदाहरण है। यह नीलामी न केवल परिषद के लिए, बल्कि पूरे उत्तर प्रदेश के लिए एक गौरवपूर्ण क्षण है, जो राज्य की आर्थिक सुदृढ़ता को नई दिशा प्रदान करेगा।
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उत्तर प्रदेश में निवेशकों का बढ़ रहा विश्वास
नीलामी न केवल परिषद की आम जनमानस एवं निवेशकों के बीच लोकप्रियता एवं विश्वास का प्रतीक है, बल्कि प्रदेश में निवेश वातावरण को और अधिक प्रोत्साहन देने वाली है। इससे यह भी स्पष्ट होता है कि सरकारी आवासीय / अनावासीय योजनाएं अब निवेशकों के लिए सुरक्षित और भरोसेमंद विकल्प बन चुकी हैं। इस प्रकार उत्तर प्रदेश आवास एवं विकास परिषद द्वारा विजयदशमी के अवसर पर संपन्न कराई गई यह मेगा ई-नीलामी आर्थिक दृष्टि से ऐतिहासिक सफलता है, जिससे संभावित 1168 करोड़ रुपये की आय परिषद और प्रदेश दोनों की आर्थिक सुदृढ़ता को नई दिशा देने में सहायक सिद्ध होगी।