Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    आंधी से NCR के प्रयागराज मंडल में ट्रेनों का बिगड़ा संचालन, तीन से 14 घंटे तक विलंबित होने से यात्री परेशान

    By Digital Desk Edited By: Brijesh Srivastava
    Updated: Thu, 14 May 2026 05:28 PM (IST)

    बुधवार शाम प्रयागराज और आसपास के इलाकों में आई आंधी ने रेल यातायात को बुरी तरह प्रभावित किया, जिससे दिल्ली-हावड़ा सहित कई रेलमार्गों पर ओएचई लाइनें क् ...और पढ़ें

    थरवई रेलवे स्टेशन के पास प्रयागराज-जौनपुर रेल मार्ग पर ट्रैक पर गिरा पेड़।

    थरवई रेलवे स्टेशन के पास प्रयागराज-जौनपुर रेल मार्ग पर ट्रैक पर गिरा पेड़।

    HighLights

    1. बुधवार शाम प्रयागराज व आसपास के इलाकों में आंधी ने रेल यातायात तहस-नहस किया

    2. दिल्ली-हावड़ा व अन्य रेलमार्ग पर ओएचई लाइनें क्षतिग्रस्त, रेलट्रैक पर गिरी थी पेड़ की डालें

    जागरण संवाददाता, प्रयागराज। संगम नगरी और इसके आसपास के इलाकों में बुधवार, 13 मई को आई भीषण आंधी ने जनजीवन के साथ-साथ रेल यातायात को भी पूरी तरह तहस-नहस कर दिया। आंधी का वेग इतना तीव्र था कि दिल्ली-हावड़ा मुख्य रेल मार्ग सहित प्रयागराज मंडल के विभिन्न रूटों पर ओएचई (ओवरहेड इक्विपमेंट) लाइनें क्षतिग्रस्त हो गईं, जिससे ट्रेनों के पहिए जहां-तहां थम गए।

    20 से अधिक स्थानों पर बाधित हुआ मार्ग

    बुधवार की शाम आई आंधी के कारण उत्तर मध्य रेलवे के प्रयागराज परिक्षेत्र में व्यापक नुकसान की खबरें मिलीं। रेलवे सूत्रों के मुताबिक, प्रयागराज से जौनपुर, प्रतापगढ़ और लखनऊ जाने वाले रेल मार्गों पर 20 से अधिक स्थानों पर रेलवे ट्रैक पर बड़े पेड़ और भारी टहनियां गिर गईं। कई जगहों पर घरों और गोदामों के टीन शेड उड़कर हाई-वोल्टेज ओएचई तारों से टकरा गए, जिससे शॉर्ट सर्किट हुआ और तार टूट गए। इस तकनीकी खराबी के कारण दिल्ली-हावड़ा जैसे व्यस्ततम रूट पर दो से चार घंटे तक ट्रेनों का संचालन ठप रहा।

    घंटों ट्रैक पर खड़ी रहीं ट्रेनें

    रेलवे के तकनीकी दल ने युद्धस्तर पर मरम्मत कार्य शुरू किया और अधिकांश स्थानों पर चार घंटे के भीतर ओएचई को ठीक कर यातायात बहाल कर दिया। हालांकि, इस बीच जो ट्रेनें बीच रास्ते में अलग-अलग स्टेशनों या आउटर पर रोकी गई थीं, उनका शेड्यूल पूरी तरह बिगड़ गया। एक बार संचालन रुकने का असर यह हुआ कि ट्रेनें अपने गंतव्य तक पहुंचने में घंटों विलंबित होती चली गईं।

    प्रमुख ट्रेनों की स्थिति

    आंधी और तकनीकी खराबी की मार सबसे ज्यादा लंबी दूरी की विशेष ट्रेनों और एक्सप्रेस गाड़ियों पर पड़ी। यात्रियों को घंटों तक उमस और गर्मी के बीच ट्रेनों के चलने का इंतजार करना पड़ा। विलंबित ट्रेनों का विवरण कुछ इस प्रकार है।

    एलटीटी-प्रयागराज विशेष ट्रेन : यह ट्रेन अपने निर्धारित समय से सर्वाधिक साढ़े 14 घंटे की देरी से पहुंची।
    छपरा-सूरत विशेष ट्रेन : यह गाड़ी करीब 10 घंटे विलंबित रही।
    ब्रह्मपुत्र मेल : दिल्ली की ओर जाने वाली यह ट्रेन 7 घंटे की देरी से संचालित हुई।
    पनवेल-नई दिल्ली विशेष ट्रेन : यात्री 5 घंटे की देरी से अपने गंतव्य की ओर रवाना हो सके।
    एलटीटी-सूबेदारगंज विशेष ट्रेन : यह ट्रेन भी 3 घंटे की देरी से प्रयागराज पहुंची।
    राजधानी इसके अलावा दिल्ली-हावड़ा राजधारी एक्सप्रेस सहित दर्जन भर से अधिक अन्य ट्रेनें भी अपने निर्धारित समय से काफी पीछे चल रही हैं।

    खबरें और भी

    यात्रियों की बढ़ी मुश्किलें

    अचानक बिगड़े मौसम और रेल परिचालन में आई इस बाधा ने यात्रियों की मुसीबतें बढ़ा दी हैं। प्रयागराज जंक्शन, छिवकी और सूबेदारगंज स्टेशनों पर यात्रियों की भारी भीड़ देखी गई। पूछताछ काउंटरों पर ट्रेनों की स्थिति जानने के लिए लोगों की लंबी कतारें लगी रहीं। रेलवे प्रशासन का कहना है कि परिचालन को पूरी तरह सामान्य करने के प्रयास किए जा रहे हैं, लेकिन भारी विलंब के कारण अगले 24 घंटों तक कुछ ट्रेनों के समय में बदलाव की संभावना बनी हुई है।

    यह भी पढ़ें- Allahabad HC : वाराणसी में ज्ञानवापी परिसर स्थित वुजुखाना सर्वे मामले में अगली सुनवाई 20 जुलाई को

    यह भी पढ़ें- प्रयागराज में 1200 एकड़ में फैली इरादतगंज हवाई पट्टी से हटेगा कब्जा, पीडीए बनाएगा हाईटेक टाउनशिप