Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    प्रयागराज में फर्जी आधार कार्ड गैंग के मास्टरमाइंड समेत दो गिरफ्तार, अनाधिकृत रूप से आधार नामांकन एवं अपडेट करते थे

    By tara chand Edited By: Brijesh Srivastava
    Updated: Sat, 01 Aug 2026 02:34 PM (IST)

    प्रयागराज में फर्जी आधार कार्ड बनाने वाले गिरोह के मास्टरमाइंड समेत दो गिरफ्तार किए गए हैं। ये UIDAI की सुरक्षा को बायपास कर अनाधिकृत रूप से आधार नामा ...और पढ़ें

    प्रयागराज साइबर क्राइम थाना पुलिस की गिरफ्त में फर्जी आधार कार्ड गैंग सदस्य समेत मास्टरमाइंड। सौ. पुलिस

    प्रयागराज साइबर क्राइम थाना पुलिस की गिरफ्त में फर्जी आधार कार्ड गैंग सदस्य समेत मास्टरमाइंड। सौ. पुलिस

    HighLights

    1. साइबर क्राइम थाना पुलिस की कार्रवाई, कब्जे से लैपटॉप, डिवाइस, मोबाइल, आईफोन आदि बरामद 

    2. गैंग सदस्य आधार आपरेटर की UIDAI User ID व PIN का उपयोग क्लोनिंग/बायपास में करते हैं

    जागरण संवाददाता, प्रयागराज। फर्जी आधार कार्ड बनाने वाले गैंग का मास्टरमाइंड समेत दो को साइबर क्राइम थाने की पुलिस ने गिरफ्तार किया। अभियुक्तों के कब्जे से तीन लैपटाप, स्टोरेज डिवाइस, तीन एंड्रॉयड मोबाइल, एक आईफोन, चार सिम, फिंगर स्केनर, 19 चैकबुक/पासबुक/एटीएम, तीन हिसाब-किताब बुक व अन्य उपकरण बरामद किए गए।

    पुलिस के अनुसार इस गैंग के सदस्य किसी अन्य आधार आपरेटर की UIDAI User ID एवं PIN का उपयोग क्लोनिंग/बायपास तकनीक में करते हैं। इससे Any Desk/Remote Access के माध्यम से आधार प्रणाली में लागिन कर UIDAI की सुरक्षा व्यवस्था को बायपास करते हैं। इसके माध्यम से अनाधिकृत रूप से आधार नामांकन एवं आधार अपडेट का कार्य किया जाता है।

    इसका राजफाश आतंकवाद निरोधक दस्ते ने किया। साथ ही विवेक त्रिपाठी को गिरफ्तार किया। साइबर थाने में मुकदमा लिखा गया। इसके बाद जांच शुरू हुई। इसके बाद साइबर थाना प्रभारी रोहित तिवारी, इंस्पेक्टर राघवेंद्र सिंह और मोहम्मद आलमगीर ने दो आरोपितों को दबोच लिया।

    गैंग सदस्यों के अपराध का तरीका

    गिरफ्तार अभियुक्तों ने पूछताछ में पुलिस को बताया कि वर्ष 2020 से आईपीएस ई-सर्विस प्राइवेट लिमिटेड कंपनी (हमारा केन्द्र) के माध्यम से फ्रेंचाइज़ी संचालित कर निर्धारित बैंकों में आधार कार्ड ऑपरेटरों की नियुक्ति करते थे। साथ ही आधार कार्ड बनाने एवं अपडेट भी कराते थे। लगभग दो वर्ष पूर्व कंपनी का बैंकों के साथ प्राप्त अनुबंध समाप्त हो जाने के कारण आधार ऑपरेटरों की आईडी बंद हो गई। इसी दौरान आईपीएस ई-सर्विस प्राइवेट लिमिटेड कंपनी (हमारा केन्द्र) के पूर्व आधार ऑपरेटर लवकुश द्वारा उन्हें अवगत कराया गया कि कुछ व्यक्ति क्लोनिंग/बायपास तकनीक का उपयोग कर आधार संबंधी कार्य कर रहे हैं तथा इस कार्य से अच्छी आय प्राप्त हो रही है।

    खबरें और भी

    रिमोट एक्सेस से आधार आईडी एक्टिवेट करते थे 

    इसके बाद लवकुश द्वारा आधार आईडी की बायपास/क्लोनिंग करने वाले एक तकनीकी व्यक्ति (ट्रेड/टेक व्यक्ति) से उनकी बातचीत कराई गई। इस दौरान प्रति आधार आपरेटर की आईडी एक्टिवेट करने के लिए 5,000 रुपये प्रति सेशन तथा प्रति आधार बनाने/अपडेट करने के लिए अतिरिक्त 250 रुपये लेने की बात तय हुई। सहमति बनने के उपरांत व्हाट्सएप के माध्यम से आधार ऑपरेटर की AnyDesk ID मंगाई/भेजी जाती थी। इसके बाद संबंधित ऑपरेटर के कंप्यूटर सिस्टम को रिमोट एक्सेस के माध्यम से आधार आईडी एक्टिवेट कर दी जाती थी, जिसके पश्चात नए आधार कार्ड का पंजीकरण एवं आधार अपडेट का कार्य किया जाता था।

    पुलिस ने इन्हें किया गिरफ्तार

    1. लवकुश यादव पुत्र राजकुमार यादव निवासी हिरागंज पोस्ट जगापुर थाना महेशगंज जनपद प्रतापगढ़।

    2. परमात्मा शरण उर्फ विवेक पुत्र राजेश कुमार हालपता निवासी नरपत नगर करही थाना बर्रा जनपद कानपुर नगर। स्थायी पता ग्राम व पोस्ट अमौली थाना चांदपुर जनपद फतेहपुर।

    यह भी पढ़ें- देहरादून-वाराणसी जनता एक्सप्रेस के एसी कोच पर पथराव, सहमे यात्री; प्रतापगढ़ स्टेशन पर ट्रेन पहुंची तो हुई जांच

    यह भी पढ़ें- प्रयागराज के गंगापार में गला रेतकर युवक की हत्या, रेलवे ट्रैक किनारे मिला शव; दाहिने हाथ में सोरम व sk लिखा था