यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jan 30, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Noida International Airport: नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट का काम जोरों पर, रूस से आएगा ये जरूरी उपकरण
नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट (Noida International Airport) के लिए समय से रडार उपलब्ध होने की संभावना बन गई है। एयरपोर्ट के लिए रूस से रडार मंगाया जा सकता ...और पढ़ें

जागरण संवाददाता, ग्रेटर नोएडा। नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट (Noida International Airport) के लिए समय से रडार उपलब्ध होने की संभावना बन गई है। एयरपोर्ट के लिए रूस से रडार मंगाया जा सकता है। भारत पहुंचने पर भारतीय विमानपत्तन प्राधिकरण इसे लगाने का काम करेगा।
दिसंबर में नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट की निर्माण साइट का निरीक्षण करने पहुंचे मुख्य सचिव डीएस मिश्रा ने रडार की आपूर्ति समय से सुनिश्चित करने के निर्देश दिए थे।
उपकरण लगाने का काम शुरू
नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर उपकरण लगाने का काम शुरू हो चुका है। फरवरी से ट्रायल और अक्टूबर में यात्री सेवाओं की शुरुआत हो जाएगी, लेकिन एयरपोर्ट पर रडार को लेकर पेच फंसा हुआ था। भारतीय विमान पत्तन प्राधिकरण ने नोएडा एयरपोर्ट पर रडार की आपूर्ति के लिए निविदा निकाली थी, लेकिन किसी कारणवश यह निविदा रद हो गई।
ऐसे में दिसंबर से पहले रडार की आपूर्ति सुनिश्चित न होने के कारण उड़ान सेवा सीमित रहने की संभावना बन गई। लेकिन
एयरपोर्ट साइट पर हुई बैठक
दिसंबर में नोएडा एयरपोर्ट साइट पर संयुक्त समन्वय समिति की बैठक के दौरान मुख्य सचिव डीएस मिश्रा ने एएआई को निर्देश दिया था कि वह एयरपोर्ट के लिए समय से रडार की आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए उचित कदम उठाए। अन्य विकल्प भी तलाश करें।
मुख्य सचिव के निर्देश के बाद रडार की आपूर्ति दिसंबर से पहले होने की संभावना है। नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट लि. (NIAL) के नोडल अफसर शैलेंद्र भाटिया का कहना है कि रडार के लिए निविदा प्रक्रिया चल रही है। रडार की आपूर्ति होने तक आटोमेटिक डिपेंडेंट सर्विलांस ब्राडकास्ट इक्यूपमेंट की मदद से उड़ान सेवा का संचालन होगा।
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शुरुआत में 65 उड़ान सेवा होंगी उपलब्ध
नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट से शुरुआत में 65 उड़ान सेवा उपलब्ध होंगी। इसमें दो अंतरराष्ट्रीय उड़ान व शेष घरेलू व कार्गो उड़ान शामिल हैं। एयरपोर्ट पर रनवे व टर्मिनल बिल्डिंग का काम अंतिम चरण में है। एयर ट्रैफिक कंट्रोल टावर का सिविल कार्य पूरा हो चुका है। केबिन में शीशे लगाने के बाद उपकरण लगाने का काम होगा।