'हाईटेक' नोएडा का बुरा हाल! आफत की बारिश से सड़कें बनीं तालाब, जलभराव से थमी वाहनों की रफ्तार
नोएडा में बुधवार और गुरुवार को हुई भारी बारिश से शहर में व्यापक जलभराव और बिजली कटौती हुई, जिससे निवासियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। ...और पढ़ें
HighLights
नोएडा में आफत बनी बारिश, सड़कें बनीं तालाब
सड़कें तालाब में बदलीं, ड्रेनेज व्यवस्था की पोल खुली
वाहनों की रफ्तार धीमी, कई इलाकों में घंटों बिजली गुल
जागरण संवाददाता, नोएडा। हाईटेक सिटी नोएडा में बुधवार और गुरुवार को हुई बारिश निवासियों के लिए आफत बनी और सफाई-ड्रेनेज व्यवस्था की पोल खुल गई। जलभराव से शहर की कई सड़कें तालाब में तब्दील हो गई।
नोएडा के बरौला गांव, सेक्टर 38 ए, सेक्टर-62 और सेक्टर-63 में सड़कों पर हुए जलभराव ने लोगों की परेशानी बढ़ाई।

नोएडा सेक्टर 38 ए के पास सड़क पर हुआ जलभराव।
नोएडा में हर साल बारिश में यही हाल होता है। सड़कें तालाब बन जाती हैं और नोएडा प्राधिकरण के अधिकारी व ठेकेदारों की मिलीभगत से सफाई-ड्रेनेज के नाम पर खर्च हुए करोड़ों का बजट भी कहीं नजर नहीं आता है।

नोएडा के बरौला गांव के हालात, रास्ते में जमा पानी।
जलभराव ने रोकी वाहनों की रफ्तार
दो दिन की बारिश से लोगों को उमस भरी गर्मी से राहत तो मिली, लेकिन जगह-जगह जलभराव ने परेशानी बढ़ा दी। बुधवार को सुबह से कहीं झमाझम तो कहीं बौछारों से पूरा शहर भीगता रहा। बीते 24 घंटे में 151.5 एमएम से अधिक बारिश ने लोगों की परेशानी बढ़ा दी।

सेक्टर-76 के पास सड़क पर भरे वर्षा के पानी के बीच जाते वाहन। जागरण
दोपहर तक हुई झमाझम बारिश ने लोगों की घरों की बिजली गुल कर दी। कई कार्यालयों और स्कूल के रास्ते पर जलभराव होने से ऑफिस और स्कूल के अंदर पहुंचने में दिक्कतों का सामना करना पड़ा। इस सीजन में अधिक बारिश दर्ज की गई। वहीं वर्ष 2025 में 350.3 एमएम बारिश दर्ज की गई थी। अधिक बारिश होने से नोएडा के कई सेक्टरों में जलभराव होने से परेशानी हुई।
सेक्टर 71, 62, 41, 40, 105, 52 सहित कई सेक्टरों में बारिश हुई। जलभराव होने से वाहनों की रफ्तार पर रोक लगाई तो वहीं कई सेक्टरों में नाले उफान पर आ गए इससे लोगों के घरों में भी पानी भरा, नाले का पानी बहने से लोगों को गली से निकलने में काफी परेशानी हुई।
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सेक्टर-46 के पास सड़क पर भरे वर्षा के पानी के बीच जाता बाइक सवार। जागरण
इसके साथ ही पूरे दिन फुहारें चलते रहने से मौसम को खुशनुमा बना रहा। घर से लोग छाता और रेनकोट पहनकर निकले। लगातार हो रही फुहारों से अधिकतम तापमान 32 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 25.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ। दिन और रात के तापमान में गिरावट होने से एसी और कूलर की जरूरत कम महसूस होने लगी है।

मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार, 10 जुलाई को बूंदाबांदी के आसार हैं। वहीं 11 से 14 जुलाई से बादल छाए रहने के साथ धूप की किरणें उमस भरी गर्मी से परेशान करेगी। 10 जुलाई तक दिन और रात के तापमान में कमी रहेगी लेकिन 11 से मौसम साफ होने और धूप निकलने से फिर से दिन और रात के तापमान में बढ़ोतरी होगी। बारिश की ठंडक के बाद एक बार फिर गर्मी परेशान करेगी।
बारिश से बिगड़ी बिजली व्यवस्था, सात घंटे गुल रही बिजली
बारिश से शहर की बिजली व्यवस्था भी बिगड गई। सात घंटे तक बिजली न रहने की वजह से उपभोक्ताओं को गर्मी का सामना करना पड़ा। जगह-जगह जलभराव के साथ बिजली के खंभे तिरछे हो गए, जबकि कई स्थानों पर पेड़ों की टहनियां बिजली की लाइनों पर गिरने से फॉल्ट हो गया।
सुरक्षा के लिहाज से कई इलाकों में बिजली आपूर्ति बंद करनी पड़ी, जिससे लोगों को घंटों परेशानी झेलनी पड़ी। सेक्टर-22 निवासी राकेश शर्मा ने बताया कि सुबह से कई बार बिजली गई। हर बार कुछ देर बाद आपूर्ति बहाल हुई लेकिन थोड़ी देर में फिर कटौती हो गई। इससे घर का पूरा काम प्रभावित रहा। सेक्टर-71, 49, 73, 122, 12, 5, 150, 149 समेत कई सेक्टरों में बिजली की स्थिति खराब रही।
बारिश की वजह से पेड़ों की टहनियां टूटने से कई सेक्टरों की बिजली उड़ गई। सेक्टर 104 में सर्विस लेन में लगे पेड़ की टहनियां कई जगहों पर गिर गई। पेड़ की टहनियां टूटते ही लाइनों में चिंगारी उठकर बिजली बाधित हो गई। ऐसे ही सेक्टर 55 में बिजली तारों पर पेड़ गिर गया।
पिछले पांच सालों में हुई औसत बारिश
वर्ष - बारिश एमएम में
- 2021 - 450
- 2022 - 478
- 2023 -299
- 2024 -290.70
- 2025 - 350.3