बलिदानी इंस्पेक्टर सुनील कुमार को मरणोपरांत कीर्ति चक्र, एडीजी भानु भास्कर ने परिवार से की मुलाकात
एडीजी भानु भास्कर ने बलिदानी इंस्पेक्टर सुनील कुमार के परिवार से मुलाकात की, जिन्हें अदम्य साहस के लिए मरणोपरांत कीर्ति चक्र से सम्मानित किया गया है। यह सम्मान उत्तर प्रदेश पुलिस के इतिहास में पहली बार किसी पुलिसकर्मी को मिला है, जिससे पूरे पुलिस परिवार में गर्व का माहौल है।

बलिदानी के घर पहुंचे एडीजी व अन्य।
HighLights
इंस्पेक्टर सुनील कुमार को मरणोपरांत कीर्ति चक्र सम्मान
एडीजी भानु भास्कर ने बलिदानी के परिवार से मुलाकात की
यूपी पुलिस के इतिहास में पहला कीर्ति चक्र सम्मान
जागरण संवाददाता, मेरठ। एसटीएफ के बलिदानी इंस्पेक्टर सुनील कुमार को अदम्य साहस और बलिदान के लिए स्वतंत्रता दिवस पर कीर्ति चक्र-वीरता पुरुस्कार सम्मान मिल है। एडीजी मेरठ जोन भानु भास्कर शनिवार को गांव मसूरी पहुंचे और बलिदानी इंस्पेक्टर की पत्नी मुनेश व बेटे मंजीत और स्वजन से मिले और पुष्पगुच्छ व शाल भेंट किया।
एडीजी ने कहा कि सूबे में पुलिस के लिए यह पहला सम्मान है। हालांकि इस दौरान आंखें नम हो गईं। एसपी शामली नरेंद्र प्रताप सिंह, एसपी देहात मेरठ अभिजीत कुमार, एसटीएफ के एएसपी बृजेश सिंह समेत अन्य भी पहुंचे।
एक लाख के इनामी बदमाश से हुई थी मुठभेड़
जनपद शामली चौसाना चौक पर 20 जनवरी 20ृृ25 को एसटीएफ की टीम से ब्रेजा कार सवार सहारनपुर के एक लाख रुपये के इनामी बदमाश अरशद व उसके साथियों से मुठभेड़ हो गई थी। इस मुठभेड़ में बदमाशों ने कार रोकने की बजाए ऑटोमेटिक हथियारों से फायरिंग कर दी। इस घटना में एसटीएफ के इंस्पेक्टर सुनील कुमार को गोली लगी थी। इसके बावजूद उन्होंने हिम्मत नहीं हारी और साहस दिखाते हुए बदमाश अरशद, हरियाणा के सोनीपत निवासी मंजीत उर्फ ढिल्ला उर्फ जुबैर व एक अन्य को भागने नहीं दिया।
सुनील कुमार ने साहस दिखाते हुए गोली लगने के बावजूद मौके के भाग रहे बदमाश सतीश को मार गिराया था। इंस्पेक्टर सुनील कुमार वीरगति को प्राप्त हुए थे। देश और प्रदेश की सुरक्षा के लिए उनके अदम्य साहस और सर्वोच्च बलिदान को देखते हुए स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर उन्हें मरणोपरांत कीर्ति चक्र प्रदान करने की घोषणा की गई।
बलिदानी के घर पहुंचे एडीजी भानु भास्कर
शनिवार को एडीजी भानु भास्कर बलिदानी निरीक्षक सुनील कुमार के घर पहुंचे। जहां उनकी पत्नी मुनेश व बेटे मंजीत से मिले और बलिदानी को नमन किया। एडीजी भानु भास्कर ने कहा कि उत्तर प्रदेश के इतिहास में पहली बार किसी पुलिसकर्मी को कीर्ति चक्र जैसे प्रतिष्ठित सम्मान से नवाजा गया है। यह पूरे उत्तर प्रदेश पुलिस परिवार के लिए गौरव की बात है। इंस्पेक्टर सुनील कुमार ने कर्तव्य निभाते हुए जिस अदम्य साहस का परिचय दिया, वह आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणास्रोत रहेगा। कीर्ति चक्र वीरता पुरुस्कार से मिलने वाली सुविधाओं के बादे में बताया। परिवार के लिए यह सम्मान गर्व के साथ-साथ भावुक कर देने वाला क्षण रहा।
स्वजन ने कहा कि सुनील कुमार ने देश और समाज की सुरक्षा के लिए अपना जीवन न्योछावर कर दिया। उनका बलिदान हमेशा याद रखा जाएगा। एसपी शामली नरेंद्र प्रताप सिंह और एसपी देहात मेरठ अभिजीत कुमार भी बलिदानी के परिवार से मिले और सम्मान किया।
जनप्रतिनिधि भी बलिदानी के घर पहुंचे
भाजपा के पूर्व प्रदेशाध्यक्ष एवं राज्यसभा सदस्य लक्ष्मीकांत वाजपेयी व जलशक्ति राज्यमंत्री दिनेश खटीक, मंत्री सोमेंद्र तोमर, पूर्व विधायक संगीत सोम, पूर्व विधायक सत्यवीर त्यागी भी बलिदानी के स्वजन से मिले और सम्मान किया।

