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    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jan 17, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    साइबर संसार में ‘सेलिब्रिटी’ बने Maha Kumbh के ये ‘किरदार’, यूट्यूब-एक्स और इंस्टाग्राम पर आई फॉलोअर्स की बाढ़

    Updated: Fri, 17 Jan 2025 08:30 PM (IST)

    Maha Kumbh 2025 महाकुंभ 2023 में सोशल मीडिया पर संतों और प्रभावशाली लोगों के रीलों और वीडियो की धूम है । हर्षा रिछारिया आइआइटियन बाबा अभय सिंह कड़े बा ...और पढ़ें

    Maha Kumbh 2025: आइआइटियन बाबा और हर्षा रिछारिया की रील हो रहीं वायरल। जागरण
    Maha Kumbh 2025: आइआइटियन बाबा और हर्षा रिछारिया की रील हो रहीं वायरल। जागरण

    HighLights

    1. साइबर संसार पर भी खूब देखने व सुनने को मिल रहा महाकुंभ का वैभव
    2. अलग-अलग रील बनाकर किया जा रहा प्रसारित

    जागरण संवाददाता, महाकुंभ नगर । Maha Kumbh 2025: संगमनगरी में बसे दिव्य और भव्य महाकुंभ का वैभव साइबर संसार पर भी खूब देखने व सुनने को मिल रहा है। कुछ संत, महात्मा, इंफ्लूएंसर से जुड़ी रील रातोंरात हिट हो गई। इंटरनेट मीडिया पर उनके व्यूवर और फालोवर इतने बढ़े कि ‘सेलिब्रिटी’ बन गए।

    यूट्यूब, एक्स, इंस्टाग्राम सहित दूसरे इंटरनेट मीडिया प्लेटफार्म पर तेजी से चर्चा हो रही है। सबसे ज्यादा हर्षा रिछारिया, आइआइटियन बाबा अभय सिंह, कड़े बाबा और खड़ेश्वरी बाबा समेत कई अन्य शामिल हैं। आइआइटीयन अभय को लेकर जहां सकारात्मक प्रतिक्रिया मिल रही है, वहीं हर्षा के बारे में मिलीजुल प्रतिक्रिया आ रही है। जबकि सनातन संस्कृति को लेकर गलत सवाल करने पर नाराजगी जताने वाले कड़े व खड़ेश्वरी बाबा को व्यापक समर्थन मिल रहा है।

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    इंटरनेट मीडिया पर इन्हें महाकुंभ का ‘पात्र’ भी पुकारा जाने लगा। इनसे जुड़े तमाम रील बनाकर इंटरनेट मीडिया पर प्रसारित किया जा रहा है, जिसे प्रतिदिन हजारों लोग लाइक और शेयर करते हुए कमेंट कर रहे हैं।

    छह से बढ़कर 10 लाख हुए हर्षा के फालोवर

    इंस्टाग्राम पर रील बनाने वाली हर्षा रिछारिया महाकुंभ मेले में आने के बाद साध्वी के भेष में रहने लगी। कुछ लोगों ने उन्हें साध्वी समझकर साक्षात्कार भी किया। इसके बाद उनकी बातचीत, महाकुंभ में आगमन से लेकर पुराने वीडियो तेजी से प्रसारित हुए। लगभग आठ दिनों में उनके फालाेवर छह लाख से बढ़कर 10 लाख से ज्यादा हो गए। शुक्रवार को इंटरनेट मीडिया पर हर्षा के रोने और महाकुंभ छोड़ने वाला वीडियो भी इंटरनेट मीडिया पर खूब प्रसारित हुआ।

    आइआइटियन बाबा के नाम से मिली ख्याति

    आइआइटी मुंबई से पढ़ाई करने वाले हरियाणा निवासी अभय सिंह को महाकुंभ मेले में आइआइटियन बाबा के नाम से ख्याति मिली। सनातन धर्म के प्रति अटूट और प्रगाढ़ रिश्ते को दर्शाते हुए वह धारा प्रवाह अंग्रेजी बोलते हैं। उनके सन्यास लेने से लेकर पारिवारिक पृष्ठभूमि को लेकर भी इंटरनेट मीडिया पर तमाम खबरें सामने आईं। उनसे जुड़े वीडियो और रील लगातार एक्स, यूट्यूब पर पसंद व शेयर किया जा रहा है।

    खबरें और भी

    कड़े बाबा को चिमटा बाबा का मिला नाम

    महाकुंभ में आए कड़े बाबा द्वारा एक यूट्यूबर को चिमटा से पिटाई करने पर उन्हें चिमटा बाबा का नाम मिल गया। इसी तरह झाड़ू से मारने वाले एक नागा सन्यासी को खूब प्रसिद्धि मिली। इन दोनों ही संतों के हजारों वीडियो इंटरनेट मीडिया पर लगातार प्रसारित हो रहे हैं। उनके वीडियो पर लोग अपने-अपने तरह से कमेंट कर रहे हैं। कुछ ने यहां तक लिखा कि महाकुंभ में गलत सवाल पूछने वालों की खैर नहीं होगी।

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    अखाड़ों और मठों का विराट वैभव छाया

    महाकुंभ में अखाड़ों, मठों का विराट वैभव भी इंटरनेट मीडिया पर छाया हुआ है। उनके शिविरों, आतिथ्य सत्कार, सनातन संस्कृति और गंगा-यमुना की प्रवाह को लेकर भी लगातार पोस्ट हो रहे हैं। महामंडलेश्वरों और संतों की वाणियों को टैग लाइन देते हुए एक्स से लेकर यूट्यूब तक वीडियो शेयर किया जा रहा है। इसके अलावा अलग-अलग छवि व विधाओं के संतों से जुड़ी रील और वीडियो लगातार शेयर किए जा रहे हैं।

    नागा संन्यासियों को लेकर लिख रहे पोस्ट

    विश्व प्रसिद्ध संगम नगरी में चर्चा केंद्र में नागा संन्यासी भी हैं। माइक्राे ब्लागिंग साइट एक्स पर यूजर्स नागा संन्यासियों पर पोस्ट लिख रहे हैं। नागा संन्यासियों के महात्म, तपस्या, विश्व कल्याण के लिए तप और जीवन शैली से जुड़ी तमाम जानकारियां शेयर की जा रही है। पोस्ट के साथ फोटो भी साझा करते हुए महाकुंभ की ख्याति को और ऊंचाई प्रदान की जा रही है। यह क्रम इंटरनेट मीडिया यानी आभासी दुनिया पर अनवरत जारी है।