यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Oct 08, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Indian Air Force Day: एयरफोर्स डे के दिन आज लिखी जाएगी नई इबारत, 72 वर्ष बाद वायु सेना को मिलेगा नया ध्वज
Air Force Day नया ध्वज भारतीय वायु सेना के मूल्यों को बेहतर ढंग से प्रकट करेगा। नए ध्वज में शीर्ष पर राष्ट्रीय प्रतीक अशोक की लाट पर सिंह अंकित है और ...और पढ़ें

HighLights
- मध्य वायु कमान के संग्रहालय में रखा जाएगा पुराना झंडा
- स्वतंत्रता के बाद 1951 में वायु सेना का ध्वज बनाया गया था।
जागरण संवाददाता, प्रयागराज। वायु सेना की 91वीं वर्षगांठ पर रविवार को एक और नया अध्याय जुड़ने जा रहा है। आठ अक्टूबर को वायुसेना का झंडा बदला जाएगा। यह बदलाव 72 वर्ष बाद किया जा रहा है। वायु सेना अध्यक्ष चीफ एयर मार्शल वीआर चौधरी परेड के दौरान झंडा बदलने के साथ वायु योद्धाओं को शपथ भी दिलाएंगे।
1951 में वायु सेना का ध्वज बनाया गया था
झंडे को उतारने के बाद मध्य वायु कमान के संग्रहालय में उसे सुरक्षित रखा जाएगा। इससे पहले भारतीय नौसेना के झंडे में भी बदलाव किया जा चुका है। स्वतंत्रता के बाद 1951 में वायु सेना का ध्वज बनाया गया था। वर्तमान ध्वज नीले रंग का है। इसमें ऊपर बाएं कोने पर तिरंगा है, जबकि दाएं कोने पर नीचे वायु सेना का गोल निशान है।
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गोल आकृति को हटाया गया है जो अंग्रेजों के दौर में भी थी। इसे हटाकर भारत को प्रतिबिंबित करने वाला ध्वज बनाया गया है। नया ध्वज भारतीय वायु सेना के मूल्यों को बेहतर ढंग से प्रकट करेगा। नए ध्वज में शीर्ष पर राष्ट्रीय प्रतीक अशोक की लाट पर सिंह अंकित है और उसके नीचे देवनागरी में सत्यमेव जयते शब्द है। सिंह के नीचे हिमालयी ईगल है, जिसके पंख फैले हुए हैं, जो भारतीय वायुसेना के युद्ध के गुणों को दर्शाता है।
हल्के नीले रंग का वलय हिमालयी ईगल को घेरे हुए है, जिस पर लिखा है भारतीय वायु सेना। भारतीय वायुसेना का आदर्श वाक्य 'नभ: स्पृशं दीप्तम्' (Touch The Sky With Glory) हिमालयी ईगल के नीचे देवनागरी के सुनहरे अक्षरों में अंकित है।